घसोई में कन्या कौशल शिविर का हुआ आयोजन, लगभग 100 कन्याओं ने उत्साहपूर्वक लिया भाग

घसोई में कन्या कौशल शिविर का हुआ आयोजन, लगभग 100 कन्याओं ने उत्साहपूर्वक लिया भाग
✍️पंकज बैरागी
घसोई (सुवासरा)। अखिल विश्व गायत्री परिवार शाखा के तत्वावधान में शासकीय हाई स्कूल घसोई में 02 अगस्त रविवार को एक दिवसीय कन्या कौशल शिविर का भव्य एवं प्रेरणादाई आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य बालिकाओं में नैतिक संस्कार, व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास, भारतीय संस्कृति के प्रति आस्था तथा सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना का विकास करना था। शिविर में क्षेत्र की 100 कन्याओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता कर विभिन्न संस्कारमूलक एवं प्रेरणादायी सत्रों का लाभ प्राप्त किया।
शिविर में बालिकाओं को गायत्री मंत्र का महत्व, उसका वैज्ञानिक एवं आध्यात्मिक आधार तथा जीवन में उसके नियमित जप से होने वाले लाभों की जानकारी दी गई। साथ ही युगऋषि पं. श्रीराम शर्मा आचार्य के प्रेरणादायी जीवन, उनके युग निर्माण अभियान, राष्ट्र एवं समाज के लिए किए गए महान कार्यों तथा उनके आदर्शों से परिचित कराया गया।
प्रशिक्षकों ने बालिकाओं को बताया कि जीवन को दिव्यता और महानता की ओर ले जाने वाली दैनिक दिनचर्या कैसी होनी चाहिए। प्रातःकाल शीघ्र उठना, प्रार्थना एवं उपासना, स्वाध्याय, समय का सदुपयोग, अनुशासित जीवन, माता-पिता एवं गुरुजनों का सम्मान, सेवा, संयम, सकारात्मक चिंतन तथा श्रेष्ठ संस्कारों को जीवन में अपनाने की प्रेरणा दी गई।
शिविर में भारत की महान वीरांगनाओं जैसे रानी लक्ष्मीबाई, राजमाता जीजाबाई, अहिल्याबाई होल्कर, रानी दुर्गावती सहित अनेक प्रेरणास्रोत महिलाओं के जीवन प्रसंगों के माध्यम से बालिकाओं में साहस, आत्मगौरव, राष्ट्रभक्ति एवं नेतृत्व क्षमता का विकास करने का प्रयास किया गया। इसके साथ ही प्रेरणादायी गीत-संगीत, समूह गतिविधियों एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से बहनों के आत्मविश्वास, अभिव्यक्ति क्षमता एवं उत्साह को जागृत किया गया।
शिविर का कुशल संचालन जिला समन्वयक श्री जसवंत सिंह राठौर, उपजोन समिति सदस्य श्री ईश्वरलाल फरक्या, सुश्री निशा दीदी एवं पवन भैया की समर्पित टोली द्वारा किया गया। प्रशिक्षण के दौरान बालिकाओं को संस्कारवान, आत्मनिर्भर एवं समाज और राष्ट्र के प्रति उत्तरदायी नागरिक बनने की प्रेरणा दी गई।
कार्यक्रम के दौरान पूर्व में आयोजित पाँच दिवसीय कन्या कौशल शिविर की प्रतिभागी बहनों कु. लक्ष्मी कुंवर एवं कु. शानू कुंवर ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि शिविर में प्राप्त संस्कार, अनुशासन, दैनिक दिनचर्या, आत्मविश्वास एवं व्यक्तित्व विकास से संबंधित शिक्षाओं को अपने जीवन में अपनाने के बाद उनके व्यवहार, सोच एवं जीवनशैली में सकारात्मक परिवर्तन आया है। उन्होंने उपस्थित कन्याओं से भी आग्रह किया कि वे शिविर में प्राप्त शिक्षाओं को अपने जीवन में उतारकर स्वयं को संस्कारित, आत्मनिर्भर एवं समाज के लिए उपयोगी व्यक्तित्व के रूप में विकसित करें।
कार्यक्रम में शासकीय हाई स्कूल घसोई के प्राचार्य श्री रामचंद्र बोराना, शिक्षिका श्रीमती शांति शर्मा एवं श्रीमती इंद्रा सोनी गायत्री शक्तिपीठ सुवासरा की परिजन बहिन श्रीमती बबीता शर्मा तथा तहसील सुवासरा समन्वयक श्री महेश कुमार गुप्ता सहित विद्यालय परिवार एवं गायत्री परिवार के अनेक परिजन उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने इस प्रकार के संस्कारमय शिविरों की मुक्त कंठ से सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन बालिकाओं के सर्वांगीण विकास एवं उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम के समापन पर सभी प्रतिभागी बहनों से शिविर में प्राप्त शिक्षाओं को अपने जीवन में अपनाने तथा अपने परिवार एवं समाज में श्रेष्ठ संस्कारों का प्रसार करने का आह्वान किया गया।
शिविर में अखिल विश्व गायत्री परिवार के वरिष्ठ परिजन श्री पीरूलाल मांदलिया एवं जिला समिति सदस्य श्री अर्जुन चौहान भी उपस्थित रहे। इस अवसर पर शासकीय हाई स्कूल प्रांगण में एक पेड़ मां के नाम अंतर्गत पौधारोपण किया गया एवं पौधों की सुरक्षा के लिए 12 ट्री गार्ड संस्था को भेंट किए गए। कार्यक्रम के अंत में गायत्री परिवार सुवासरा तहसील समन्वय श्री महेश कुमार गुप्ता द्वारा उपस्थित परिजनो एवं बालिकाओं का आभार व्यक्त किया गया
यह जानकारी तहसील सुवासरा समन्वयक श्री महेश कुमार गुप्ता द्वारा दी गई।


