दो साल भी नहीं हुए, खुद बीमार हो गया पिपलिया जागीर का आयुष्मान आरोग्य उपस्वास्थ्य केंद्र

लाखों की लागत से बनी स्वास्थ्य सुविधा बदहाल, परिसर में कीचड़ और बारिश का पानी; बिजली व्यवस्था भी नहीं
सीतामऊ। गांव में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लाखों रुपये की लागत से बनाया गया आयुष्मान आरोग्य उपस्वास्थ्य केंद्र पिपलिया जागीर इन दिनों खुद बदहाली का शिकार है। उप स्वास्थ्य केंद्र की बिल्डिंग बने अभी दो वर्ष भी पूरे नहीं हुए हैं, लेकिन लोगों को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने वाली बिल्डिंग खुद बीमार नजर आ रही है।
उप स्वास्थ्य केंद्र भवन के आसपास बारिश का पानी और कीचड़ जमा होने से हालात बेहद खराब नजर आ रहे हैं। परिसर में गंदगी और जलभराव के कारण मरीजों और ग्रामीणों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों के अनुसार प्रशासन ने स्वास्थ्य केंद्र की नई बिल्डिंग तो तैयार कर दी गई, लेकिन यहां बिजली जैसी मूलभूत सुविधा आज तक उपलब्ध नहीं है। मरीजों के उपचार के लिए एक नर्स की ड्यूटी लगाई गई है, लेकिन स्वास्थ्य केंद्र की अव्यवस्थाओं के चलते वह भी कभी कभार ही सेवा में उपलब्ध रहती है।
ग्रामीणों ने बताया कि उन्हें आज भी छोटी-मोटी बीमारियों के इलाज के लिए निजी प्रैक्टिशनरों पर निर्भर रहना पड़ता है, वही तबियत ज्यादा बिगड़ जाने पर सीतामऊ या फिर मंदसौर जाना पड़ता है। लाखों रुपये खर्च कर प्रशासन ने गांव में उपस्वास्थ्य केंद्र की बिल्डिंग तो बना दी लेकिन मूलभूत सुविधाएं और नियमित स्वास्थ्य सेवाएं आज भी उपलब्ध नहीं हो रही। ऐसे में ग्रामीणों ने प्रशासन से उपस्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्थाओं को दूरस्थ करने की मांग की है। ताकि गांव के लोगों को उपचार के लिए परेशान नहीं होना पड़े।



