समाचार मध्यप्रदेश मंदसौर 21 अगस्त 2026 शुक्रवार

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संत रविदास के आदर्शों को अपनाऐ श्री मिथिलेश नागर जी

मन चंगा तो कठोती में गंगा – सच्ची पवित्रता निर्मल मन और अच्छे कर्मों में है – संतश्री असीम साहेब महाराज
संत रविदास के समरसता संदेश को गांव-गांव तक पहुंचाए श्री गुर्जर
संत शिरोमणी श्री रविदास जी महाराज की 650 वीं जन्म जयंती के अवसर पर जिला स्तरीय कार्यक्रम द्वारा समरसता संकल्प अभियान एवं कलश वंदन यात्रा का शुभारंभ
मंदसौर 20 अगस्त 2026 / संत शिरोमणी श्री रविदास जी महाराज की 650वीं जन्म जयंती पर समरस्ता संकल्प अभियान एवं कलश वंदन यात्रा का शुभारंभ गुरूवार को मंदसौर में किया गया।
जिला स्तरीय कार्यक्रम में राष्ट्रीय संत श्री मिथिलेश नागर जी महाराज, संत श्री असीम जी महाराज, संतश्री श्याम जी महाराज, संत श्री महाकाल नाथ महाराज, पंडित श्री दिलीप व्यास, राज्य सभा सांसद श्री बंशीलाल गुर्जर, विधायक श्री हरदीप सिंह डंग, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती दुर्गा विजय पाटीदार, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती मनु प्रिया यादव, जिला योजना समिति सदस्य श्री राजेश दीक्षित , जनपद अध्यक्ष श्री बसंत शर्मा, नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती रमादेवी गुर्जर, नपा उपाध्यक्ष श्रीमती नम्रता प्रितेश चावला, पूर्व मंत्री श्री कैलाश चावला, पूर्व विधायक श्री यशपाल सिंह सिसोदिया, श्री नानालाल अटोलिया, श्री राम अटेला, श्री शिवराज सिंह राणा, श्री अनिल कियावत, श्री विजय सुराणा, श्री महेश जूनवाल, श्री विनय दुबेला, श्री जीवन शर्मा, श्री धीरज पाटीदार, श्री अंकित सोनी, श्री मदन लाल राठौर, श्री गोपाल पटवा, श्री बाबूलाल चौहान, श्री निहालचंद मालवीय, श्री भोपाल सिंह चौहान, सीईओ जिला पंचायत श्री अनुकूल जैन, एसडीएम श्री शुभम पाटीदार जिला संयोजक जनजाति कार्य विभाग श्रीमती अंगूर बाला भगोरा आदि उपस्थित थे।
इस अवसर पर मंचस्थ अतिथिगणों द्वारा संत रविदास जी के चित्र पर माल्यार्पण किया गया। उनकी जन्म भूमि से आयी पवित्र माटी का पूजन कलश के माध्यम से किया गया। जनप्रतिनिधिगणों द्वारा संतगणों का सम्मान शाल, दुपट्टे पहनाकर किया गया।
समरस्ता संकल्प अभियान एवं कलश वंदन कार्यक्रम में संतश्री मिथिलेश नागर ने कहा कि संत रविदास का जीवन सामाजिक समरसता, समानता और मानवता की प्रेरणा देता है। संत रविदास ने अपने विचारों और आचरण से समाज को बताया कि मनुष्य की पहचान उसके कर्म और चरित्र से होती है, जन्म से नहीं। उन्होंने कहा कि आज हमें आत्ममंथन करना चाहिए कि हम संत रविदास के आदर्शों पर चले। समाज के अंतिम व्यक्ति को मुख्यधारा से जोड़ना ही संत रविदास के विचारों की सच्ची सार्थकता है।
संतश्री असीम साहेब महाराज ने संत रविदास जयंती के अवसर पर कहा कि संत रविदास जी ने अपने जीवन और विचारों से समाज को भक्ति, समानता और सामाजिक समरसता का संदेश दिया। उनका प्रसिद्ध संदेश “मन चंगा तो कठोती में गंगा” हमें यह सिखाता है कि सच्ची पवित्रता बाहरी आडंबर में नहीं, बल्कि मन की निर्मलता और अच्छे कर्मों में होती है। उन्होंने कहा कि यदि हमारा मन स्वच्छ है, विचार सकारात्मक हैं और आचरण मानवता से परिपूर्ण है, तो हर स्थान हमारे लिए तीर्थ के समान है। संत रविदास जी ने जाति-पाति और भेदभाव से ऊपर उठकर प्रेम, भाईचारे और समानता का मार्ग दिखाया। आज उनके विचारों को आत्मसात कर समाज में समरसता स्थापित करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।
इस अवसर पर राज्यसभा सांसद श्री बंशीलाल गुर्जर ने कहा कि इस अभियान की शुरुआत गुरु से और समापन भी गुरु के स्मरण के साथ होना संत रविदास जी की महान संत परंपरा के प्रति हमारी श्रद्धा को दर्शाता है। सात माह की अवधि में प्रदेशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित कर संत रविदास जी के जीवन, दर्शन, संघर्ष और सामाजिक समरसता के संदेश को जन-जन तक पहुंचाया जाएगा।
उन्होंने आह्वान करते हुए कहा कि यह अभियान केवल आयोजित होकर समाप्त नहीं होना चाहिए। प्रत्येक व्यक्ति इसे जिले से मंडल, मंडल से शक्ति केंद्र और गांव-गांव तक लेकर जाएं। समाज के प्रत्येक वर्ग के साथ संवाद स्थापित कर संत रविदास जी के समरसता के विचारों को आगे बढ़ाया जाए। उन्होंने कहा कि संत रविदास जी ने समाज को जो संदेश दिया था, वह आज भी उतना ही प्रासंगिक है।
देश विकसित भारत के संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है, तब सामाजिक एकता और समरसता उसकी सबसे बड़ी शक्ति है। जब समाज एकजुट और समरस होगा, तभी राष्ट्र मजबूत होगा। उन्होंने कहा कि संत-महात्माओं ने सदैव समाज को सही दिशा देने का कार्य किया है। भारतीय संस्कृति में संत परंपरा ने समाज को जोड़ने, बुराइयों को दूर करने और मानवता का मार्ग दिखाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। संत रविदास जी इसी महान परंपरा के ऐसे संत थे, जिन्होंने कठिन परिस्थितियों में भी जोड़ने का काम किया।
इस अवसर पर जिला योजना समिति सदस्य श्री राजेश दीक्षित ने कहा कि संत शिरोमणि गुरु रविदास महाराज सामाजिक समरसता के संदेशवाहक, मानवता के उपासक और सामाजिक चेतना के महान प्रवर्तक थे। उन्होंने अपनी वाणी और जीवन के माध्यम से समाज को यह संदेश दिया कि ईश्वर की दृष्टि में सभी समान हैं और मनुष्य की वास्तविक महानता उसके आचरण, चिंतन एवं चरित्र से होती है। सामाजिक समरसता केवल शब्द नहीं, बल्कि संकल्प है। एक-दूसरे के सम्मान को अपना सम्मान माना जाए। गुरु रविदास जी की 650वीं जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित ‘संत रविदास समरसता संकल्प अभियान’ उनके विचारों और वाणी को जन-जन तक पहुंचाने का महाअभियान है। उन्होंने कहा कि कलश वितरण के माध्यम से गुरु रविदास जी का प्रेरक संदेश प्रदेश के प्रत्येक जिले और जन-जन तक पहुंचाया जाएगा।
संत शिरोमणी रविदास जी महाराज कि 650वीं जन्म जयंती के अवसर पर समरस्ता संकल्प अभियान एवं कलश वंदन यात्रा को जिला मुख्यालय सहित जिले की चारो विधानसभा एवं 21 मंडलों में सफल कार्य योजना हेतु श्री राजेश दीक्षित द्वारा जिला टेाली का गठन किया गया है जिले में सम्पन्न होने वाले कार्यक्रम की रचना के बारे में श्री विनय दुबेला ने जानकारी से मंचस्त अतिथिगणों को अवगत कराया। कार्यक्रम का संचालन श्री महेश जूनवाल ने किया और आभार श्री रामरतन आटेला ने माना।
कार्यक्रम में संत श्री रविदास जी महाराज की जन्म स्थली से लाई गई पवित्र मिटटी से भरे कलश जिले के 21 स्थानों पर पहुचाये गये है। जिला स्तरीय कार्यक्रम के पश्चात मंदसौर में कलश यात्रा आयोजित की गई जो रामटेकर मंदसौर शिव मंदिर में कलश स्थापना की गई। कलश यात्रा के पश्चात हनुमान चालीसा का पाठ हुआ।
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ई-विकास 2.0 में किसान हितैषी बदलाव, उर्वरक खरीद प्रक्रिया होगी और सरल व पारदर्शी
मंदसौर 20 अगस्त 2026 / राज्य शासन द्वारा ई-विकास (वितरण एवं कृषि उर्वरक आपूर्ति समाधान) प्रणाली को और अधिक प्रभावी, सरल एवं किसान हितैषी बनाने के उद्देश्य से ई-विकास 2.0 लागू किया गया है। विभिन्न किसान संगठनों, निजी उर्वरक विक्रेताओं एवं अन्य हितधारकों से प्राप्त सुझावों के आधार पर प्रणाली में कई महत्वपूर्ण सुधार एवं नई सुविधाएं जोड़ी गई हैं। इससे किसानों को अपनी आवश्यकता के अनुरूप उर्वरक प्राप्त करने में सुविधा होगी तथा पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता और तकनीक का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित होगा।
ई-विकास 2.0 में किसान अपनी इच्छानुसार कोई भी एक उर्वरक बिना किसी अनिवार्य संयोजन के खरीद सकेगा। आईसीएआर की फसलवार अनुशंसा के अनुसार अथवा उससे अधिक मात्रा में उर्वरक पहली बार में ही लेने की सुविधा दी गई है। अतिरिक्त उर्वरक लेने के लिए पूर्व में 50 शब्दों में कारण लिखने की बाध्यता को समाप्त कर ड्रॉपडाउन के माध्यम से कारण चयन की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। साथ ही पोर्टल पर फसलवार आईसीएआर अनुशंसा के अनुसार विभिन्न उर्वरक समूहों की जानकारी प्रदर्शित की जा रही है, जिससे किसान अपनी आवश्यकता के अनुसार उर्वरक समूह का चयन कर सकेगा।
प्रणाली में उर्वरक की गणना अब प्रति हेक्टेयर बैग के आधार पर की गई है। किसान द्वारा टोकन जनरेट करने के 24 घंटे बाद उसे निरस्त करने की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। फसल खराब होने की स्थिति में किसान द्वारा पुनः उर्वरक की मांग करने के लिए एक्सेप्शनल हैंडलिंग की सुविधा दी गई है। ऐसे प्रकरणों का तहसीलदार अथवा अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) द्वारा 48 घंटे के भीतर अनुमोदन किया जाएगा।
उर्वरक उपलब्धता को बेहतर बनाने के लिए मार्कफेड के डबल लॉक केन्द्रों पर प्रतिदिन 300 से अधिक टोकन जनरेट करने की क्षमता को आवश्यकता के अनुसार बढ़ाया जा सकेगा। साथ ही डबल लॉक केन्द्रों में आवश्यकता के अनुरूप अधिकतम उर्वरक भंडारण की व्यवस्था की जा रही है, जिसके लिए ऑटोमेटेड प्रणाली विकसित की जा रही है।
ई-विकास 2.0 में किसानों की सुविधा के लिए मोबाइल आधारित सेवाओं का भी विस्तार किया जा रहा है। शीघ्र ही WhatsApp Bot के माध्यम से टोकन जनरेट करने की सुविधा उपलब्ध होगी। किसान WhatsApp पर HELP/मदद लिखकर टोकन, रिटेलर, उर्वरक, उठाव तिथि एवं टोकन की वैधता सहित आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। किसान ई-विकास प्रणाली से संबंधित समस्याओं के निराकरण के लिए हेल्पलाइन नंबर +91 78802 23344 पर प्रत्येक शासकीय कार्य दिवस में प्रातः 10 बजे से शाम 6 बजे तक संपर्क कर सकते हैं।
20 अगस्त से विशेष अभियान
सभी किसानों की फार्मर आईडी बनाने, अग्रिम उर्वरक उठाव तथा पैक्स सदस्यता के लिए विशेष अभियान 20 अगस्त 2026 से संचालित है किसानों से अभियान में सहभागिता कर आवश्यक प्रक्रिया पूर्ण कराने की अपील की गई है।
ई-विकास 2.0 के माध्यम से उर्वरक वितरण व्यवस्था को तकनीक आधारित बनाते हुए किसानों के लिए अधिक सरल, पारदर्शी और प्रभावी डिजिटल सेवा उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। यह व्यवस्था किसानों को उनकी आवश्यकता के अनुरूप उर्वरक उपलब्ध कराने के साथ-साथ वितरण प्रणाली की निगरानी और प्रबंधन को भी अधिक सुगम बनाएगी।
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मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के अंतर्गत गरोठ में शिविर 21 अगस्त को
मंदसौर 20 अगस्त 2026 / मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के अंतर्गत जिले के गरोठ में 21 अगस्त शुक्रवार को शिविर आयोजित किया जाकर जन समस्याओं का निराकरण किया जाएगा। दिन के द्वितीय सत्र में आयोजित होने वाले शिविर के पूर्व प्रथम सत्र में प्रातः से ही कलेक्टर श्री दिव्यांक सिंह के निर्देश पर अधिकारी गरोठ तथा आसपास के ग्रामीण क्षेत्र का भ्रमण करके जन समस्याओं जन शिकायतों का निराकरण करेंगे।
अधिकारियों द्वारा गरोठ तथा आसपास के जिन ग्रामीण क्षेत्र का भ्रमण किया जाएगा उनमें बरडिया अमरा, मेल खेड़ा, जमुनिया, भुंडिया, बगुनिया, पंडेरिया, साठ खेड़ा, खजूरी रूंडा, पनवाड़ी, रणायरा, नारिया बुजुर्ग, कुंडला खुर्द, गुराडिया नर्सिह ,सेमली रूपा, राम खेड़ी, फूलखेड़ा ,खजूरी दौड़ा, कुर्लासी, पिपलिया मीठे शा, बरखेड़ी मिट्ठू, कुंडालिया चरणदास, ढाकनी, बरडियाया इस्तमुरार, बामणी, बंजारी गरोठ, बरखेड़ा लोया, बांसगोन, पिपलियाजत्ती, आक्या कुंवर पदा, आगर, बरडिया, बोरखेड़ीरेडका, लसूडिया, रलायती, देवरिया, ढाबला मोहन, उदल्याखेड़ी, भामखेड़ी, परासली घाटा, मुंडला, मौलाखेड़ी खुर्द, बालोदा ,हतुनिया एवं संपूर्ण गरोठ नगरीय क्षेत्र का भ्रमण करके नागरिकों ग्रामीणों की समस्याओं शिकायतों का निवारण निराकरण किया जाएगा शासकीय योजनाओं का लाभ दिया जाएगा।
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जिला स्तरीय युवा संगम का आयोजन 25 अगस्त को शासकीय आईटीआई मंदसौर में
मंदसौर 20 अगस्त 2026 / जिला रोजगार कार्यालय, जिला उद्योग एवं व्यापार केन्द्र (DIC), मंदसौर तथा शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं (ITI) के संयुक्त तत्वावधान में 25 अगस्त 2026 को युवा संगम का आयोजन शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था नयाखेड़ा मंदसौर में किया जा रहा है। आयोजन का उद्देश्य जिले के युवाओं को रोजगार, स्वरोजगार एवं अप्रेंटिसशिप के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है। अप्रेंटिसशिप हेतु Apollo Tyres, बड़ौदा से कंपनी प्रतिनिधि उपस्थित रहेंगे। वहीं रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने हेतु निम्न कंपनियां/संस्थाएं उपस्थित रहेंगी : – गेल इंस्टीट्यूट ऑफ स्किल गुना, पुष्कर एग्रोटेक लिमिटेड हैदराबाद, भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) मंदसौर, चेकमेट सर्विसेज अहमदाबाद, स्वतंत्र माइक्रोफाइनेंस लिमिटेड।
इस युवा संगम में जिले के युवाओं को कंपनियों से सीधे संवाद करने, अपनी योग्यता के अनुसार रोजगार प्राप्त करने तथा अप्रेंटिसशिप के लिए चयन प्रक्रिया में शामिल होने का अवसर मिलेगा।
इच्छुक युवा अपने शैक्षणिक प्रमाण-पत्र, आधार कार्ड, बायोडाटा/रिज्यूम एवं अन्य आवश्यक दस्तावेजों के साथ उपस्थित होकर इस अवसर का लाभ उठा सकते हैं। अधिक जानकारी एवं संपर्क हेतु: संपर्क नंबर: 9118870369
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