पर्यावरणमंदसौर जिलामल्हारगढ़
सार्थक के पर्यावरण संरक्षण एवं पोषण वन प्रोजेक्ट का 20 वां विद्यालय बना मल्हारगढ़ का गर्ल्स हायर सेकंडरी स्कूल

सार्थक के पर्यावरण संरक्षण एवं पोषण वन प्रोजेक्ट का 20वां विद्यालय बना मल्हारगढ़ का गर्ल्स हायर सेकंडरी स्कूल
मल्हारगढ़। पर्यावरण संरक्षण और बच्चों में पोषण एवं प्रकृति चेतना जागृत करने के उद्देश्य से सार्थक सोशल वेलफेयर सोसाइटी द्वारा चलाए जा रहे अत्यंत महत्वपूर्ण पोषण वन प्रोजेक्ट ने आज एक और उपलब्धि हासिल की। इस प्रोजेक्ट के अंतर्गत आज शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, मल्हारगढ़ का चयन किया गया, जो इस अभियान का 20वां विद्यालय बना। इस विशेष अवसर पर परिसर में कुल 55 पौधे रोपे गए, जिसमें प्रकृति और पोषण का संतुलन बनाते हुए 25 फलदार और 30 छायादार किस्में शामिल हैं।
इस आयोजन में विद्यालय की छात्राओं में एक अलग ही ऊर्जा और अभूतपूर्व उत्साह देखने को मिला। समस्त पौधों को सार्थक संस्था के श्री नरेंद्र त्रिवेदी द्वारा मंत्रोच्चार कर रोपित कराया गया, छात्रों के समूह में बनाकर सभी को अपने-अपने पौधे का दायित्व दिया गया एवं इस अवसर पर डॉ उर्मिला तोमर ने पौधे लगाने की तकनीक, थैली कैसे काटी जाए, किस तरह पौधे को हाथ में लिया जाए, किस तरह पौधे को धरती में समर्पित किया जाए थाला कैसे बनाया जाए पानी कहां दिया जाए सभी बारिकियों को वृक्षारोपण के दौरान व्यावहारिक रूप से बताया गया ।कार्यक्रम में सम्मिलित विद्यालय के प्राचार्य श्री पंड्या , इको क्लब प्रभारी श्री वीरेंद्र चौहान, स्टाफ के सभी सदस्य एवं छात्राओं ने बेहद संवेदनशीलता और आत्मीय भाव के साथ पौधों का रोपण किया और उनके बड़े होने तक उनके संरक्षण का संकल्प भी लिया।
विशिष्ट जनों की गरिमामयी उपस्थिति-
प्रोजेक्ट के इस 20वें पड़ाव में स्थानीय नेतृत्व का भी विशेष सहयोग मिला। नगर मंडल अध्यक्ष श्री विजयवर्गीय अपनी पूरी टीम के साथ इस कार्यक्रम में सम्मिलित हुए और सार्थक संस्था के ‘पोषण वन’ अभियान की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए अनुकरणीय बताया। कार्यक्रम में सार्थक सोशल वेलफेयर सोसाइटी के श्री संजय नीमा, श्री नरेंद्र त्रिवेदी, डॉ सौरभ सिंह तोमर, श्री हस्ती सांखला, श्री विक्रम सिंह, महिला सदस्यों में श्रीमती उमा झाला, श्रीमती तरुणा दवे, सार्थक की संस्थापक डॉ उर्मिला तोमर ने उपस्थित रहे ।
विद्यालय परिसर को हरा-भरा बनाने, बच्चों को ताजे फल व शुद्ध वातावरण देने और नई पीढ़ी को पर्यावरण के प्रति जागरूक करने के इस संकल्प के लिए अंत में सभी सहयोगियों का संस्था प्राचार्य द्वारा आभार व्यक्त किया गया।

मल्हारगढ़। पर्यावरण संरक्षण और बच्चों में पोषण एवं प्रकृति चेतना जागृत करने के उद्देश्य से सार्थक सोशल वेलफेयर सोसाइटी द्वारा चलाए जा रहे अत्यंत महत्वपूर्ण पोषण वन प्रोजेक्ट ने आज एक और उपलब्धि हासिल की। इस प्रोजेक्ट के अंतर्गत आज शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, मल्हारगढ़ का चयन किया गया, जो इस अभियान का 20वां विद्यालय बना। इस विशेष अवसर पर परिसर में कुल 55 पौधे रोपे गए, जिसमें प्रकृति और पोषण का संतुलन बनाते हुए 25 फलदार और 30 छायादार किस्में शामिल हैं।इस आयोजन में विद्यालय की छात्राओं में एक अलग ही ऊर्जा और अभूतपूर्व उत्साह देखने को मिला। समस्त पौधों को सार्थक संस्था के श्री नरेंद्र त्रिवेदी द्वारा मंत्रोच्चार कर रोपित कराया गया, छात्रों के समूह में बनाकर सभी को अपने-अपने पौधे का दायित्व दिया गया एवं इस अवसर पर डॉ उर्मिला तोमर ने पौधे लगाने की तकनीक, थैली कैसे काटी जाए, किस तरह पौधे को हाथ में लिया जाए, किस तरह पौधे को धरती में समर्पित किया जाए थाला कैसे बनाया जाए पानी कहां दिया जाए सभी बारिकियों को वृक्षारोपण के दौरान व्यावहारिक रूप से बताया गया ।कार्यक्रम में सम्मिलित विद्यालय के प्राचार्य श्री पंड्या , इको क्लब प्रभारी श्री वीरेंद्र चौहान, स्टाफ के सभी सदस्य एवं छात्राओं ने बेहद संवेदनशीलता और आत्मीय भाव के साथ पौधों का रोपण किया और उनके बड़े होने तक उनके संरक्षण का संकल्प भी लिया।
विशिष्ट जनों की गरिमामयी उपस्थिति-
प्रोजेक्ट के इस 20वें पड़ाव में स्थानीय नेतृत्व का भी विशेष सहयोग मिला। नगर मंडल अध्यक्ष श्री विजयवर्गीय अपनी पूरी टीम के साथ इस कार्यक्रम में सम्मिलित हुए और सार्थक संस्था के ‘पोषण वन’ अभियान की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए अनुकरणीय बताया। कार्यक्रम में सार्थक सोशल वेलफेयर सोसाइटी के श्री संजय नीमा, श्री नरेंद्र त्रिवेदी, डॉ सौरभ सिंह तोमर, श्री हस्ती सांखला, श्री विक्रम सिंह, महिला सदस्यों में श्रीमती उमा झाला, श्रीमती तरुणा दवे, सार्थक की संस्थापक डॉ उर्मिला तोमर ने उपस्थित रहे ।
विद्यालय परिसर को हरा-भरा बनाने, बच्चों को ताजे फल व शुद्ध वातावरण देने और नई पीढ़ी को पर्यावरण के प्रति जागरूक करने के इस संकल्प के लिए अंत में सभी सहयोगियों का संस्था प्राचार्य द्वारा आभार व्यक्त किया गया।



