नीमचमध्यप्रदेश
चाँदशाह वली बाबा रहे.अले. का उर्स कव्वाली व कुल की रस्म के साथ समापन

चाँदशाह वली बाबा रहे.अले. का उर्स कव्वाली व कुल की रस्म के साथ समापन
मुझे क्या खबर कहां मेरी मंजिल मुझे तेरा इश्क यहां खींच लाया…
नीमच-हजरत चाँदशाह वली बाबा र.अ.तामीर कमेटी,कौमी एकता महू रोड़ नीमच का चार दिवसीय 51 वाँ सद्भावना उर्स बड़े उत्साह के साथ मनाया गया। जिसका। 24 मई रविवार, बाद नमाज फज़र सुबह कुल की रस्म के साथ समापन हुआ।
उक्त जानकारी देते हुए सदर हयात बबलू भाई ने बताया की स्व.श्री गजानंद शर्मा एडव्होकेट (गुरु), सुफी कय्यूम भाई टांडे वाले की प्रेरणा से हजरत चाँदशाह वली बाबा के उर्स मुबारक गुरुवार को मेहफिल-ए शमां का प्रोग्राम हुआ रात 9:00 बजे से उस्ताद अनवर साबरी रूबरूयार फेम फिरोजाबाद यू पी, समीर असलम साबरी चित्तौड़गढ़ व नीमच के उभरते हुए फनकार अकसद-अकहस हसनैन बफाती कव्वाल बच्चा एण्ड कव्वाल पार्टी नीमच ने मुझे क्या खबर कहां मेरी मंजिल मुझे तेरा इश्क यहां खींच लाया.. खड़े होकर बिस्तर पर रसूल अल्लाह ने फरमाया तेरे रहबर अली मौला.. ईलाही ये जलवा कहां हो रहा है नबी चमन की कली बन गया है.. राहे खुदा सर कटाया हुसैन ने जो कह दिया करके दिखाया हुसैन ने.. हिंदू, मुस्लिम,सिख या इसाई सभी है आपके कुरान से ही..सल्लें अल्लाह यामोहम्मद ..भटके हुए साहिबे सारे इंसान हो गए, मुसलमान हो गए.. जो मर्तबा है मेरे नबी का किसी का मर्तबा नहीं है..आदि सूफियाना एक से बढ़कर एक कलाम पेश किए उर्स में नीमच, मंदसौर, जावरा, रतलाम, इंदौर,निंबाहेड़ा चितौड़गढ़, उदयपुर आदि जगह से चाहने वालों की तरफ से बाबा साहब के आस्तानें पर ईत्र,लोबान फूल पेश कर अमन चैन की दुआ मांगी गई। उर्स मे प्रतिदिन लंगर का आयोजन किया गया जायरिनों ने पहुंचकर भाग लिया।
इनका किया सम्मान-सदर बबलू भाई, उपाध्यक्ष मजीत भाई मुल्तानी, संगतसिह गौत्रा,हासम भाई,कल्लू भाई वकील सा निंबाहेड़ा, अजीज कव्वाल, फय्यूम भाई हरकिंयाखाल,वसीम मिस्त्री मल्हारगढ़,पंकज बाबा,हाजी बब्बू भाई बघाना, साबिर भाई, फिरोज पठान, मुन्नाभाई, जाकिर पहलवान, अनवर साबरी आदि। इस अवसर पर हाजी अकबर हुसैन गोविंद सुराह,सन्नी गोत्रा,बिट्टू गोत्रा, सरपरस्त. आला लाला बम्ब,निगराने आला इकबाल भाई,अनवर खान,प्रवक्ता रूपा शर्मा व बाहर से आए सूफी संत मेहमान उपस्थित थे।
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