बेहपुर में रचा गया भक्ति का स्वर्णिम इतिहास – माँ जगदंबा के दिव्य दरबार में उमड़ा लाखों श्रद्धालुओं का जनसैलाब

बेहपुर में रचा गया भक्ति का स्वर्णिम इतिहास – माँ जगदंबा के दिव्य दरबार में उमड़ा लाखों श्रद्धालुओं का जनसैलाब

बेहपुर (दीपक खजुरिया सारंग टेलर) धार्मिक, आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक चेतना से परिपूर्ण बेहपुर की पावन धरा पर उस समय भक्ति और आस्था का अद्भुत महासंगम देखने को मिला, जब परम पूज्य गुरुदेव भगवान श्री अम्बाजी धाम निपानिया के पावन सानिध्य में माँ जगदम्बा का भव्य, दिव्य एवं अलौकिक दरबार आयोजित हुआ। इस विराट आयोजन में मध्यप्रदेश, राजस्थान सहित दूर-दराज के सैकड़ों गांवों से लाखों श्रद्धालु शामिल हुए और माँ जगदम्बा के चरणों में अपनी अर्जी लगाकर सुख, शांति, समृद्धि एवं जीवन कल्याण की कामना की।पूरा आयोजन स्थल सुबह से ही श्रद्धालुओं से खचाखच भरा रहा। जहाँ तक नजर जाती थी, वहाँ केवल भक्तों का जनसैलाब दिखाई दे रहा था। पूरा क्षेत्र हृजय माँ जगदम्बाद्ध, हजय गुरुदेव सरकारद्ध एवं हजय अम्बाजी धाम निपानियाह्न के जयघोषों से गूंज उठा। श्रद्धालु घंटों तक कतारों में खड़े रहकर माँ के दर्शन एवं गुरुदेव भगवान के आशीर्वाद प्राप्त करते रहे।
दिव्य दरवार में उमड़ी भीड़
दिव्य दरबार में हजारों श्रद्धालुओं ने अपनी-अपनी अर्जी लगाकर सामाजिक पारिवारिक, अर्थिक एवं स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के समाधान की प्रार्थना की। अनेक अर्जियों पर गुरुदेव भगवान द्वारा मार्गदर्शन एवं समाधान भी बताया गया, जिससे श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे । दरबार का सबसे भावुक एवं अद्भुत क्षण तब देखने को मिला जब गुरुदेव भगवान ने कई श्रद्धालुओं को नाम लेकर व्यासपीठ पर बुलाया और उनके मन की बात एवं समस्याओं को पहले से ही पर्चे पर लिखकर सुनाया। इस दृश्य को देखकर श्रद्धालु आश्चर्यचकित रह गए और अनेक भक्त भाव-विभोर होकर गुरुदेव के चरणों में नतमस्तक हो गए।
मोवाइल की रोशनी से जगमगाया पूरा परिसर महाआरती के दौरान गुरुदेव भगवान के आदेश पर लाखों श्रद्धालुओं ने एक साथ अपने मोबाइल की टॉर्च जलाकर मां जगदम्बा की आरती में सहभागिता निभाई। कुछ ही क्षणों में पूरा परिसर अनगिनत रोशनियों से जगमगा उठा और ऐसा प्रतीत हुआ मानो धरती पर तारों का विशाल आकाश उत्तर आया हो। भक्ति गीतों और जयकारों के बीच पूरा वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया। अद्धालु भाव विभीर होकर माँ की आराधना करते यहे और कई भक्तों की आँखों से श्रद्धा के आँसू छलक पड़े।
अम्बाजी धाम निपानिया एवं ग्राम समिति ने संभाली
ग्राम इस विशाल आयोजन की संपूर्ण व्यवस्थाएं अम्बाजी धाम निपानिया समिति एवं बेहपुर ग्राम समिति द्वारा संयुक्त रूप से संभाली गई। समितियों ने श्रद्धालुओं के लिए पेयजल, भोजन, वाहन पार्किंग, सुरक्षा, चिकित्सा एवं अन्य सभी आवश्यक सुविधाओं की उत्कृष्ट व्यवस्था सुनिधित की। सेवा कार्यों में बड़ी संख्या में स्वयंसेवकों ने भी सक्रिय भूमिका निभाई। श्रद्धालुओं ने समिति की व्यवस्थाओं की मुक्तकंठ से सराहना करते हुए कहा कि इतनी विशाल भीड़ के बावजूद कहीं कोई अव्यवस्था नाहीं रही।
दूर-दराज से पहुंचे श्रद्धालु
मध्यप्रदेश के साथ-साथ राजस्थान एवं अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। भक्तों ने बताया कि माँ माँ जगदम्बा के दिव्य दरबार में शामिल होकर उन्हें अद्भुत आध्यात्मिक ऊर्जा और आत्मिक शाति की अनुभूति हुई।
हर रविवार होती है भव्य महाभारती
अम्बाजी धाम निपानिया में प्रत्येक रविवार को दो भव्य महाआरती आयोजित होती हैं पहली महाआरती दोपहर 12:00 बजे तथा दूसरी महाआरती शाम 7:00 बजे होती है। इन महाआरतियों में हजारों श्रद्धालु नियमित रूप से शामिल होकर माँ जगदम्बा का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।
आस्था का कना महाकुम यह संपूर्ण आयोजन आस्था, श्रद्धा, सेवा और सनातन संस्कृति का विराट संगम बन गया। श्रद्धालुओं ने इसे इभक्ति का महाकुभाह और हुआस्था का महासंगमह बताते हुए कहा कि ऐसा दिव्य एवं अलौकिक आयोजन जीवन में अविस्मरणीय बन जाता है। समापन पर पूरा क्षेत्र हजय माँ जगदम्बाह, हृजय गुरुदेव सरकाण्ड और इजय अम्बाजी धाम निपानियाह्न के गगनभेदी जयघोषों से गूंज उठा। श्रद्धालु माँ का आशीर्वाद और गुरुदेव की प्रेरणा लेकर अपने-अपने गंतव्य की ओर रवाना वाना हुए। उक्त जानकारी दीपक टेलर द्वारा दी गई



