10 लाख नगद और 1 करोड़ का हिसाब के साथ 2 हाईटेक सटोरिए आकाश जिंदल और प्रियांशु जैन गिरफ्तार, कार में चलाते थे सट्टा,

10 लाख नगद और 1 करोड़ का हिसाब के साथ 2 हाईटेक सटोरिए आकाश जिंदल और प्रियांशु जैन गिरफ्तार ,कार में चलाते थे सट्टा,
नीमच। आईपीएल (IPL) मैचों पर ऑनलाइन सट्टेबाजी के एक बड़े नेटवर्क का इंदौर पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। विजय नगर थाना पुलिस ने एक लग्जरी कार में बैठकर हाईटेक तरीके से सट्टा ऑपरेट कर रहे नीमच के दो युवकों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों के नाम आकाश जिंदल पिता दिनेश जिंदल (पाली) और प्रियांशु जैन हैं, जो मूल रूप से नीमच के ही रहने वाले हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से 10 लाख रुपये नकद, 6 महंगे मोबाइल फोन और एक हुंडई क्रेटा कार जब्त की है।
*मुख्य बिंदु एक नज़र में:*
गिरफ्तार आरोपी: 1. आकाश जिंदल (24), पिता – दिनेश पाली, निवासी – नीमच।
2. प्रियांशु जैन (25), निवासी – नीमच।
बरामदगी:10 लाख रुपये नकद, 6 मोबाइल (जिसमें प्रियांशु का आईफोन-14 शामिल है) और एक हुंडई क्रेटा कार (MP44-ZD-4034)।
डिजिटल सबूत: सट्टे के करीब 1 करोड़ रुपये के लेन-देन का डिजिटल रिकॉर्ड मिला है।
डेढ़ घंटे तक सड़कों पर पीछा कर दबोचा
एसीपी विजयनगर पराग सैनी के मुताबिक, पुलिस टीम को मुखबिर से पक्की सूचना मिली थी कि मेघदूत गार्डन के सामने एक क्रेटा कार में बैठकर दो युवक आईपीएल मैच (केकेआर बनाम गुजरात टाइटंस) पर दांव लगवा रहे हैं। पुलिस की टीम जैसे ही मौके पर पहुंची, दोनों आरोपी अपनी कार से भाग निकले। पुलिस ने हार नहीं मानी और करीब डेढ़ घंटे तक पीछा करने के बाद रात 12:50 बजे आईडीए ग्राउंड, मंगल सिटी के सामने कार को घेरकर नीमच के आकाश जिंदल और प्रियांशु जैन को हिरासत में ले लिया।
सीट के नीचे बना रखा था तहखाना, 10 लाख कैश बरामद।
पुलिस से बचने के लिए आरोपियों ने अपनी क्रेटा कार को ही ‘सट्टा ऑफिस’ बना रखा था। जब पुलिस ने कार की तलाशी ली, तो पहले डैशबोर्ड के अंदर छिपाकर रखे गए 2.50 लाख रुपये (500-500 के नोटों की गड्डियां) मिले। इसके बाद सघन चेकिंग करने पर कार की सीट के नीचे एक ‘गुप्त कैविटी’ (तहखाना) मिली। इसके अंदर एक बैग रखा था, जिसमें से 7.50 लाख रुपये और बरामद हुए।
*iPhone-14 और powerdreams डैशबोर्ड से खुला 1 करोड़ का राज।*
कार्रवाई के दौरान एक एप्पल आईफोन-14 (iPhone-14) भी जब्त किया गया जो प्रियांशु का था। जब पुलिस ने आरोपियों के मोबाइल फोन चेक किए, तो उनमें powerdreams.co/dashboard नाम का एक ऑनलाइन सट्टा प्लेटफॉर्म खुला हुआ मिला। इस प्लेटफॉर्म में करीब एक करोड़ रुपये के लेन-देन का पूरा कच्चा-चिट्ठा और डिजिटल रिकॉर्ड दर्ज था।
*ऐसे करते थे ग्राहकों से डीलिंग*।
पूछताछ में आकाश और प्रियांशु ने बताया कि वे अपने भरोसेमंद और जाने-पहचाने ग्राहकों को ही फोन पर टीम का ‘भाव’ बताते थे। इसके बाद मोबाइल ऐप पर लॉग इन कर लाइव रेट दिखाते हुए दांव लगवाते थे। ग्राहकों का पूरा हिसाब मोबाइल में रहता था और हर सोमवार को नकद या ऑनलाइन ट्रांसफर के जरिए सट्टे के पैसों का सेटलमेंट किया जाता था।
पुलिस ने मामले में नीमच के आकाश जिंदल पिता दिनेश (पाली) और प्रियांशु जैन के खिलाफ मध्यप्रदेश पब्लिक गैंबलिंग एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया है। अब पुलिस इनके मोबाइल और कॉल डिटेल्स की जांच कर रही है, ताकि नीमच और इंदौर से जुड़े इस नेटवर्क के अन्य सफेदपोश चेहरों को भी बेनकाब किया जा सके।



