समाचार मध्यप्रदेश नीमच 07 अगस्त 2026 शुक्रवार

नीमच में मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान का शुभारंभ आज मनासा से
नीमच 06अगस्त2026, मध्यप्रदेश शासन के निर्देशानुसार जिले में मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान-2026 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा ने अगस्त माह में आयोजित किए जाने वाले शिविरों का रोस्टर जारी किया है।
अभियान के तहत विभिन्न नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में शिविर आयोजित कर आमजन की समस्याओं का त्वरित निराकरण एवं शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाया जाएगा।
जारी रोस्टर के अनुसार आज नगर पालिका मनासा में शिविर आयोजित होगा, जिसमें नगर पालिका मनासा सहित ग्राम पंचायत नलखेड़ा, चुकनी, अरनिया माली, कंवली, आंकली, शेषपुर, बरड़िया, लोड़किया, बाकनी एवं डुगरपुरा, अवलेपुरा क्षेत्र शामिल रहेंगे।
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पशुपालन एवं डेयरी विभाग की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक संपन्न
जिले के सभी पात्र पशुपालकों के केसीसी प्रकरण तैयार कर केसीसी जारी कराएं : कलेक्टर श्री चंद्रा
नीमच, 06 अगस्त 2026। कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में पशुपालन विभाग की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों की समय पर पूर्ति सुनिश्चित करने तथा पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
समीक्षा के दौरान बताया गया कि पशुपालकों को कार्यशील पूंजी उपलब्ध कराने के लिए किसान क्रेडिट कार्ड योजना के तहत अब तक जिले के 6 हजार 200 पशुपालकों को लगभग 23 करोड़ रुपये का ऋण उपलब्ध कराया गया है। चालू वित्तीय वर्ष में 80 करोड़ रुपये के लक्ष्य की पूर्ति के लिए आगामी माह में 3 हजार 500 नए केसीसी प्रकरण तैयार कर स्वीकृत कराने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने कहा कि केसीसी से मिलने वाली कार्यशील पूंजी का उपयोग पशुओं के पोषण, चिकित्सा, बिजली, पानी एवं अन्य आवश्यक खर्चों में होने से पशुपालकों की आय बढ़ाने में मदद मिलती है।
बैठक में नस्ल सुधार कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान अधिकारियों ने बताया कि विभाग ने वार्षिक लक्ष्य 79 हजार 344 के विरुद्ध अब तक एक लाख 66 हजार 111 कृत्रिम गर्भाधान किए हैं। वहीं मादा बछिया उत्पादन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से सेक्स सॉर्टेड सीमन के माध्यम से 7 हजार 900 के लक्ष्य के विरुद्ध एक हजार 949 गर्भाधान किए गए हैं। कलेक्टर ने विशेष रूप से विकासखंड नीमच में इस कार्यक्रम की प्रगति में सुधार लाने तथा सफलता दर बढ़ाने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने क्षीरधारा ग्राम योजना के तहत चयनित 82 ग्रामों में विभागीय गतिविधियों के साथ निराश्रित गोवंश को गौशालाओं में स्थानांतरित करने तथा अवर्णित नस्ल के नर पशुओं के बधियाकरण की कार्रवाई ग्राम पंचायतों एवं स्थानीय निकायों के माध्यम से कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने हितग्राहीमूलक योजनाओं के अंतर्गत पशु वितरण की कार्रवाई इसी माह पूर्ण करने तथा मुख्यमंत्री डॉ. भीमराव आंबेडकर कामधेनु योजना में माह के भीतर 30 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में विभागीय स्वरोजगार योजनाओं की समीक्षा करते हुए निष्क्रिय मैत्री कार्यकर्ताओं से किट वापस लेने, उनका पंजीयन निरस्त करने तथा मैत्री विहीन 91 ग्राम पंचायतों के लिए नए आवेदन शीघ्र आमंत्रित कर प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में पशु चिकित्सा सेवाएं और अधिक सुलभ हो सकें।
समीक्षा में बताया गया कि हरा चारा उत्पादन कार्यक्रम के तहत इस वर्ष 1 हजार 500 मिनीकिट चारा बीज वितरित किए गए हैं। आगामी रबी सीजन के लिए सीएसआर के माध्यम से एक हजार अतिरिक्त मिनीकिट उपलब्ध कराने की तैयारी करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में पशु रोग नियंत्रण कार्यक्रम के तहत 1 जुलाई से 15 सितंबर तक संचालित खुरपका-मुंहपका टीकाकरण अभियान की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि 2 लाख 93 हजार 300 पशुओं के लक्ष्य के विरुद्ध अब तक 1 लाख 7 हजार 493 पशुओं का टीकाकरण किया जा चुका है। कलेक्टर ने अभियान में तेजी लाते हुए सभी टीकाकरण की ऑनलाइन प्रविष्टि समय पर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक के अंत में कलेक्टर ने विभागीय कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए जावद विकासखंड में अपेक्षित प्रगति नहीं पाए जाने पर विकासखंड पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. सी.एल. मालवीय को कारण बताओ सूचना पत्र जारी करने तथा कार्यों में शीघ्र सुधार लाने के निर्देश दिए।
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कलेक्टर ने निर्माण कार्यों की समीक्षा कर अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और समयबद्धता से नहीं होगा कोई समझौता- कलेक्टर श्री चंद्रा
नीमच, 06 अगस्त 2026। जिले में संचालित विभिन्न निर्माण कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण कराने के उद्देश्य से कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समीक्षा बैठक ली। बैठक में लोक निर्माण विभाग, पीआईयू, सेतु निगम, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना,ग्रामीण यांत्रिकी सेवा तथा जिला खनिज प्रतिष्ठान से स्वीकृत एवं निर्माणाधीन कार्यों की विभागवार समीक्षा की गई।
समीक्षा के दौरान कलेक्टर श्री चंद्रा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी निर्माण कार्य निर्धारित तकनीकी मानकों एवं समय-सीमा के अनुरूप पूर्ण किए जाएं। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों की गुणवत्ता सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही या समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। सभी विभागीय अधिकारी नियमित रूप से निर्माण कार्यों की मॉनिटरिंग करें तथा कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करें।
बैठक में जिन निर्माण कार्यों की प्रगति अपेक्षा के अनुरूप नहीं पाई गई, उन पर कलेक्टर ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माण एजेंसियों अथवा ठेकेदारों द्वारा अनावश्यक विलंब या लापरवाही बरतने पर संबंधित विभाग नियमानुसार तत्काल दंडात्मक कार्रवाई करें।
ग्रामीण यांत्रिकी सेवा द्वारा कराए जा रहे निर्माण कार्यों में अपेक्षा से अधिक समय लगने पर भी कलेक्टर ने असंतोष व्यक्त करते हुए कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
वन विभाग की अनुमति के कारण लंबित निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वन विभाग से समन्वय स्थापित कर लंबित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण कराया जाए, ताकि विकास कार्यों में अनावश्यक विलंब न हो। उन्होंने एमपीआरडीसी के अधिकारियों को भी सड़क निर्माण कार्यों में गति लाकर निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री अमन वैष्णव,डिप्टी कलेक्टर श्रीमती मयूरी जोक सहित संबंधित विभागों के कार्यपालन अभियंता, महाप्रबंधक एवं सहायक अभियंता उपस्थित रहे।
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बिना खाद्य अनुज्ञप्ति के खाद्य व्यवसाय संचालित करने पर प्रकरण दर्ज
खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई, विभिन्न प्रतिष्ठानों से खाद्य पदार्थों के लिए नमूने
नीमच, 6 अगस्त 2026। नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन, मध्यप्रदेश, भोपाल तथा कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा के निर्देशानुसार जिले में सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा मिलावटी एवं अमानक खाद्य पदार्थों के निर्माण, भंडारण एवं विक्रय पर प्रभावी नियंत्रण के लिए खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा सघन निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है।
इसी क्रम में निर्देशों के परिपालन में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने जिले के विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों का आकस्मिक निरीक्षण कर नियमानुसार कार्रवाई की।
त्रिमूर्ति नगर स्थित न्यू निशा सेल्स के निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान संचालक द्वारा खाद्य लाइसेंस प्रस्तुत नहीं की गई। निरीक्षण में प्रतिष्ठान पर विक्रय हेतु ब्रांडेड पेयजल एवं कार्बोनेटेड वाटर का भंडारण पाया गया। खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के प्रावधानों के तहत बिना खाद्य अनुज्ञप्ति के खाद्य व्यवसाय संचालित किए जाने पर प्रकरण दर्ज किया गया। संचालक को बिना अनुज्ञप्ति खाद्य व्यवसाय संचालित नहीं करने के निर्देश दिए गए। प्रकरण की विवेचना उपरांत इसे माननीय अपर कलेक्टर न्यायालय, नीमच के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। अधिनियम के तहत इस प्रकार के प्रकरण में अधिकतम 10 लाख रुपये तक के अर्थदण्ड का प्रावधान है।
स्टेशन रोड स्थित श्रीनाथ रेस्टोरेंट के निरीक्षण के दौरान जीरा कार्बोनेटेड वाटर एवं पतंजलि मैंगो ड्रिंक के नमूने जांच हेतु लिए गए। निरीक्षण में पानी की जांच रिपोर्ट, कर्मचारियों के मेडिकल फिटनेस प्रमाण-पत्र सहित आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं पाए जाने पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम की धारा-32 के अंतर्गत सुधार सूचना पत्र जारी किया गया।
इंदिरा नगर स्थित निशा दूध डेयरी एवं प्रोविजन से हल्दी पाउडर,मिर्च पाउडर,जीरा एवं राई के नमूने जांच के लिए लिए गए। आवश्यक अभिलेख प्रस्तुत नहीं करने पर प्रतिष्ठान संचालक को धारा-32 के अंतर्गत सुधार सूचना पत्र जारी किया गया।
इसके अतिरिक्त 5 अगस्त 2026 को गणेश मंदिर के सामने संचालित आठ पानी-पताशा एवं चाट विक्रेताओं से पानी-पताशा के पानी के कुल आठ नमूने लिए गए। निरीक्षण के दौरान संबंधित संचालकों द्वारा मेडिकल फिटनेस प्रमाण-पत्र एवं उपयोग किए जा रहे पानी की परीक्षण रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की गई। साथ ही खाद्य पदार्थों के निर्माण एवं विक्रय के दौरान हैंड ग्लव्स एवं हेड कैप का उपयोग नहीं किया जा रहा था। इस पर सभी संबंधित संचालकों को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम की धारा-32 के अंतर्गत सुधार सूचना पत्र जारी किए गए हैं। निर्धारित अवधि में सुधार नहीं किए जाने पर नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान लिए गए सभी खाद्य नमूनों को परीक्षण के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला, ईदगाह हिल्स, भोपाल भेजा गया है।
यह कार्रवाई खाद्य सुरक्षा अधिकारी श्री राजू सोलंकी, श्री यशवंत कुमार शर्मा एवं उनकी टीम द्वारा की गई।
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जिला न्यायालय नीमच में चिकित्सा कक्ष का किया गया शुभारंभ
न्यायालय परिसर में ही मिलेगी प्राथमिक उपचार की सुविधा
नीमच, 6 अगस्त 2026। जिला न्यायालय,नीमच में न्यायालय परिसर में आने वाले पक्षकारों,अधिवक्ताओं, न्यायालयीन कर्मचारियों एवं न्यायाधीशों की स्वास्थ्य सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए गुरुवार को चिकित्सा कक्ष का शुभारंभ किया गया। जिला न्यायालय के प्रथम तल स्थित कक्ष क्रमांक-8 में स्थापित चिकित्सा कक्ष का शुभारंभ प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री वीरेंद्र सिंह राजपूत ने किया।
शुभारंभ के अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री राजपूत ने स्वयं अपना रक्तचाप परीक्षण करवाकर चिकित्सा कक्ष का विधिवत शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि न्यायालय परिसर में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति के स्वास्थ्य एवं सुविधा का ध्यान रखना न्यायिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण दायित्व है। यह चिकित्सा कक्ष न्यायालय परिसर में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
उन्होंने बताया कि न्यायालयीन कार्य अवधि के दौरान चिकित्सा कक्ष में पैरामेडिकल स्टाफ की सेवाएं उपलब्ध रहेंगी। इसके माध्यम से पक्षकारों, अधिवक्ताओं, न्यायालयीन कर्मचारियों एवं न्यायाधीशों को आवश्यकता पड़ने पर प्राथमिक उपचार प्रदान किया जाएगा। साथ ही रक्तचाप, शुगर सहित आवश्यक स्वास्थ्य जांच की सुविधा भी उपलब्ध रहेगी।
प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने विश्वास व्यक्त किया कि यह सुविधा न्यायालय परिसर में आने वाले सभी लोगों के लिए उपयोगी सिद्ध होगी तथा स्वस्थ एवं बेहतर कार्य वातावरण के निर्माण में सहायक बनेगी।
इस अवसर पर जिला मुख्यालय पर पदस्थ समस्त न्यायाधीशगण, जिला अभिभाषक संघ के अध्यक्ष श्री मनीष जोशी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. डी. प्रसाद, जिला अभिभाषक संघ के उपाध्यक्ष श्री शांतिलाल जैन, वरिष्ठ अधिवक्ता श्री लक्ष्मण सिंह भाटी, अन्य अधिवक्तागण, लीगल एड डिफेंस काउंसिल्स तथा न्यायालयीन कर्मचारी उपस्थित थे।
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शैक्षणिक संस्थानों के 100 मीटर दायरे में तंबाकू उत्पादों की बिक्री के विरुद्ध जिलेभर में संयुक्त अभियान
दुकानदारों को कोटपा अधिनियम के प्रावधानों से कराया गया अवगत
नीमच, 06 अगस्त 2026। कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा के निर्देशानुसार जिलेभर में शैक्षणिक संस्थानों के आसपास तंबाकू एवं धूम्रपान संबंधी उत्पादों की बिक्री पर रोक सुनिश्चित करने के उद्देश्य से राजस्व, पुलिस, नगर निकाय एवं शिक्षा विभाग की संयुक्त टीमों द्वारा विशेष अभियान चलाया गया।
अभियान के दौरान स्कूल एवं कॉलेज परिसरों के 100 मीटर के दायरे में बीड़ी, सिगरेट, गुटखा एवं अन्य तंबाकू उत्पादों का विक्रय करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करते हुए जुर्माना लगाया गया, तंबाकू उत्पाद जब्त किए गए तथा दुकानदारों को कानून के प्रावधानों से अवगत कराते हुए जागरूक भी किया गया।
जावद में संयुक्त दल द्वारा शैक्षणिक संस्थानों के 100 मीटर के दायरे में जांच अभियान चलाया गया। जांच के दौरान तंबाकू उत्पाद, बीड़ी, सिगरेट एवं गुटखा का विक्रय करते पाए जाने पर तीन दुकानदारों के विरुद्ध जुर्माने की कार्रवाई की गई।
जीरन में संयुक्त अभियान के दौरान स्कूल परिसर से 100 मीटर की दूरी के दायरे में तंबाकू उत्पादों का विक्रय करते पाए जाने पर संबंधित दुकानदारों पर जुर्माना लगाया गया।
तहसील सिंगोली में स्कूल परिसर के निकट पान-गुटखा विक्रेताओं के विरुद्ध जुर्माना लगाया गया तथा तंबाकू सामग्री जब्त की गई।
नीमच नगर में शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय क्रमांक-2 के 100 मीटर के दायरे में राजस्व विभाग, पुलिस विभाग, नगरपालिका एवं शिक्षा विभाग की संयुक्त टीम द्वारा कार्रवाई की गई। इस दौरान 12 दुकानों पर कुल 2,300 रुपये का जुर्माना लगाया गया तथा तंबाकू उत्पाद जब्त किए गए। साथ ही दुकानदारों को शैक्षणिक संस्थानों के 100 मीटर के दायरे में तंबाकू उत्पादों का विक्रय नहीं करने के लिए समझाइश दी गई।
रतनगढ़ नगर क्षेत्र में भी शासकीय विद्यालयों के आसपास तंबाकू एवं धूम्रपान संबंधी उत्पादों की बिक्री पर रोक सुनिश्चित करने के उद्देश्य से संयुक्त दल द्वारा विद्यालयों के आसपास स्थित दुकानों का आकस्मिक निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान दुकानदारों को सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद (विज्ञापन का प्रतिषेध तथा व्यापार एवं वाणिज्य, उत्पादन, प्रदाय एवं वितरण का विनियमन) अधिनियम, 2003 के प्रावधानों की जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि कोटपा अधिनियम की धारा 6(ख) के अनुसार किसी भी शैक्षणिक संस्थान की 100 मीटर की परिधि में सिगरेट, बीड़ी, गुटखा एवं अन्य तंबाकू उत्पादों का विक्रय पूर्णतः प्रतिबंधित है। साथ ही अधिनियम के तहत शैक्षणिक संस्थानों के बाहर तंबाकू बिक्री निषेध संबंधी सूचना पट्ट प्रदर्शित करना भी अनिवार्य है।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि विद्यार्थियों के लिए तंबाकू मुक्त एवं सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से ऐसे संयुक्त अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेंगे। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी तथा आमजन एवं व्यापारियों को तंबाकू नियंत्रण संबंधी कानूनी प्रावधानों के प्रति लगातार जागरूक किया जाएगा।
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