देशउत्तर प्रदेशगोरखपुर

दो ब्लॉकों के चार गांवों में चला विकसित कृषि संकल्प अभियान, किसानों को प्राकृतिक खेती व आधुनिक तकनीकों की दी गई जानकारी

दो ब्लॉकों के चार गांवों में चला विकसित कृषि संकल्प अभियान, किसानों को प्राकृतिक खेती व आधुनिक तकनीकों की दी गई जानकारी

गोरखपुर पीपीगंज केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में संचालित समेकित जनकल्याण एवं जन जागरूकता अभियान के अंतर्गत विकसित कृषि संकल्प अभियान-2026 एवं खेत बचाओ अभियान का आयोजन सोमवार को महायोगी गोरखनाथ कृषि विज्ञान केंद्र, चौकमाफी गोरखपुर तथा कृषि विभाग के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। अभियान के तहत ब्लॉक कैम्पियरगंज के ग्राम लोहारपुरवा एवं सनगद तथा ब्लॉक भटहट के ग्राम मोहद्दीनपुर एवं रामपुर बुजुर्ग में किसानों को कृषि संबंधी नवीन तकनीकों एवं प्राकृतिक खेती के प्रति जागरूक किया गया।मृदा वैज्ञानिक डॉ. संदीप प्रकाश उपाध्याय ने किसानों को मृदा परीक्षण, संतुलित उर्वरक उपयोग, जैविक एवं प्राकृतिक खेती के महत्व की जानकारी दी। उन्होंने पौधों के पोषण हेतु जीवामृत एवं घन जीवामृत तथा फसल संरक्षण के लिए नीमास्त्र एवं अग्नियास्त्र तैयार करने की विधि विस्तार से बताई। साथ ही किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया।कृषि विज्ञान केंद्र के शस्य विज्ञान वैज्ञानिक डॉ. अवनीश कुमार सिंह ने धान की सीधी बुवाई तकनीक पर विस्तार से चर्चा करते हुए इसके लाभ तथा खरपतवार प्रबंधन के लिए उपयोगी रसायनों की जानकारी किसानों को दी।अभियान के दौरान ब्लॉक कैम्पियरगंज में कृषि विज्ञान केंद्र से डॉ. संदीप प्रकाश उपाध्याय, उद्यान विभाग से शशि मुरारी पांडे, कृषि विभाग से सहायक विकास अधिकारी (कृषि) अजय सिंह, सहायक विकास अधिकारी (कृषि रक्षा) सिराजुल हक, अभिनेष एवं अंबर दीक्षित उपस्थित रहे। वहीं ब्लॉक भटहट में पशुपालन वैज्ञानिक डॉ. विवेक प्रताप सिंह एवं शस्य वैज्ञानिक डॉ. अवनीश कुमार सिंह ने किसानों को तकनीकी मार्गदर्शन प्रदान किया।कार्यक्रम में दोनों ब्लॉकों के सैकड़ों किसानों ने प्रतिभाग कर आधुनिक कृषि तकनीकों, प्राकृतिक खेती तथा फसल संरक्षण संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं। अभियान का उद्देश्य किसानों की आय बढ़ाने, खेती की लागत कम करने तथा टिकाऊ कृषि पद्धतियों को बढ़ावा देना है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
WhatsApp Icon
Whatsapp
ज्वॉइन करें
site-below-footer-wrap[data-section="section-below-footer-builder"] { margin-bottom: 40px;}