रिटायरमेंट के बाद कर्मचारी के लाभ से वसूली नहीं, मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने 90 दिन में राशि लौटाने के दिए निर्देश

रिटायरमेंट के बाद कर्मचारी के लाभ से वसूली नहीं, मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने 90 दिन में राशि लौटाने के दिए निर्देश
भोपाल। हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह की एकलपीठ ने सेवानिवृत्ति के बाद कर्मचारी के सेवानिवृत्ति लाभ से एक लाख 93 हजार 752 रुपये की वसूली को कानूनन गलत ठहराते हुए संबंधित आदेश निरस्त कर दिया। कोर्ट ने निर्देश दिया कि यदि राशि वसूल ली गई है तो उसे याचिकाकर्ता को लौटाया जाए तथा सभी देय लाभ आदेश की प्रमाणित प्रति प्राप्त होने के 90 दिन के भीतर दिए जाएं।
सेवानिवृत्ति लाभ से राशि की वसूली का जारी हुआ था आदेश- याचिकाकर्ता भोपाल निवासी सैयद याकूब अली पुलिस में रहे हैं और उनकी ओर से अधिवक्ता सचिन पांडे ने पक्ष रखा। उन्होंने दलील दी कि याचिकाकर्ता 30 जून 2024 को अधिवार्षिकी आयु पूरी कर सेवानिवृत्त हुए थे। इसके बाद 23 अक्टूबर 2024 को उनके सेवानिवृत्ति लाभ से उक्त राशि की वसूली का आदेश जारी किया गया था।
सुप्रीम कोर्ट के फैसले और सरकारी परिपत्रों का हवाला- अधिवक्ता पांडे ने सुप्रीम कोर्ट के स्टेट ऑफ पंजाब विरुद्ध रफीक मसीह फैसले का हवाला देते हुए कहा कि सेवानिवृत्त कर्मचारी से ऐसी वसूली नहीं की जा सकती।कोर्ट ने राज्य शासन के 2015 और 2017 के परिपत्रों का उल्लेख करते हुए कहा कि वसूली संबंधी कार्रवाई सेवानिवृत्ति से एक माह पहले पूरी की जानी चाहिए। इन प्रविधानों और सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के आधार पर कोर्ट ने वसूली आदेश को निरस्त कर दिया।



