
उच्च न्यायालय के आदेश की अवहेलना पर जिला शिक्षा अधिकारी को दिया नोटिस
ताल ब्यूरो चीफ शिवशक्ति शर्मा
सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक भानुप्रताप शुक्ला एवं प्रकाश चन्द्र वर्मा ने चतुर्थ क्रमोन्नति वेतनमान एवं अन्य स्वत्वों के निराकरण हेतु माननीय उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर में अभिभाषक के माध्यम से याचिका क्रमांक 1882/2026 दायर की थी। परिणाम स्वरूप माननीय उच्च न्यायालय द्वारा जिला शिक्षा अधिकारी रतलाम को साठ दिवस का समय प्रकरण निपटारा करने हेतु दिया था किन्तु अवधि पूर्ण होने के बावजूद प्रकरण आज दिनांक तक जस का तस है।इस प्रकार जिला शिक्षा अधिकारी रतलाम ने दी गई अवधि पूर्ण होने पर प्रकरण का निराकरण नहीं करते हुए स्पष्टतया माननीय उच्च न्यायालय के आदेश की अवहेलना की है।
मजबूरन प्रार्थियों को अभिभाषक मनीष फरक्या के माध्यम से पांच दिवस में प्रकरण निपटारा करने का नोटिस दिया गया है।उक्त समयावधि में यदि प्रकरण का निपटारा नहीं हुआ तो जिला शिक्षा अधिकारी रतलाम के विरुद्ध माननीय उच्च न्यायालय के आदेश की अवहेलना का वाद प्रस्तुत किया जावेगा। जिसके हर्जे खर्चे का समस्त उत्तरदायित्व जिला शिक्षा अधिकारी रतलाम का रहेगा। स्मरण रहे विगत तीन दिन से फोन लगाकर समस्या बतियाना चाह रहे थे किन्तु जिला शिक्षा अधिकारी ने फोन वेटिंग पर डाल दिया जो विचारणीय होकर निंदनीय है।



