दाऊदी बोहरा समाज के शब्बीर भाई बोहरा के महाकाल मुक्तिधाम आगमन पर किया भव्य स्वागत

पेड़ लगाने से बड़ा धर्म कोई नहीं, मैं जब भी यहां आता हूं मुझे सुकुन महसूस होता – शब्बीर भाई बोहरा
सीतामऊ। महाकाल मुक्तिधाम में निस्वार्थ भाव से समिति द्वारा निरंतर बाबा काल भैरव के धाम को सुंदर मनोहरम् बनाने का का कार्य किया जा रहा है। समिति के पदाधिकारी सदस्यों कि इस सेवा भाव से समाज में सेवा कि प्रेरणा जागृत हो रही है। आज हर किसी के मन में “खाया पिया साथ नहीं जाएगा। मधुर वाणी, सेवा और दिया दान इतिहास बनायेगा।।” का भाव जागृत होने लगा है। यही कारण है कि बाबा काल भैरव महाकाल कि सेवा दर्शन के मुक्ति धाम निरंतर समाजजनों को आगमन हो रहा है। रविवार को महाकाल मुक्तिधाम में नेशनल फर्नीचर के संचालक समाजसेवी श्री शब्बीर भाई बोहरा के आगमन पर मुक्तिधाम समिति अध्यक्ष मुकेश चौरड़िया के नेतृत्व में दुपट्टा पहनाकर भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर संयोजक हेमंत जैन महामंत्री लक्ष्मीनारायण मांदलिया वरिष्ठ चंद्रबिहारी चौहान, प्रशांत चतुर्वेदी, प्रदीप चौरड़िया, आदित्य सेठिया,नमन जैन, व्यवस्थापक मुन्नालाल टेलर आदि उपस्थित रहे।इस अवसर पर महाकाल मुक्तिधाम का शब्बीर भाई बोहरा ने अवलोकन किया और कहा कि प्रकृति धरती वह गुलदस्ता है जहां पर हमें अपने जीवन जीने के लिए सबकुछ मिलता है। हमें इस धरती का धन्यवाद करना चाहिए। विदेशों से सबसे बढ़िया कोई देश है तो हमारे भारत जैसा नहीं है और हमारे भारत में मध्यप्रदेश तथा मध्यप्रदेश में सीतामऊ मंदसौर जैसा अपनापन कही नहीं देखने को मिला। विदेशों में कही रेगिस्तान है तो कहीं पानी है कहीं धुप भी नसीब नहीं होती है। यहां के हवा धूप पर्यावरण के लिए लाखों रुपए खर्च कर विदेश के लोग फ्लाइट से मुम्बई बंबई आते हैं। पर्यावरण कि रक्षा करना हम सबकी जिम्मेदारी है। पर्यावरण है तो हम और हमारी पिढी़ रहेगी। मुक्तिधाम समिति ने सैकड़ों पौधे लगाए और पेड़ बन गए।इन पेड़ों कि छांव हवा किसी से जात धर्म अपना पराया नहीं देखती सबको बराबर नसीब होती है। पेड़ लगाने से बड़ा धर्म कोई नहीं है। मैं जब भी यहां आता हूं मुझे सुकुन महसूस होता है। समिति के सभी सदस्यों को इस परोपकारी कार्य के लिए धन्यवाद देता हूं। इस अवसर पर शब्बीर भाई बोहरा ने समिति को 11000/- ग्यारह हजार रुपए प्रदान करने पर समिति द्वारा धन्यवाद आभार व्यक्त किया है।



