IAS अधिकारी के फार्म हाउस पर जुआ पकड़ने का मामला पहुंचा हाईकोर्ट, सस्पेंड थाना प्रभारी ने दायर की याचिका

IAS अधिकारी के फार्म हाउस पर जुआ पकड़ने का मामला पहुंचा हाईकोर्ट, सस्पेंड थाना प्रभारी ने दायर की याचिका
इंदौर। मध्य प्रदेश कैडर की 2009 बैच की वरिष्ठ आईएएस अधिकारी वंदना वैद्य के मानपुर स्थित फार्म हाउस पर हाई-प्रोफाइल जुआ पकड़ने का मामला इंदौर हाईकोर्ट पहुंच गया है। इस मामले में सस्पेंड किए गए मानपुर थाना प्रभारी ने गुरुवार को हाईकोर्ट की इंदौर बेंच में एक याचिका दायर की है, जिसमें उन्होंने अपने साथ 2 अन्य लोगों के सस्पेंशन समेत वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों द्वारा दबाव बनाने समेत कई गंभीर मुद्दे उठाए हैं। हाईकोर्ट ने याचिका स्वीकार करते हुए इस मामले में 1 अप्रैल को सुनवाई निर्धारित की है।
आईएएस अधिकारी के फार्म हाउस पर थाना प्रभारी ने मारा था छापा
मानपुर थाना प्रभारी लोकेंद्र सिंह हिंहौरे को 10-11 मार्च 2026 की रात सूचना मिली थी कि उनके थाना क्षेत्र में ही मौजूद एक फार्म हाउस में बड़ी संख्या में कुछ लोगों के द्वारा जुआ खेला जा रहा है। इस सूचना के आधार पर मानपुर पुलिस के द्वारा उसी रात वहां दबिश दी गई। यहां जुआ खेलते 18 लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। इस दौरान इन लोगों के पास से 13 लाख 67971 रुपए भी जब्त किए गए थे। थाना प्रभारी को जांच पड़ताल के बाद मालूम पड़ा कि यह फार्म हाउस वरिष्ठ आईएएस अधिकारी वंदना वैद्य का है इसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया।
मानपुर थाना प्रभारी समेत 3 सस्पेंड
आईएएस अधिकारी के फार्म हाउस पर हुई कार्रवाई बाद पुलिसकर्मियों की संदिग्ध भूमिका बताते हुए 18 मार्च को ग्रामीण एसपी यांगचेन डोलकर भूटिया ने मानपुर थाना प्रभारी लोकेंद्र सिंह हिंहौरे, एएसआई मिथुन और एएसआई रेशम गिरवाल को सस्पेंड कर इनके खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए गए इस कदम के बाद मामला और गंभीर हो गया।
सस्पेंड होने के बाद थाना प्रभारी पहुंचे हाईकोर्ट
पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के द्वारा थाना प्रभारी सहित अन्य पुलिसकर्मियों पर की गई कार्रवाई के विरोध में सस्पेंड थाना प्रभारी लोकेंद्र सिंह ने हाईकोर्ट की इंदौर बेंच में एडवोकेट मिनी रवींद्रन के माध्यम से याचिका लगाई है। एडवोकेट मिनी रवींद्रन के अनुसार थाना प्रभारी लोकेंद्र सिंह ने इस याचिका के माध्यम से जानकारी दी है कि “जब वह जुआ पकड़ने की कार्रवाई करने के लिए गए तो उन्हें यह जानकारी नहीं थी कि यह किसका फार्म हाउस है। सूचना मिलने पर वह कार्रवाई करने पहुंचे थे। जैसे ही उन्होंने यह पूरी कार्रवाई की उसके बाद उन्हें लगातार फोन आने लगे और जिस जगह जुआ पकड़ा था उस स्थान को बदलने को लेकर उन पर दबाव बनाया गया। जब उन्होंने पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ ही अन्य लोगों को जगह और स्थान बदलने से इनकार कर दिया तो उनके ऊपर जांच बैठा दी गई और जांच के बाद उन्हें और 2 एएसआई को सस्पेंड कर दिया गया जो पूरी तरह गलत है। इसी के विरोध में यह याचिका दायर की गई है।
01 अप्रैल को होगी मामले की सुनवाई
एडवोकेट मिनी रविंद्रन ने बताया कि “सस्पेंड थाना प्रभारी लोकेन्द्र सिंह ने 26 मार्च 2026 को इस संबंध में एक याचिका हाईकोर्ट की इंदौर बेंच में दायर की है। जिसे हाईकोर्ट ने सुनवाई के लिए स्वीकार करते हुए 1 अप्रैल का समय दिया है” उन्होंने इस मामले में कोर्ट के सामने क्या तर्क रखे, इसकी जानकारी नहीं दी लेकिन प्रारंभिक तौर पर यह अनुमान लगाया जा रहा है कि जिस तरह से थाना प्रभारी पर कार्रवाई हुई है उसको उन्होंने गलत बताया है और इस मामले में अब 1 अप्रैल को सुनवाई होगी।



