जिस बेटी का पिता ने किया अंतिम संस्कार, वह 8 माह बाद जिंदा मिली, पुलिस ने कोर्ट से की चौंका देने वाली गुजारिश

जिस बेटी का पिता ने किया अंतिम संस्कार, वह 8 माह बाद जिंदा मिली, पुलिस ने कोर्ट से की चौंका देने वाली गुजारिश
इंदौर- एमपी के इंदौर से एक ऐसा मामला सामने आया है, लकड़ी के चक्कर में अक्सर लड़कों को लड़ते-झगड़ते तो आपने देखा-सुना होगा. लेकिन, यहां एक जिंदा लड़की की हत्या और दुष्कर्म के आरोप में दो अलग-अलग लड़के सजा काट रहे हैं. यहां तक की उसी लड़की के नाम पर किसी और महिला के शव का अंतिम संस्कार भी हो गया. इस कहानी में कई मोड़ हैं.
मामला मध्य प्रदेश के इंदौर का है. दरअसल, 25 जुलाई 2022 गौतमपुरा जंगल में अधजली लाश देखकर पुलिस ने मानपुरा से लापता हुई लड़की के पिता को बुलाया और शव की पहचान कराई. पिता ने बेटी के रूप में उसकी पहचान की. परिवार में कोहराम मच गया. इसी बीच पुलिस ने सारी कार्रवाई की और उसके बाद अंतिम संस्कार भी करा दिया गया. यहां तक कि मामले में हत्या का केस दर्ज कर एक युवक को जेल भी भेज दिया गया.
करीब 8 माह बाद धार पुलिस ने हत्या के आरोप में एक युवक को पकड़ा. आरोपी ने बताया कि उसने हत्या के बाद शिवानी (22) पति सतीश दशाना, निवासी मोती नगर, सागौर का शव गौतमपुरा के जंगल में फेंक दिया था. जब लाश नहीं मिली तो धार पुलिस ने छानबीन शुरू की. मामला मानपुरा पुलिस तक पहुंचा. जांच में खुलासा हुआ कि मानपुरा पुलिस ने जिसका अंतिम संस्कार कराया था, वह शिवानी थी।
शव शिवानी का निकला तो मानपुरा से लापता हुई लड़की का केस फिर खुला. मामले में मानपुरा पुलिस ने लड़की को भगा ले जाने वाले सोहन की तलाश की. करीब आठ माह वह सोहन देवास से पकड़ा गया. तब पता चला कि जिस लड़की की हत्या मानकर उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया, वह सोहन के साथ ही है. इस मामले में पहले सोहन के दोस्त को हत्या का सहआरोपी मानकर पुलिस पकड़कर जेल भेज चुकी थी.
सोहन पर पाक्सो एक्ट और दुष्कर्म का केस दर्ज किया गया. वहीं इस लड़की की हत्या का केस भी पुलिस ने दर्ज किया था, जिसमें सोहन का दोस्त जेल में बंद था. कोर्ट में मामला जाने के बाद पुलिस ने वकील के माध्यम से कोर्ट को पूरी कहानी बताई और हत्या और हत्या की साजिश की धारा हटाने के लिए आवेदन दिया है. मामले में अगली सुनवाई 22 अप्रैल को होगी.