मंदसौरमंदसौर जिला
पेंशनर महासंघ के जिला उपाध्यक्ष के.के. भट्ट के निधन पर संगठन ने दी श्रद्धांजलि
District Vice President of Pensioners Federation K.K. Bhatt

***********************************
मन्दसौर। सेवानिवृत्त एवं पेंशनर नागरिक महासंघ जिला मंदसौर के उपाध्यक्ष श्री कृष्णकांत भट्ट निवासी गरोठ के आकस्मिक निधन 21 मार्च को प्रातः 6 बजे हो जाने के समाचार से पेेंशनर समाज मंे शोक की लहर व्याप्त हो गई।
श्री के.के. भट्ट को शोक श्रद्धांजलि देने के लिए डे केअर सेंटर मंदसौर पर एक शोक सभा का आयोजन किया गया जिसमें जिलाध्यक्ष श्रवण कुमार त्रिपाठी ने कहा कि श्री भट्ट संगठन के भानपुरा गरोठ क्षेत्र के कर्मठ कार्यकर्ता थे। आपके नेतृत्व में इस क्षेत्र की सभी इकाइयों का गठन किया। आपकी देखरेख में सभी इकाईयां सक्रिय थी अब आपके निधन से जो शून्य की स्थिति बनी है उसकी पूर्ति होना कठिन है।
जिला उपाध्यक्ष रमेशचन्द्र चन्द्रे ने कहा कि श्री भट्ट एक शिक्षाविद के साथ-साथ कुशल प्रशासक भी रहे। उनमें नेतृत्व के गुण कूट-कूट के भरे थे। वे शायद शिक्षक नहीं होते तो एक कुशल नेता होते। आपके निधन से जो क्षति हुई है उसकी पूर्ति सम्भव नहीं हो सकेगी।
जिला सचिव नन्दकिशोर राठौर ने कहा कि श्री भट्ट मिलनसार एवं सामाजिक व्यक्तित्व के धनी थे। आपकी वाणी से पूरा क्षेत्र सम्मोहित होकर कार्य कर रहा था। आपके स्थान की पूर्ति करना असंभव सा लगता है।
श्री भट्ट के निधन पर पेंशनर महासंघ के जिला सचिव नन्दकिशोर राठौर, नगर अध्यक्ष अशोक रामावत, नगर सचिव चन्द्रकांत शर्मा, जानकीलाल पण्ड्या, सुरेश कुलकर्णी, बसंतराव हुपेले, देवकीनंदन पालरिया, दिलीप कुमार काले, घनश्याम व्यास, गोवर्धनदास बैरागी, राजेंद्र पाठक, अजीजुल्लाह खान, शिवनारायण व्यास, महावीर रघुवंशी, कोमल वाणवार, लक्ष्मीनारायण आंजना, बी.एम. नारानिया, लक्ष्मीनारायण आंजना, विष्णुलाल भदानिया, राजाराम तंवर, किशनसिह चौहान, प्रहलाद सोनी आदि ने श्रद्धांजलि दी है।
श्री के.के. भट्ट को शोक श्रद्धांजलि देने के लिए डे केअर सेंटर मंदसौर पर एक शोक सभा का आयोजन किया गया जिसमें जिलाध्यक्ष श्रवण कुमार त्रिपाठी ने कहा कि श्री भट्ट संगठन के भानपुरा गरोठ क्षेत्र के कर्मठ कार्यकर्ता थे। आपके नेतृत्व में इस क्षेत्र की सभी इकाइयों का गठन किया। आपकी देखरेख में सभी इकाईयां सक्रिय थी अब आपके निधन से जो शून्य की स्थिति बनी है उसकी पूर्ति होना कठिन है।
जिला उपाध्यक्ष रमेशचन्द्र चन्द्रे ने कहा कि श्री भट्ट एक शिक्षाविद के साथ-साथ कुशल प्रशासक भी रहे। उनमें नेतृत्व के गुण कूट-कूट के भरे थे। वे शायद शिक्षक नहीं होते तो एक कुशल नेता होते। आपके निधन से जो क्षति हुई है उसकी पूर्ति सम्भव नहीं हो सकेगी।
जिला सचिव नन्दकिशोर राठौर ने कहा कि श्री भट्ट मिलनसार एवं सामाजिक व्यक्तित्व के धनी थे। आपकी वाणी से पूरा क्षेत्र सम्मोहित होकर कार्य कर रहा था। आपके स्थान की पूर्ति करना असंभव सा लगता है।
श्री भट्ट के निधन पर पेंशनर महासंघ के जिला सचिव नन्दकिशोर राठौर, नगर अध्यक्ष अशोक रामावत, नगर सचिव चन्द्रकांत शर्मा, जानकीलाल पण्ड्या, सुरेश कुलकर्णी, बसंतराव हुपेले, देवकीनंदन पालरिया, दिलीप कुमार काले, घनश्याम व्यास, गोवर्धनदास बैरागी, राजेंद्र पाठक, अजीजुल्लाह खान, शिवनारायण व्यास, महावीर रघुवंशी, कोमल वाणवार, लक्ष्मीनारायण आंजना, बी.एम. नारानिया, लक्ष्मीनारायण आंजना, विष्णुलाल भदानिया, राजाराम तंवर, किशनसिह चौहान, प्रहलाद सोनी आदि ने श्रद्धांजलि दी है।