
शबे कद्र व माहे मुबारक अलविदा ,जुमे की नमाज मोमिनो ने कि अदा
डग -रमजान माह काफी मुकद्दस वाला है इसमें 27 वी शब पर चारो मस्जिदों के पेश इमाम हाफिजो ने मस्जिदों मे विशेष नमाज तराबी में कुरान मोखिक सुना कर मुकम्मल कराया, नमाज बाद अंजुमन कमेटी ने बस्ती की और से हाफिजो को, खिदमतगार को नजराना दिया गया उसके बाद हर मोमिन ने मस्जिदों में व महिलाओं ने रात भर घर पर इबादत कर इंसानियत के रास्ते पर चलने, बुरे कामों से तौबा करने व देश में अमन चैन,भाई चारे की दुआ मांगी , शुक्रवार को माहे मुबारक अलविदा की नमाज भी अदा की गई,हर मुस्लिम ने रात भर ईबादत कर अपने गुनाहों की तौबा कर दुआ की, हाफिज हसन रजा ने इस्लाम के पांच मूल स्तंभ ,अल्लाह एक है, नमाज, जकात, रोजा और हज स्तंभ है जकात में अपनी आय का ढाई प्रतिशत हिस्सा अपनी बस्ती के विधवा,अनाथ, जरूरतमंदों को ईद की नमाज अदा करने से पहले देना जरूरी है, ताकि गरीबों की आर्थिक स्थिति मजबूत हो वह भी ईद खुशहाली से मना सके।