लग्जरी लाइफ जीने के शौकीन मल्हारगढ़ का 10वीं पास युवक अजय राठौर ने मप्र ,राजस्थान के लोगों से 25 करोड़ की ‘ठगी

लग्जरी लाइफ जीने के शौकीन मल्हारगढ़ का 10वीं पास युवक अजय राठौर आए दिन विदेश टूर करता था. 80 लाख की महंगी कार से घूमता था. महंगे होटलों में जाना और सिक्योरिटी लेकर घूमता था. पुलिस को जब शिकायत मिली तो रईसी की असली वजह सामने आई
मंदसौर। मध्य प्रदेश और राजस्थान के 12 जिलों के 950 लोगों को 25 करोड़ की चपत लगाने वाले मल्हारगढ़ के अजय राठौर और पिपलियामंडी के आदित्य पालीवाल अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं. दोनों बचपन के दोस्त हैं. महज 10वीं तक पढ़े अजय ने तीन साल तक मुंबई में शेयर बाजार में ट्रेडिंग की ट्रेनिंग ली थी. मायानगरी मुंबई से वापस आकर उसने 12वीं तक पढ़े दोस्त आदित्य के साथ फर्जी कंपनियां बनाई. लोगों को आकर्षक रिटर्न का लालच दिया. निवेशकों को झांसा देने के लिए दोनों एक पंचलाइन का भी इस्तेमाल करते थे. इनका कहना था ‘2 साल हमें दो, पूरी जिंदगी घर बैठे खाओ.’ अजय लग्जरी लाइफ जीने का शौकीन था. वह 80 लाख रुपये कीमत की जगुआर कार से घूमता था. उसका दोस्त आदित्य गनमैन के साथ घूमता था।
दोनों आरोपियों की लग्जरी लाइफ और चकाचौंध से प्रभावित होकर कई लोग झांसे में आकर पैसे निवेश करते गए. दोनों आरोपियों ने लोगों को डेढ़ साल में पैसा डबल करने का लालच देकर करोड़ों रुपये की काली कमाई की. कई लोग तो अभी भी पुलिस के पास शिकायत दर्ज करवाने ही नहीं पहुंचे हैं।
फरियादी विनय पिता अजीत कुमठ जैन निवासी नारायणगढ़ ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि आरोपी अजय राठौर पिता महेश राठौर निवासी 53, जवाहर मार्ग मल्हारगढ़ एवं आदित्य पिता शिवलाल पालीवाल निवासी पिपलियामंडी चैपाटी ने धोखाधड़ी की है. आरोपियों ने क्रोलिक मार्केटिंग एवं बन्नी एफएक्स कंपनी में निवेश करवाया और 18 महीने में पैसा डबल करने का ऑफर दिया था. कंपनी का ऑफिस महू नीमच रोड अशोक टोल कांटा के सामने आदित्य टावर दूसरी मंजिल पर बताया था।
वाय डी नगर थाना प्रभारी संदीप सिंह मंगोलिया ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद आरोपी अजय और आदित्य के खिलाफ केस दर्ज किया है. शुरुआती स्तर पर करीब ढ़ाई करोड़ की धोखाधड़ी सामने आई है. अभी नगदी वाले पीड़ित ने शिकायत नहीं की है. धोखाधड़ी 20-25 करोड़ की बताई जा रही है.
ऐसे दिया निवेशकों को लालच
आरोपी अजय और आदित्य निवेशकों से कंपनी में एक लाख रुपये जमा करने पर 18 माह बाद 2 लाख रुपये वापस देने का भरोसा देते थे. हर माह 11111 रुपये रिर्टन देने का झांसा देते थे. शुरुआत में कुछ लोगों ने पैसे लौटाए तो लोग लालच में आ गए और पैसे लगाने लगे. लोगों को फंसाने के लिए अजय और आदित्य ने कई सेमीनार आयोजित किए. मंदसौर जिले में ही नहीं बल्कि उदयपुर, इंदौर, रतलाम, बेटमा सहित कई शहरों में कॉलोनी काटने और उससे होने वाले मुनाफे का लालच भी दिया गया.करीब 20-25 करोड़ की धोखाधड़ी करने की जानकारी सामने आई है।
मौज-मस्ती में उड़ाते थे पैसा
दोनों आरोपी कंपनी के नाम से निवशकों से मिले पैसे से लग्जरी लाइफ जी रहे थे. अजय 80 लाख की कार जगुआर से चलता था. इसके अलावा फॉरेन टूर करने के शौकीन थे. आरोपियों ने एक नई कंपनी बिग बुल के नाम से बनाथी. इसके जरिये भी नए लोगों को ठगा.
इधर, अजय के पिता महेशकुमार राठौर ने बीते रविवार को थाने में आवेदन दिया. उन्होंने अपने आवेदन में बताया कि पुत्र अजय से उनका कोई संबंध नहीं है. वह गलत हरकतों की वजह से उसे 3 साल पहले ही संपत्ति से बेदखल कर चुके हैं।
एसपी मंदसौर अभिषेक आनंद ने बताया, ‘ठगी के आरोपी अजय राठौर और आदित्य पालीवाल की तलाश में पुलिस की कई टीमें लगातार एक्टिव हैं. जल्द ही दोनों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।