कयामपुर में सर्प शिक्षा अभियान के तहत सर्पदंश जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया

कयामपुर-सर्पदंश मृत्युहीन मध्यप्रदेश अभियान के अन्तर्गत आज शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कयामपुर में सर्प शिक्षा अभियान के तहत सर्पदंश जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता सर्प शिक्षा अभियान के स्टेट कोऑर्डिनेटर डॉ. अनिल ने सर्वप्रथम विद्यार्थियों को विषैले और बिना विष वाले सर्पों के विषय में जानकारी प्रदान कर बताया कि भारत में चार प्रमुख सर्प कोबरा, कॉमन क्रेट, रसल वाइपर, सॉ-स्केल्ड वाइपर सबसे ज्यादा विषैले होते हैं। इसके बाद सभी सर्प विषहीन होते है।
डॉ. अनिल ने बताया पिछले 20 साल का रिकॉर्ड देखें तो भारत में 12 लाख से ज्यादा लोगों की मौत सिर्फ सांप के काटने और जहर फैलने से हुई है. वहीं इनमें से भी 97 फीसदी मौतें गांव-देहात के इलाकों में हुई है। ग्रामीण इलाकों में सर्पदंश से मौत की बडी वजह इलाज की जगह झांडफूंक एवं देवरा पर भरोसा करना है। सर्पदंश की स्थिति में लोग पीडित को अस्पताल ले जाने की जगह देवरा या झांडफूंक के पास ले जाते हैं. ऐसी स्थिति में ज्यादातर मौतें समय पर इलाज ना मिल पाने के कारण होती है जबकि सर्पदंश से पीडित को तत्काल अस्पताल ले जाकर जान बचाई जा सकती है।
डॉ. अनिल ने बताया कि यदि किसी व्यक्ति को किसी भी प्रजाति को साप काट लेता है तो सर्वप्रथम प्राथमिक घरेलु उपचार जैसे सर्पदंश के स्थान को अच्छे से एंटीसेप्टिक, साबुन तथा डेटॉल से साफ करे और पीड़ित व्यक्ति को ढांढस बधाएँ व भयमुक्त करे यह बताकर कि सर्पदंश का इलास सम्भव है और हम शीघ्र चिकित्सालय पहुँच जायेंगे। आज सभी जिला चिकित्सालय में सर्पदंश का इलाज सम्भव है। सर्पदंश के बाद कभी भी अन्धविश्वास जैसे झाड़फूक, देवस्थान, ओझा इत्यादि से इलाज करने वाले व्यक्ति के चक्कर में नहीं आना चाहिए क्योंकि सर्पदंश का इलाज केवल चिकित्सालय में एंटी स्नेक वेनम द्वारा ही सम्भव है।
कार्यक्रम के अन्त में विभिन्न विद्यार्थियों प्रश्नों के उत्तर आपके द्वारा दिए गए और जो भ्रामिक जानकारी थी उसे दूर किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के सभी शिक्षक एवं शिक्षिकाएं उपस्थित रही।
संस्था प्राचार्य श्री विक्रम शर्मा ने अभार माना। डॉ. अनिल के द्वारा कार्यालय ग्राम पंचायत कयामपुर जनपद पंचायत सीतामऊ में सर्पदंश जनजागरूकता कार्यक्रम किया। कार्यक्रम में पंचायत सचिव दसरथ सिंह चौहान एवं पंचायत सरपंच जगदीश सरकार एवं अन्य ग्रामीण किसान उपस्थित रहे। सर्पदंश मृत्युहीन मध्यप्रदेश के अंतर्गत आयुष्मान आरोग्यम मंदिर प्राथमिक स्वास्थ केंद्र कयामपुर में सर्पदंश जनजागरूकता हेतु निःशुल्क पोस्टर लगाया।