पंचायत मे पड़े पड़े पौधे सुख गये मगर दोबड़ा पंचायत मे अवैध पट्टे की भूमि नहीं हुईं अतिक्रमण मुक्त
पटवारी को चढ़ाये गये जल को अगर पंचायत मे पड़े पौधों को चढ़ाया गया होता तो इतने दिनों मे पौधे सुखते नहीं
अवैध पट्टे को लेकर पटवारी के ऊपर बैठी जाँच
पट्टे की जमीन ख़ारिज करने मे रोज लग रही है नई नई तारीखे
कही तारीखों का बदलना पटवारी के पक्ष मे तो नहीं हो रहा है
मामला संजीत टप्पे के दोबड़ा पंचायत का जहाँ हल्का पटवारी की मिलीभगत से पंचायत की भूमि व गोचर की भूमि जो की गाय भैसों के पानी पिने की लिये एक तलाई भी खोद रखी है और तो और पंचायत वालो ने उस भूमि मे एक पेड माँ के नाम वृक्षारोपण के लिये उक्त भूमि चयनित कर रखी है उसके बावजूद भी हल्का पटवारी ने पटवारी के मिलने वाले जोला उठाने वाले के नाम और तीन और साथी के नाम से उक्त भूमि मे आवासीय पट्टे काट दिये जो की नियम के विरुद्ध है
वही सूत्रों के माने तो पटवारी द्वारा जो पट्टे बनाये गए है वो पट्टे नायब तहसीलदार द्वारा ख़ारिज हो सकते है पट्टे ख़ारिज नहीं करते हुवे पट्टे धारियों के साथ नोटिस नोटिस का खेल खेला जा रहा है तारीखों पे तारीख बढ़ती जा रही है वही सूत्रों के अनुसार नायब साहब द्वारा पटवारी को बचाया जा रहा है वही पटवारी के ऊपर एक जाँच बैठाई गईं है वो भी कागजो मेइधर तारीख पर तारीख बढ़ रही है उधर पंचायत मे पड़े पौधे सुखते जा रहे है
आखिरकार इन पौधों को लगाये तो कहाँ लगायेमल्हारगढ़ एसडीएम महोदय व कलेक्टर महोदय थोड़ा इस और ध्यान दीजिये क्या हो रहा है संजीत टप्पे मे