मध्यप्रदेशरतलाम

 मध्यप्रदेश समाचार रतलाम 18 फरवरी 2024

 मध्यप्रदेश समाचार रतलाम 18 फरवरी 2024

आचार्य श्री विद्यासागर महाराज की अंतिम यात्रा में हुए शामिल मंत्री श्री काश्यप

राज्य सरकार की ओर से दी श्रद्धांजलि

रतलाम 18 फरवरी 2024/ सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री श्री चैतन्य काश्यप ने रविवार को पूज्य संत आचार्य श्री विद्यासागरजी महाराज की अंतिम यात्रा में शामिल होकर मध्यप्रदेश सरकार की ओर से श्रद्धांजलि दी। उल्लेखनीय है कि आचार्य श्री का गत रात लगभग ढाई बजे समाधि देहविलय हो गया था।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपनी शोक संवेदना व्यक्त करते हुए मंत्री श्री काश्यप को आचार्य श्री की अंतिम यात्रा में सम्मिलित होने के लिए भेजा था। श्री काश्यप विशेष विमान से राजनादगांव पहुंचे और वहां से डोंगरगढ़ पहुंच कर चंद्रगिरी में आचार्य श्री की अंतिम यात्रा में सम्मिलित हुए।

मंत्री श्री काश्यप ने इस अवसर पर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि आचार्य श्री विद्यासागर महाराज के आदर्श और शिक्षा पूरे विश्व का मार्ग प्रशस्त करेगी। उन्होंने कहा कि आचार्य श्री की मध्यप्रदेश पर बहुत कृपा थी, दुनिया भर में उनके अनुयायी महानिर्वाण से दुखी है। उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. यादव और राज्य सरकार की ओर से श्रद्धांजलि व्यक्त करते हुए ईश्वर से आचार्य श्री को अपने श्री चरणों में स्थान देने की प्रार्थना की।

============

चना, मसूर एवं सरसों के पंजीयन हेतु जिले में 65 केन्द्र स्थापित

पंजीयन अंतिम तिथि 10 मार्च

रतलाम 18 फरवरी 2024/ जिले में चना, मसूर एवं सरसों की खरीदी न्यूनतम समर्थन मूल्य पर की जाएगी, जिसके पंजीयन 20 फरवरी से 10 मार्च तक ई-उपार्जन पोर्टल पर किया जाना है। उपसंचालक कृषि ने बताया कि जिले में विकासखण्ड रतलाम में 13 केन्द्र, जावरा में 13, पिपलौदा में 8, सैलाना में 3, बाजना में 2 तथा आलोट में 26 केन्द्र, इस प्रकार कुल 65 केन्द्र पंजीयन हेतु स्थापित किए गए हैं, जिसके लिए केन्द्रवार नोडल अधिकारी एवं 6 सेक्टर अधिकारी नियुक्त किए गए हैं।

साथ ही अन्य माध्यमों एम.पी. आनलाईन, कियोस्क, कामन सर्विस सेन्टर, लोक सेवा केन्द्र एवं सायबर केफे पर भी किसान पंजीयन की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। पंजीयन कराने हेतु आवश्यक दस्तावेज जैसे आधार कार्ड, बैंक पासबुक, खाता खसरा के साथ पंजीयन केन्द्रों पर पंजीयन हेतु उपस्थित हों। कृषक चना, मसूर एवं सरसों का समर्थन मूल्य पर उपार्जन हेतु अधिकाधिक संख्या में केन्द्रों पर पहुंचकर पंजीयन कराएं जिससे फसल का उपार्जन किया जा सके।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
site-below-footer-wrap[data-section="section-below-footer-builder"] { margin-bottom: 40px;}