समाचार मध्यप्रदेश नीमच 27 फरवरी 2026 शुक्रवार

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जिले की मदिरा दुकानों का निष्पादन ई-टेण्डर के माध्यम से होगा
ई-टेण्डर कम आक्सन प्रपत्र 2 मार्च को खोले जाएंगे
नीमच 26 फरवरी 2026, जिला आबकारी अधिकारी श्री बसंत कुमार भिटे ने बताया, कि नीमच जिले में वर्ष 2026-27 के लिये अर्थात 01 अप्रैल से 31 मार्च 2027 तक की अवधि के लिये, 54 कंपोजिट मदिरा दुकाने जो कि 12 समूहों में संचालित है, जिनका वर्ष 2026-27 का आरक्षित मूल्य रूपये 1,63,81,33,286/ हैं। वर्ष 2026-27 हेतु ई-टेण्डर (ई-टेण्डर एवं ई-टेण्डर कम ऑक्शन) हेतु प्रथम चरण बैच 1 ई-टेण्डर (ई- टेण्डर एवं ई- टेण्डर कम ऑक्शन) हेतु ऑनलाइन टेण्डर प्रपत्र डाउन लोड एवं ऑफर 27 फरवरी 2026 को प्रातः 10.00 बजे से 02 मार्च 2026 को दोपहर 02.00 बजे तक, सब्मिट किए जा सकेंगे।
ई-टेण्डर कम ऑक्शन प्रपत्र खोलने की 02 मार्च 2026 को दोपहर 02.05 बजे से, ई टेण्डर कम ऑक्शन अंतर्गत ऑक्शन प्रारंभ एवं बंद होने की तिथि 02 मार्च 2026 को दोपहर 03.30 बजे से सायंकाल 05.30 बजे तक (तत्पश्चात 15 मिनिट के अंतराल में बोली दिये जाने पर आगामी 15 मिनिट के लिए समयावधि में वृद्धि), ई-टेण्डर खोलने की तिथि संबंधित समूह का ऑक्शन समाप्त होने अथवा 02 मार्च 2026 को सायंकाल 06:00 बजे (जो भी बाद में हो), जिला समिति द्वारा ई-टेण्डर (ई-टेण्डर एवं ई-टेण्डर कम ऑक्शन) के माध्यम से निराकरण करने की तिथि एवं समय ई-टेण्डर खोलने की प्रक्रिया पूर्ण होने तक रहेगी।
ई-टेण्डर (ई-टेण्डर एवं ई-टेण्डर कम ऑक्शन) प्रक्रिया में टेंडर फार्म की कीमत प्रति समूह 30,000/- रूपये हैं। विस्तृत जानकारी जिला आबकारी अधिकारी कार्यालय में अवकाश के दिनों सहित कार्यालयीन समय में प्राप्त की जा सकती हैं।
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कलेक्टर द्वारा अवैध परिवहन के एक प्रकरण में 2 लाख से अधिक की शास्ति आरोपित
नीमच 26 फरवरी 2026, कलेक्टर श्री हिमाशु चंद्रा द्वारा अवैध खनिज परिवहन के एक प्रकरण में कुल 2 लाख 10 हजार 500 की शास्ति अधिआरोपित की गई हैं। म.प्र.खनिज (अवैध खनन, परिवहन तथा भण्डारण का निवारण) नियम 2022 के तहत अनावेदक अवैध परिवहनकर्ता वाहन मालिक मनोज पिता मोहनलाल धाकड़ निवासी 36 महु रोड नीमच द्वारा एमसेण्ड का अवैध परिवहन करने पर खनिज रायल्टी का 15 गुना अर्थशास्ति राशि 10500 रूपए एवं पर्यावरण क्षतिपूर्ति 2 लाख रूपये इस प्रकार कुल 2 लाख 10 हजार 500 रूपए की शास्ति अधिरोपित की हैं। खनिज विभाग द्वारा खनिज का अवैध उत्खनन पाए जाने पर, प्रकरण पंजीबद्ध कर, कलेक्टर न्यायालय नीमच में प्रस्तुत किया गया था।
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अजय तीन माह के लिए जिला बदर
नीमच 26 फरवरी 2026, जिला मजिस्ट्रेट श्री हिमांशु चंद्रा व्दारा म.प्र.राज्य सुरक्षा अधिनियम 1990 की धारा 5(क) के तहत लसुडिया आंत्री निवासी अजय पिता राजू बांछडा को तीन माह की अवधि के लिए जिला बदर का आदेश जारी किया गया हैं। उक्त अवधि में अजय नीमच जिले की राजस्व सीमा तथा समीपवर्ती मंदसौर, रतलाम, शाजापुर, उज्जैन, देवास, आगर मालवा जिले की राजस्व सीमा में तीन माह की अवधि तक प्रवेश नहीं कर सकेगा। अनावेदक अजय के विरूद्ध कुकडेश्वर पुलिस थाने में विभिन्न धाराओं में अपराध पंजीबद्ध होकर न्यायालय में विचाराधीन हैं।
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मदिरा दुकाने 4 मार्च को बंद रखने का आदेश
नीमच 26 फरवरी 2026, कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा द्वारा म.प्र.आबकारी अधिनियम 1915 के तहत 4 मार्च 2026 को होली (धुलेण्डी) का त्यौहार होने के कारण लोकहित में नीमच जिले में स्थित समस्त कंपोजिट मदिरा दुकानो, एफ.एल-2 रेस्तरां बार,एफ.एल.3 होटल बार, एफ.एल.-6 थोक सैनिक केंटीन एवं एफ.एल.7 फुटकर सैनिक केंटिन को 4 मार्च 2026 को दोपहर 2 बजे तक के लिये बंद रखने का आदेश दिया गया हैं। उक्त अवधि में मंदिरा का विक्रय परिवहन संग्रहण प्रतिबंधित किया गया हैं। उक्त आदेश का कडाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
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जिला पंचायत सीईओ श्री वैष्णव ने फोफलिया, हरवार एवं कोठडी इस्तमुरार, में अमृत सरोवर निर्माण स्थलों का निरीक्षण किया
नीमच 26 फरवरी 2026, जिला पंचायत सीईओ श्री अमन वैष्णव ने गुरूवार को उपखण्ड नीमच क्षेत्र के भ्रमण दौरान ग्राम पंचायत फोफलिया, हरवार एवं कोठडी इस्तमुरार, में प्रस्तावित अमृ़त सरोवर निर्माण के चिंहित स्थलों का निरीक्षण किया एवं संबंधित अधिकारियों को मौके पर उपरोक्त नवीन अमृ़त सरोवर का निर्माण गुणवत्तापूर्ण किये जाने के निर्देश दिये।
ग्राम पंचायत फोफलिया अंतर्गत चिंहित अमृत सरोवर के स्थल को जिला पंचायत सीईओ श्री वैष्णव ने उपयुक्त बताते हुए कार्य प्रारंभ करने के निर्देश ग्राम पंचायत को दिये। ग्राम पंचायत हरवार में चिंहित अमृत सरोवर के स्थल को उपयुक्त नही बताते हुए नवीन स्थल चयन करने के कार्यपालन यंत्री, ग्रा.या.से.संभाग नीमच को निर्देश दिये। उन्होने ग्राम पंचायत कोटडी ईस्तमुरार में प्रस्तावित अमृत सरोवर तालाब में अधिक जल भराव क्षमता हो, इस केनिर्माण कराने के निर्देश दिये।
इस भ्रमण के दौरान कार्यपालन यंत्री आरईएस नीमच श्री बी.एल. कतिजा, जनपद सीईओ नीमच श्री आरिफ खान, परियोजना अधिकारी मनरेगा जिला पंचायत नीमच श्री सुशील दौराया, सहायक यंत्री, जनपद पंचायत नीमच श्री राजेश आर्य व संबंधित उपयंत्री व ग्राम पंचायत सचिव व रोजगार सहायक उपस्थित थे।
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नीमच सिटी में आयुर्वेद चिकित्सा शिविर सम्पन्न – 92 रोगियों ने स्वास्थ्य लाभ लिया
नीमच 26 फरवरी 2026, आयुष विभाग नीमच द्वारा गुरूवार को वृद्धजनों एवं वरिष्ठजनों के लिए नि:शुल्क आयुष चिकित्सा शिविर शासकीय आयुर्वेद औषधालय नीमच सिटी में आयोजित किया गया। जिसमें उपस्थित आमजनों का निशुल्क बी.पी. एवं शुगर की जांच के साथ आवश्यक परामर्श के साथ निशुल्क आयुष दवाईयां प्रदान की गई। शिविर में कुल 92 रोगियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। शिविर में डॉ.विवेक शर्मा, डॉ.हर्षवर्धन शर्मा, डॉ.दीपिका पाटीदार, डॉ.निकिता बघेल, श्री हरीश दास बैरागी, श्रीमती भावना बैरागी, श्री शैलेन्द्र पाटीदार, श्री मंगीलाल निनामा आदि आयुष स्टाफ ने सेवा दी हैं।
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कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा की अध्यक्षता में जिला बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति की बैठक सम्पन्न
नीमच 26 फरवरी 2026, कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा की अध्यक्षता में गुरूवार को जिला बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति की त्रैमासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री अमन वैष्णव भी उपस्थित थे। बैठक में जिला कार्यक्रम अधिकारी म.बा.वि. नीमच सुश्री अंकिता पंड्या ने गैर सांस्थानिक सेवाएं, सांस्थानिक सेवाएं, बाल भिक्षावृत्ति, बाल श्रम, जागरूकता कार्यक्रम, प्रशिक्षण, वल्नरेबिलिटी मैपिंग एवं संस्था निरीक्षण सम्बंधित जानकारी दी। बैठक में कलेक्टर ने लीगल फ्री से लंबित प्रकरणों का तत्काल निराकरण करने,बाल भिक्षावृत्ति हेतु सघन मॉनिटरिंग करने, दल बनाकर संयुक्त कार्यवाही करने, स्पॉन्सरशिप व पीएम केयर वाले बच्चों की नियमित निगरानी करने, वन स्टॉप सेंटर को फिट फैसिलिटी घोषित करने, शिक्षकों व हॉस्टल वार्डन हेतु विशेष प्रशिक्षण आयोजित करने तथा आवश्यकता व देखरेख वाले बच्चों के नियमित फॉलोअप के निर्देश दिए। बैठक में निर्देश दिए कि कोई भी बच्चा भिक्षावृत्ति न करे यदि पालक करवाते है तो उनपर कार्यवाही की जावे। बच्चों को शिक्षा से जोड़ने।
बैठक में बाल कल्याण समिति अध्यक्ष व सदस्यगण, किशोर न्याय बोर्ड सदस्य, जिला शिक्षा अधिकारी श्री एम एस मांगरिया, जिला संयोजक श्री राकेश राठौर, श्रम पदाधिकारी श्री सज्जनसिंह चौहान, सहायक संचालक श्री वैभव बैरागी, संस्था बाल गृह व शिशु गृह प्रभारी, श्री संजय मसानिया, पुलिस विभाग के प्रतिनिधि एवं अन्य उपस्थित थे।
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बालिकाओं व महिलाओं हेतु जागरूकता कार्यक्रम सम्पन्न
नीमच 26 फरवरी 2026, कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा एवं जिला पंचायत सीईओ श्री अमन वैष्णव के मार्गदर्शन में जिले में 100 दिवसीय बाल विवाह रोकथाम जागरूकता अभियान, PosH अधिनियम,शी बॉक्स,सायबर सुरक्षा तथा महिलाओं के लिए कानूनी प्रावधान संबंधी जागरूकता कार्यक्रम गुरूवार को आयोजित किया गया। परियोजना अधिकारी एवं प्रशासक श्रीमती दीपिका नामदेव,काउंसलर नुसरत तथा सोशल वर्कर सुश्री पूजा मिश्रा ने उपस्थित किशोरी बालिकाओं तथा महिलाओं को आवश्यक जानकारी दी। बाल विवाह रोकथाम सम्बंधित शपथ भी जागरूकता कार्यक्रम में दिलवाई गई। यह जानकारी जिला कार्यक्रम अधिकारी सुश्री अंकिता पंड्या ने दी।
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भारत के दिल से जुड़िए, मध्यप्रदेश के साथ आगे बढ़िए : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मध्यप्रदेश भी बढ़ते हुए राजस्थान के साथ करेगा अपनी भागीदारी
निवेश, नवाचार और विकास की हमारी साझेदारी होगी दीर्घकालिक
मध्यप्रदेश में निवेश की संभावनाओं पर वस्त्र नगरी भीलवाड़ा में हुआ ‘इन्टरेक्टिव सेशन ऑन इन्वेस्टमेंट अपॉर्चुनिटिज़ इन एमपी’
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश में निवेश करने के लिए निवेशकों को किया आमंत्रित
नीमच: 26 फरवरी, 2026, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश आज देश के सबसे तेजी से विकास करने वाले राज्यों में अग्रणी बनकर उभरा है। मध्यप्रदेश में निवेश हर मायने में फायदे का सौदा है। देश के दिल से जुड़िए, विकास और अवसरों के केंद्र से जुड़िए। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के मध्य में स्थित होने से मध्यप्रदेश व्यापार, उद्योग-धंधों की स्थापना और उत्पादों के निर्यात के लिए एक रणनीतिक केंद्र बनता जा रहा है। प्राकृतिक संसाधन, उद्योग-अनुकूल नीतियां, मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर और बेहतर शासन-प्रशासन ये सभी कारक निवेशकों के लिए एक आदर्श वातावरण तैयार करते हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश को “अनंत संभावनाओं का अनुपम केंद्र” बताते हुए कहा कि वीरों की धरती राजस्थान के सभी निवेशकों का हीरों की धरती मध्यप्रदेश में स्वागत है, अभिनंदन है। उन्होंने कहा कि सदियों से हमारी साझा संस्कृति, व्यापार-व्यवसाय और साझा भविष्य का एक अटूट रिश्ता रहा है। हमारा आपसी संवाद नई संभावनाओं के विकास-विस्तार और देश की औद्योगिक क्षमता को नई दिशा देने का एक साझा मंच है। भीलवाड़ा की समृद्ध वस्त्र विरासत से जुड़कर मध्यप्रदेश भी अनेकानेक संभावनाओं को तलाश कर बढ़ते हुए राजस्थान के साथ अपनी दीर्घकालिक भागीदारी करना चाहता है। हम सब मिलकर अपनी वणिक युक्ति, बुद्धि और क्षमता से इस क्षेत्र के औद्योगिक विकास का नया अध्याय लिखेंगे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव गुरुवार को राजस्थान की वस्त्र नगरी भीलवाड़ा में ‘इन्टरैक्टिव सेशन ऑन इन्वेस्टमेंट अपार्चुनिटिज़ इन एमपी’ में स्थानीय निवेशकों, बिजनेस लीडर्स, उद्योगपतियों एवं विभिन्न औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधियों को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वजित कर इस इन्टरैक्टिव सेशन का शुभारंभ किया। मेवाड़ चैम्बर ऑफ कामर्स के अध्यक्ष श्री अनिल मिश्रा ने भीलवाड़ा आगमन पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव को मेवाड़ी पगड़ी पहनाकर, अंगवस्त्रम् एवं पुष्प-गुच्छ भेंटकर परम्परागत स्वागत किया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि लंबे समय से मध्यप्रदेश और राजस्थान का सहोदर जैसा रिश्ता रहा है। दोनों राज्यों में सदैव व्यापार की अनुकूलता रही है। पद्म विभूषण से राजस्थान के सम्मानित स्व. श्री घनश्याम दास बिड़ला ने उज्जैन जिले के नागदा में ग्रेसिम इंडस्ट्रीज लिमिटेड की स्थापना की थी। राजस्थान के मारवाड़ और मेवाड़ के कारोबारियों में व्यापार-व्यवसाय की कुशलता अद्भुत है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के कुशल मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश सरकार उद्योग प्रोत्साहन के लिए संकल्पित है। हमारे उद्योगपति जरूरतमंदों को रोजगार उपलब्ध कराते हैं। बदलते दौर में राज्यों के परस्पर संबंध सौहार्द्रपूर्ण हुए हैं। हम सभी को उद्योग-व्यापार के विकास और विस्तार के लिए अनुकूल वातावरण मिला है। मध्यप्रदेश सरकार ने राजस्थान सरकार के साथ सालों से लंबित पार्वती-कालीसिंध-चंबल (पीकेसी) परियोजना पर समझौता कर दोनों राज्यों के नागरिकों को सुगम जल उपलब्धता की एक नई सौगात दी है। दुनिया के देश चुनौतियों का सामना करते हुए हम आगे बढ़ने के लिए प्रयास कर रहे हैं। अगर कोई देश प्रतिबंध लगाएगा, तो हम दूसरा रास्ता निकालेंगे। यूरोप के साथ टैक्सटाइल ट्रेड एण्ड बिजनेस को आगे बढ़ाने की अच्छी संभावनाएं हैं।
बड़े निवेश प्रस्तावों पर देंगे बड़ी रियायतें
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि उन्होंने राज्य के उद्योग विभाग की कमान स्वयं ले ली हैं, जिससे प्रदेश में औद्योगीकरण को बढ़ाने में कोई कठिनाई न आए और सभी मुद्दे सरलता के साथ समय रहते हल हो जाएं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार ने औद्योगिक नीतियों को सरल बनाया है। इससे मध्यप्रदेश में निवेश और उद्योगों की स्थापना में तेजी आई है। राज्य सरकार निवेशकों को विशेष प्रोत्साहन भी प्रदान कर रही है। हमारी सरकार बड़े निवेश विभिन्न प्रस्तावों पर रियायतें भी दे रही है। हम छोटे-बड़े सभी निवेशकों को अपनी नीतियों से लाभान्वित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में टेक्सटाइल सेक्टर में निवेश की अपार संभावनाएं हैं। टेक्सटाइल क्षेत्र में देश के सबेसे पहले और सबसे बड़े पीएम मित्र पार्क का भूमि-पूजन भी मध्यप्रदेश में हो चुका है। राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के साथ मिलकर हमारी सरकार इस क्षेत्र में और भी आगे बढ़ने के लिए तैयार है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मेवाड़ के निवेशकों को अपना उद्योग व्यवसाय शुरू करने के लिए मध्यप्रदेश आने का आमंत्रण भी दिया।
निवेशकों के लिए सशक्त आधार
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि प्रदेश में 18 नई उद्योग-अनुकूल नीतियाँ लागू की गई हैं। विस्तृत लैंड बैंक, भरपूर जल उपलब्धता, कुशल मानव संसाधन, उत्कृष्ट लॉजिस्टिक्स कनेक्टिविटी और पारदर्शी प्रशासन निवेश के लिए सर्वोत्तम माहौल प्रदान करते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश आज ऊर्जा के मामले में आत्मनिर्भर बन चुका है। नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा अर्थात ग्रीन एनर्जी प्रोड्क्शन के मामले में भी हमारा प्रदेश तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि भारत विश्व का विश्वसनीय विकास साझेदार बन रहा है और हमारा मध्यप्रदेश भी इस राष्ट्रीय प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
संगम ग्रुप के चेयरमैन डॉ. एसएन मोदानी ने कहा कि भीलवाड़ा शहर की पहचान टेक्सटाइल इंडस्ट्री और मेन्यूफेक्चरिंग से है। मध्यप्रदेश में निवेश संभावनाओं पर इंटरैक्टिव सेशन में निवेशक विभिन्न सेक्टर्स की विशेषताओं से परिचित होंगे। भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) मध्यप्रदेश और राजस्थान सरकार के साथ मिलकर औद्योगिक गतिविधियों को प्रोत्साहन देने का काम कर रही है।
मेवाड़ चेंबर ऑफ कॉमर्स के सचिव श्री आर.के. जैन ने कहा कि भीलवाड़ा विश्व में टेक्सटाइल सिटी के नाम से विख्यात है। हमारा यह चेंबर वर्ष 2020 से मध्यप्रदेश सरकार के साथ काम कर रहा है। इसी का परिणाम है कि राज्य के सीमावर्ती जिलों जैसे नीमच में उद्योगों को बढ़ावा मिल रहा है। मध्यप्रदेश सरकार ने बहुत अच्छी औद्योगिक नीति तैयार की है। अब यूनिट लगाने के लिए निवेशकों को सिर्फ एक फोन करना होता है और अधिकारियों का सम्पूर्ण सहयोग प्राप्त होता है। उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग करते हुए कहा कि नीमच के पास एक टेक्निकल टेक्सटाइल पार्क बनाया जाए, इससे निवेशकों को नए अवसरों के साथ क्षेत्रीय जरूरतमंद युवाओं को भी रोजगार का लाभ मिलेगा।
‘इन्वेस्ट इन एमपी’ पहल के तहत हुए इस इंटरैक्टिव सेशन में राजस्थान सरकार के सहकारिता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री गौतम कुमार दक, भीलवाड़ा के सांसद श्री दामोदर अग्रवाल, म.प्र. से राज्यसभा सदस्य श्री बालयोगी उमेशनाथ महाराज, प्रमुख सचिव औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन श्री राघवेंद्र कुमार सिंह, म.प्र. औद्योगिक विकास निगम के प्रबंध संचालक श्री चंद्रमौली शुक्ला, आरसीएम ग्रुप के चेयरमैन श्री त्रिलोक छाबड़ा, श्री मनीष चौहान, श्री सोनी, मेवाड़ चेंबर ऑफ कॉमर्स के सभी पदाधिकारियों सहित उद्योग जगत के प्रतिनिधि, क्षेत्रीय प्रमुख औद्योगिक समूह और निवेशक उपस्थित थे।
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“स्व से सृष्टि” तक मंगल ही हमारा संकल्प, सेवा ही हमारा परम धर्म : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
जो सबके मंगल की कामना करे, ऐसी महान है हमारी भारतीय संस्कृति
सिंहस्थ महाकुंभ-2028 में सभी साधु-संतों को किया आमंत्रित
मुख्यमंत्री डॉ. यादव भीलवाड़ा में सनातन मंगल महोत्सव, संत समागम एवं दीक्षा महोत्सव में हुए शामिल
नीमच : 26 फरवरी, 2026 मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव गुरुवार को राजस्थान के भीलवाड़ा में हरिशेवा उदासीन आश्रम के स्थानापति परमपूज्य श्री महामण्डलेश्वर स्वामी हंसरामजी महाराज की मौजूदगी में हुए सनातन मंगल महोत्सव, संत समागम एवं दीक्षा महोत्सव में शामिल हुए। राजा भलराज भील की नगरी भीलवाड़ा में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्वामी हंसरामजी महाराज से भेंटकर उनका सानिध्य और आशीर्वाद भी प्राप्त किया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंगल महोत्सव एवं संत समागम में देश-विदेश से आये विद्वतजनों को संबोधित करते हुए कहा कि हम सबके मंगल की कामना करने वाली महान और गौरवशाली भारतीय संस्कृति के संवाहक हैं। हमारी संस्कृति का सूत्र वाक्य ही ‘वसुधैव कुटुंबकम्’ है। हमारा यही जीवन मूल्य हमें “स्व के साथ पूरी सृष्टि” के कल्याण की प्रेरणा देता है। सनातन मंगल महोत्सव का आयोजन हमारी सर्व कल्याणकारी भावना की ही जीवंत अभिव्यक्ति है। खुद के लिए तो सब जीते हैं, संसार के सभी प्राणियों, जीव-जंतुओं, पेड़-पौधों-वनस्पतियों के कल्याण के जीवोमूल लक्ष्य के लिए जीना ही हम सबका परम सेवाधर्म होना चाहिए। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति की जड़ें सेवा, समर्पण, विश्व बंधुत्व और सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय की परोपकारी भावना में निहित हैं। सेवाभाव ही हमारी संस्कृति का प्राण है और जीवमात्र की सेवा ही श्रीहरि की सेवा है, सम्पूर्ण मानवता की सेवा है। उन्होंने कहा कि ‘रा’ से राजस्थान और ‘म’ से मध्यप्रदेश मिलकर ‘राम’ की महिमा बढ़ा रहे हैं। हमारी सरकार राम और कृष्ण के जहां-जहां चरण पड़े, उन स्थानों को तीर्थ स्थल के रूप में विकसित कर रही है। हम श्रीरामचन्द्र गमन पथ और श्री कृष्ण पाथेय तैयार कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सामाजिक जीवन में नैतिक मूल्यों, करुणा, सद्भाव और समरसता के प्रसार में संतजनों की भूमिका निरापद रूप से अत्यंत ही महत्वपूर्ण है। पूज्य हंसरामजी महाराज धर्म के सभी मूल्यों, भक्ति, सेवा, सत्य, अहिंसा को जीवंत रख रहे हैं। आश्रम के माध्यम से आपने हजारों असहायों को सहारा दिया। उन्होंने कहा कि मानव कल्याण के पुनीत उद्देश्य से हो रहे इस मंगल आयोजन में आकर वे बेहद गौरवान्वित हैं। संस्कृति से ही हमारी पहचान है। हमारी सरकारें जीवन मूल्यों, शिक्षा, स्वास्थ्य, सेवा, पर्यावरण पर एकजुट होकर काम कर रही हैं। हमें संकल्प लेना होगा कि हम अपने बच्चों को वेद-पुराण पढ़ाएं, संस्कार दें, सेवा में लगाएं और धर्म की रक्षा करें। धर्म केवल पूजा नहीं, हमारी जीवन पद्धति है। सेवा से श्रीहरि मिलते हैं। भक्ति से मुक्ति मिलती है। इसलिए हम सब मिलकर संकल्प लें कि समाज में एकता लाएंगे, युवाओं को अच्छे संस्कार देंगे और भारत को एक बार पुन: विश्व गुरु बनाएंगे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि धर्म का मंगल तभी संभव है, जब हम संतजनों के उपदेशों को अपने जीवन में भी उतारें। उन्होंने कहा कि धर्म हमारे जीवन का सार है, जो हमें बताता है कि हम कौन हैं, हमारा उद्देश्य क्या है और इस उद्देश्य के लिए हम किस दिशा में आगे बढ़ें। भगवान श्रीराम का गुरु वशिष्ठ से तथा श्रीकृष्ण का गुरु सांदीपनि से शिक्षा गृहण करना हमें गुरु-शिष्य परंपरा सिखाता है। आज हमें इन्हीं जीवन मूल्यों को पुन: स्थापित करने की जरूरत है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि सिंहस्थ कुंभ के माध्यम से उज्जैन को देशभर के साधु-संतों का आशीर्वाद मिलता रहा है। सनातन संस्कृति में हमारे बच्चे परिवार को अमरता प्रदान करते हैं। “यत्र पिंडे-तत्र ब्रह्मांडे”, जैसा हमारे पिंड में है वैसा ही ब्रह्मांड में है। संतों के माध्यम से करोड़ों साल से ज्ञान की गंगा प्रवाहित होती रही है। साधु-संतों के जरिए हमें देवताओं के दर्शन होते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. ने कहा कि जब बृहस्पति ग्रह सिंह राशि में प्रवेश करते हैं, तब सिंहस्थ होता है। उज्जैन में वर्ष 2028 में सिंहस्थ महाकुंभ का भव्य आयोजन होने वाला है। मुख्यमंत्री ने सभी साधु-महात्माओं और संत-वृंदों को सिंहंस्थ में आकर सबको आशीष रूपी अमृत देने के लिए आमंत्रित भी किया।
सनातन मंगल महोत्सव एवं संत समागम में 3 युवा संतों श्री ईशानराम जी महाराज, श्री केशवराम जी महाराज और श्री सुमज्ञराम जी महाराज को सन्यास की दीक्षा दिलाई गई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने तीनों युवा सन्यासियों का माल्यार्पण एवं नमन करते हुए उनका अभिनंदन किया।
राजस्थान सरकार के सहकारिता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री गौतम कुमार दक ने कहा कि भीलवाड़ा एक धार्मिक नगरी है। यह हरि और हर के मिलन केंद्र जैसा है। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सनातन मंगल महोत्सव में भीलवाड़ा आकर हम सबका मान बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी के संकल्प से आज अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर बनकर तैयार हो चुका है। हमारा 500 साल पुराना सपना अब साकार हो गया है।
मध्यप्रदेश से राज्यसभा सदस्य श्री बालयोगी उमेशनाथ जी महाराज ने हरिशेवा धाम में आयोजित सनातन मंगल महोत्सव और संत समागम में पधारने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव का आभार माना। उन्होंने बताया कि स्वामी हंसरामजी महाराज हंसगंगा यात्रा निकाल रहे हैं, यह एक बेहद अनुकरणीय पहल है। उन्होंने कहा कि कलियुग में मनुष्य में जैसा सोचता है, वैसा हो जाता है। यह सामाजिक समरसता का समय है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने इसी भाव के अनुरूप सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि हमारी भारतीय संस्कृति में दीक्षा संस्कार गुरु-शिष्य की प्राचीन परंपरा को आगे ले जाता है। हमें अपने बच्चों को बाल्यकाल से ही संतों की शरण में जरूर भेजना चाहिए, ताकि वे बचपन से ही अपनी धर्म परम्पराओं और संस्कारों से जुड़ें।
संत समागम को भीलवाड़ा के सांसद श्री दामोदर अग्रवाल, महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम जी महाराज और पूज्य ज्ञानेश्वरी दीदी ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर श्री हितेश्वरानंदजी, श्री हरेरामजी, श्री अरूणदासजी, श्री सुखदेवानंदजी, कई प्रमुख आश्रमों के महामंडलेश्वर, मंडलेश्वर, महंत, अधिपति सहित बड़ी संख्या में साधु-संत एवं धर्म श्रद्धालु उपस्थित थे।
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