तहसीलदार के स्थगन आदेश के बावजूद भी तान दी सरकारी जमीन पर बिल्डिंग

पानी की तरह सुवासरा को निगल रहे भूमाफिया…!
राजनीति की आड में भय,आतंक ओर तानाशाही के बल पर शासकीय जमीनों को हथिया रहे भूमाफिया
सुवासरा/ सीतामऊ।आने वाले समय में सुवासरा को जिले का सबसे बड़ा भूमाफियाओं का गढ़ कहा जाए तो कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी। राजनीति की आड में विधायक डंग के गृहनगर सुवासरा को भूमाफिया पानी की तरह निगलने में लगे हैं हैरानी की बात तो यह है की जिस जमीन पर सरकारी मुलाजिमों में शासकीय जमीन होने का दावा करते हुए अवैध मकान बनाने की बात को स्वीकार करते हुए उसको रोकने ओर कार्यवाही करने की बात कागजों में कही थी वहीं धड़ल्ले से निर्माण कार्य जारी हे ओर लगभग 90 प्रतिशत निर्माण कार्य पूर्ण हो चुका है। दरसल सुवासरा की सरकारी भूमि जिसका सर्वे नम्बर 962/2 है कुल रकबा 2700 वर्ग फिट पर अवैध निर्माण की शिकायत जनसुनवाई के दौरान सुवासरा तहसीलदार को प्राप्त हुई थी तहसीलदार द्वारा करवाई गई जांच में भी पाया गया की कुछ लोगों द्वारा अवैध निर्माण किया जा रहा है तहसीलदार ने निर्माण को रोकने ओर कार्यवाही करने का कागजी आदेश भी जारी किया लेकिन आज तक कोई कार्यवाही नहीं हुई उल्टा सरकारी आदेश के बाद भी निर्माण कार्य जारी रहा ओर अब जानकारी है की उक्त जगह पर शटर लगाकर अंदर निर्माण कार्य किया जा रहा है। खैर यह कोई एक मामला नहीं है सुवासरा में ऐसे सैकड़ों मामले हैं जिनमें प्रशासन जानकार भी अनजान बना बैठा है। जिस शासकीय भूमि पर निर्माण किया जा रहा है ठीक उसके सामने भी करोड़ो रूपये की शासकीय भूमि को रातों-रात खाई लगाकर कब्जाने के प्रयास किए गए थे यह तो स्थानीय लोगों की जागरूपता ओर विरोध का परिणाम है की माफिया उस जमीन को नहीं हथिया पाए और प्रशासन को मजबूरन वहा शासकीय भूमि होने का बोर्ड लगाना पड़ा खैर प्रशासन इस मामले में भी सिर्फ बोर्ड लगाने तक ही सीमित रहा जबकी अधिकारियों ने अतिक्रमण करने वाले पर कार्यवाही की बात कही थी। यह किसी सामान्य व्यक्ति के बस की बात नहीं वह गांव से निकलकर शहर में आकर करोड़ो रूपये की शासकीय भूमि पर कब्जा कर ले सुवासरा में कुछ राजनीतिक रसूख वाले भूमाफिया सामान्य व्यक्ति के नाम पर शासकीय जमीन पर कब्जा करते हे ताकि उनका रसूख बचा रहे ओर सरकारी जमीन भी हथिया सके। जब स्थानीय लोग रसूखदारों द्वारा किए गए अतिक्रमण की शिकायत करते हैं तो उनको भय,लालच,आतंक ओर अपना रसूख दिखाकर चुप कर दिया जाता है। विधायक हरदीपिसंह डंग के गृह नगर में यह हालात किसी से छुपी नहीं है और उसके परिणाम भी आने वाले समय में जनप्रतिनिधियो के सामने होंगे।
====================