
ठाकुर शंभू सिंह तंवर
आलोट-नगर की पेयजल व्यवस्था को सुदृढ़ एवं सुविधायुक्त बनाने के लिए शासन ने शिप्रा जल आवर्धन योजना के तहत ग्राम गुराडिया में नदी पर 8 करोड़ की लागत से एक डेम निर्माण एवं पाइप लाइन डालने का कार्य पी,एच ई विभाग के अंतर्गत किया था शासन ने इस डैम का निर्माण सिर्फ आलोट की पेयजल व्यवस्था के लिए ही किया था अतः यहां सभी कार्य पूर्ण कर डैम नगर परिषद के सुपुर्द कर दिया गया था जिसके बाद इसका संचालन नगर परिषद के माध्यम से किया जा रहा हे यहां पानी रोकने के लिए हर वर्ष डैम के गेट लगाने पढ़ते हे
जिसके लिए हर वर्ष नगर परिषद को लाखों रुपए खर्च करना पड़ते हे
वर्तमान में नदी पर पानी की कमी के चलते नगर में पेयजल संकट उत्पन हो गया हे नदी पर केवल 20 दिन का पानी की शेष बचा हे अतः यहां शिप्रा में अन्य डैम से पानी छोड़ा जावे ताकी आलोट क्षेत्र की जनता को पर्याप्त पेयजल मिल सके और किसानों की सिंचाई भी प्रभावित ना हो सके जिसकी शिकायत नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि अभिषेक जैन एवं जिला योजना समिति के पूर्व सदस्य अनिल भरावा ने जिलाधीश को की थी जिस पर संज्ञान लेकर जिलाधीश बाथम ने आलोट एस, डी,एम को उक्त समस्या के समाधान के लिए निर्देशित किया जिस पर एस, डी,एम सुनील जायसवाल एवं पटवारी मृगेन्द्र ने आलोट नगर की पेयजल व्यवस्था स्थल का निरीक्षण किया
तथा डैम पर पहुंचकर शिप्रा नदी पर पानी की उपलब्धता की जानकारी प्राप्त की जहां उन्होंने पाया कि नदी पर बड़ी संख्या में किसानों द्वारा नदी में मोटर लगाकर सिंचाई की जा रही हे जिसके कारण नदी पर पानी की कमी हो गई हे जिससे नगर की पेयजल व्यवस्था प्रभावित हो रही हे उन्होंने पटवारी को निर्देश दिए कि नदी पर जिन जिन लोगो ने मोटर लाग रखी हे उन्हें चिन्हित कर मोटर हटाने के लिए सूचना पत्र जारी करे और नहीं हटाते हे तो मोटर जप्त करने की कार्यवाही करे एस, डी,एम जायसवाल ने बताया कि जनता को पानी उपलब्ध कराना हम सभी का दायित्व हे अतः जब तक इस नदी में आगे से पानी नहीं छोड़ा जाए तब तक बचे हुए पानी का उपयोग सिर्फ पेयजल के लिए ही किया जाए ।
इधर भाजपा नेता अभिषेक जैन बंटी एवं अनिल भरावा ने उज्जैन सांसद अनिल फिरोजिया, एवं आलोट विधायक चिंतामन मालवीय को भी शिप्रा नदी में अन्य डेम से पानी छोड़ने का अनुरोध किया हे जिससे आलोट नगर की पेयजल व्यवस्था सुचारू रूप से चल सके उन्होंने उक्त समस्या के हल करने का आश्वासन दिया है।