भरण पोषण या तलाक करवाने का वादा कर मामा ससुर जीम गया रकम

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मन्दसौर
शामगढ़ -पुलिस थाना मे बंजारा समाज की एक पति से अलग रह रही महिला ने शादी की फाड़तोड़ करवाने क़े नाम पर मामा ससुर द्वारा बीच मे रकम हड़पने का मामला दर्ज करवाया है। पिछले 1 साल से पति से अलग गांव मे ही रह रही महिला को मुसीबत मे आटा गिला वाली कहावत से रूबरू होना पड़ रहा है। पति से विवाद भी भारी पड़ा, बच्चे को साथ रख पति से अलग भी रहना पड़ रहा है, नाराज पति साथ नहीं दे रहा उलट इसके फैसला करवाने क़े नाम पर जो रकम शादी ससुराल तरफ की मुसीबत मे काम आने की गरज से संभाल रखी थी, वह मामा ससुर जीम गया।
मंजुबाई पति बालाराम जाति बंजारा उम्र 25 वर्ष निवासी ग्राम रुपारेल चौकी चंदवासा थाना शामगढ जिला मंदसौर द्वारा पुलिस थाना शामगढ़ को बताई जानकारी क़े अनुसार मैं ग्राम रुपारेल रहती हूँ गृह कार्य करती हूँ। मेरी शादी 8-10 वर्ष पहले ग्राम रुपारेल निवासी बालाराम बंजारा से हुई थी । मेरा एक लडका है जिसकी उम्र 6 साल है। मेरा मेरे पति बालाराम से विवाद चल रहा है और इसी विवाद के कारण करीब 1 साल से मैं अपने पति से अलग रुपारेल मे ही रह रही हूँ। मेरे पति बालाराम के मामा सुरजमल पिता गोवर्धनलाल बंजारा निवासी रलायति ने मुझे मेरे पति बालाराम से खर्चा दिलाने की जिम्मेदारी ले रखी है। मेरा पति मुझे अभी भी साथ मे नही रख रहा है और ना ही खर्चा दे रहा है तो मैने दिनांक 15.09.2024 को मेरे पति के मामा सुरजमल बंजारा को फोन किया की मेरे पति मुझे खर्चा नही दे रहा है तुमने जिम्मेदारी ली थी या तो खर्चा दिलाओ या मेरा फैसला कराओ तो सुरजमल उसी दिन सुबह 11 बजे करीब मेरे घर पर आया और मैने कहा कि मेरा पति खर्चा नही दे रहा है अच्छे से भी नही रख रहा है तो मामा ससुर सुरजमल ने कहा कि कि तेरे पास जो भी शादी की रकम है वह रकम देदे मैं खर्चा दिलवा दूंगा और तेरा फैसला करा दूंगा तो मैने विश्वास करके मेरी रकम जिसमे से एक किलो चांदी का कंदोरा, 500 ग्राम चांदी का गले का खंगाला, 10 ग्राम सोने की नथ, 500 ग्राम चांदी के पाँव के कडे मामा ससुर सुरजमल को विश्वास करके दे दिये। सुरजमल ने उसके बाद मुझे मेरे पति से खर्चा नही दिलाया ना ही फैसला कराया तथा इस संबंध मे कोई बात नहीं की। मेरी रकम सुरजमल के पास मे ही है, सुरजमल मुझे विश्वास मे लेकर मेरी रकम ले गया तथा उसका बैईमानी से उपयोग कर रहा है व वापस देने में आना कानी कर रहा है। मैंने इतने दिनो तक मेरी रकम को वापस लेने का प्रयास किया रकम वापस करने की कहने पर सुरजमल मुझे माँ बहन की अश्लील नंगी नंगी गालिया दे रहा है और मेरी रकम वापस नही कर रहा है।
शुक्रवार को परेशान मंजूबाई अपने भाई शंकर बंजारा व रिश्तेदारी मे भाई राजु बंजारा निवासी रलायति व पिता बगदीराम को साथ लेकर शामगढ़ थाने आई और रकम वापस दिलाने हेतु रिपोर्ट लिखवाई।
इस घटनाक्रम से उन सभी परेशान महिलाओ को सिखने की जरुरत है की कोई भी पति उतना बुरा नहीं जितना परिवार वाले, समाज वाले या रिश्तेदार उसे बुरा बताते है। पति से हेकड़ी लगाने का कोई लाभ मिलता है तो वह सिर्फ भरण पोषण या तलाक क़े रूप मे मिलता है। परिवार क़े ही कुछ जलकुकडे, समाजकंटक, शकुनीभक्त ऐसे मामलो मे इंट्री करके अपना उल्लू सीधा कर मतलब साध लेते है। ऐसे लोग कभी भी किसी के परिवार में शांति नहीं चाहते हैं। उनका काम घर बिगाड़ना है। वें कभी भी किसी का घर नहीं सुधार सकते हैं । जो लोग भरण पोषण या तलाक क़े लिए बहु को उकसाते है वें पति जो अपने घर परिवार को सुख दे सकता था वह तो कभी नहीं दे सकते है।