किसानों को रासायनिक खेती छोड़ जैविक खेती की ओर अग्रसर होना चाहिए- डॉ विनोद पटेल

नवभारत फर्टिलाइजर लिमिटेड कंपनी द्वारा किसान गोष्ठी का आयोजन
दलौदा (शुभम धोका)
नवभारत फर्टिलाइजर लिमिटेड कंपनी द्वारा नेतावाली सहित आस पास के गांवों में किसान जागृति के उद्देश्य से किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। कृषि अधिकारी विनोद कुमार पटेल ने किसानों को जैविक खेती करने के लिए प्रेरित किया।
आज के समय में रासायनिक से जमीन मे उपजाऊ क्षमता कोई गुना कम होती जा रही है सूक्ष्म पोषक तत्वों की भारी मात्रा में कमी होने के कारण फसलों पर अनावश्यक रोगों का प्रकोप बढ़ता जा रहा है । जिसके कारण फसलों पर तरह तरह के केमिकल इस्तेमाल करते आ रहे हैं और उनका असर फसलों पर आता है वहीं इंसान खाते हैं उनका अंश हमारे शरीर में प्रवेश कर शरीर को नुकसान पहुंचाता है जिसको हम आम तौर पर समझ नहीं पाते है जिससे भूमि कड़क और बंजर होती जा रही है।। हरित क्रांति 1965-1968 के आने से पहले गेहूं की फसलों को 2-3 पानी की सिंचाई करने पर फसल परिपक्व हो जाती थी। पर जबसे रासायनिक उर्वरकों एवं कीटनाशक दवाओं के इस्तेमाल से गेहूं में 5-6 पानी देना पड़ता है। अधिक मात्रा में रासायनिक खाद देने की मजबूरी बनती जा रही है।
और बार बार दवाईयों का स्प्रे करना पड़ता है। जिससे किसानों की जेब पर बोझ बढ़ता जा रहा है । जिससे खर्चा अधिक मुनाफा कम होता है। रासायनिक खेती छोड़कर जैविक खेती अपनायें किसान । जिससे किसान वर्तमान में जैविक खेती को लेकर अग्रसर हो रहे हैं। और जमीन को बंजर होने से बचा रहे हैं। कम लागत में अधिक पैदावार ले रहे हैं । और जैविक खेती करने और किस तरह जैविक प्रोडक्ट का प्रयोग करना है।