समाचार मध्यप्रदेश नीमच 31 जुलाई 2024

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नीमच में रक्तदान शहीदों के नाम महाअभियान 20 सितम्बर को
प्रथम बार रक्तदान के लिए आगे आए युवा, अपना पंजीयन करवाएं
नीमच 30 जुलाई 2024, नीमच जिले में नीमच के शहीदों को समर्पित नीमच में रक्तदान शहीदों के नाम महाअभियान आगामी 20 सितम्बर 2024 को आयोजित किया जा रहा है। कलेक्टर श्री दिनेश जैन के मार्गदर्शन में आयोजित इस रक्तदान महाअभियान के तहत विभिन्न स्थानों पर रक्तदान शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इन शिविरों में पहली बार रक्तदान करने वाले युवाओं को प्रेरित एवं प्रोत्साहित कर, उनसे रक्तदान अभियान में रक्तदान करवाया जाएगा। कलेक्टर ने गत वर्ष के रक्तदान महाअभियान में रक्तदान करने वाले रक्तदाताओं को एस.एम.एस. एवं संदेश भेजकर रक्तदान करने के लिए पंजीयन करवाने का अनुरोध करने के निर्देश भी दिए है। कलेक्टर श्री जैन ने जिले की स्वयंसेवी संस्थाओं, सामाजिक संगठनों से भी इस रक्तदान महाअभियान में सहभागी बनने का आव्हान किया है। रक्तदान के लिए पंजीयन लिंक http://form.gle/uemXBBcU7ZA615zUA पर किया जा सकता है।
जिला प्रशासन नीमच ने अपील की है, कि गांव, शहर पहले करें, रक्तदान में सहयोग करें। प्रथम बार रक्तदान कर जीवनदाता बने। कलेक्टर ने कॉलेज के विद्यार्थियों, युवाओं से प्रथम बार रक्तदान करने का आव्हान किया है।
रक्तदान महाअभियान के संबंध में कलेक्टोरेट में मंगलवार को जिला अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई। डिप्टी कलेक्टर श्रीमती रश्मी श्रीवास्तव ने बैठक में रक्तदान महाअभियान की विस्तृत रूपरेखा की जानकारी दी।
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अनिराकृत शिकायत पर प्रति शिकायत 500 रूपये अर्थदण्ड वसूला जाएगा-डॉ.प्रसाद
नीमच 30 जुलाई 2024, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.दिनेश प्रसाद ने बताया कि आम नागरिकों की शिकायतों का समय-सीमा में समाधानपूर्वक निराकरण करने के लिए 181 सी.एम.हेल्पलाईन व्यवस्था लागू है। जिसमें आम नागरिकों व्दारा अपनी शिकायत दर्ज कराई जा रही है। सी.एम.हेल्पलाईन के माध्यम से प्राप्त हो रही शिकायतों के समयावधि में समाधानपूर्वक निराकरण करने के संबंध में शासन व्दारा समय-समय पर निर्देश जारी किए गए है।
सी.एम.हेल्पलाईन 181 में प्राप्त शिकायतों का समयावधि में निराकरण किए जाने के निर्देशों के उपरांत भी शिकायतें 100 दिवस से अधिक समय अवधि में भी निराकृत नहीं होकर, शिकायतें बिना निराकरण के अगले स्तर(लेवल) पर स्थानांतरित हो रही है, जो कि संबंधित लेवल अधिकारी के पदीय कर्तव्य के प्रति उदासीनता लापरवाही एवं शासन निर्देशों के उल्लंघन को दर्शाता है।
डॉ.दिनेश प्रसाद ने निर्देश दिए है, कि भविष्य में यदि कोई भी शिकायत बिना निराकरण दर्ज किए (अनिराकृत शिकायत, नॉट अटेण्ड) अगले स्तर (लेवल) पर स्थानांतरित होती है, तो संबंधित अधिकारी पर प्रति शिकायत 500/- पॉच सौ रूपये का अर्थदण्ड अधिरोपित किया जावेगा। अर्थदण्ड की राशि संबंधित अधिकारी से वसूल की जावेगी। उक्त आदेश तत्काल प्रभाव से प्रभावशील होगा।
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राजस्व महाअभियान के तहत जिले के 16 गांवो में राजस्व शिविरों का आयोजन
ग्रामीणों की राजस्व संबंधी समस्याओं का समाधान होगा
नीमच 30 जुलाई 2024, कलेक्टर श्री दिनेश जैन के मार्गदर्शन में नीमच जिले में राजस्व विभाग से संबंधित ग्रामीणों की समस्याओं के निराकरण के लिए विशेष राजस्व सेवा अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत एक अगस्त 2024 गुरुवार को प्रातः11 से सायं 4 बजे तक जिले की सभी तहसीलों के 16 ग्रामों में राजस्व अधिकारियों द्वारा विशेष राजस्व शिविर लगाए जाएगें।
अधीक्षक भूअभिलेख नीमच ने बताया, कि गुरूवार एक अगस्त 2024 को राजस्व महाअभियान के तहत नीमच नगर तहसील के ग्राम बरूखेडा व जयसिहपुरा, नीमच ग्रामीण तहसील के ग्राम हनुमतिया रावजी, सेमार्डा, बोरदिया कलां, जीरन तहसील के गाँव पिराना, अरनिया चंदेल, जावद तहसील के ग्राम नागदा, देपालपुरा, मनासा तहसील के ग्राम सेमली आंत्री, गफार्डा एवं भागल, सिंगोली तहसील के ग्राम मनोहरपुरा, सलोदा एवं बोरदिया, रामपुरा तहसील के गाँव लसुडिया इस्तमुरार में राजस्व सेवा शिविर आयोजित किये जा रहे है।
कलेक्टर श्री दिनेश जैन ने अधिकाधिक ग्रामीणों से इन राजस्व सेवा शिविरों में उपस्थित होकर लाभ उठाने का आग्रह किया है। उन्होंने ने सम्बन्धित राजस्व अधिकारियो और पटवारियों को निर्देश दिए है, कि वे कोटवारों के माध्यम से सम्बन्धित गाँवों में शिविरों की सूचना ग्रामीणों और किसानो को उपलब्ध करवाना सुनिश्चित करे।
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राजस्व प्रकरणों का निराकरण कर 24 घण्टे के अंदर आरसीएमएस पोर्टल पर दर्ज करवाएं – संभागायुक्त श्री गुप्ता
संभागायुक्त श्री गुप्ता ने राजस्व अधिकारियों की बैठक में दिये निर्देश
नीमच 30 जुलाई2024, राजस्व प्रकरणों का निराकरण कर 24 घण्टे के अंदर आरसीएमएस पोर्टल पर दर्ज करवाएं, यदि पटवारियों द्वारा समयावधि में अमल की कार्यवाही नहीं किए जाने पर संबंधित के खिलाफ कार्यवाही करें। यह निर्देश संभागायुक्त श्री संजय गुप्ता ने के राजस्व अधिकारियों की कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में बैठक लेकर दिए। उन्होंने सख्त हिदायत दी कि यदि तीन दिन से अधिक की अवधि तक निराकरण पोर्टल पर दर्ज नहीं हुआ तो अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाएगी।
बैठक में राजस्व न्यायालय वार लंबितनामान्तरण, बंटवारे , डायवर्सन के प्रकरणों की समीक्षा की गई एवं समयावधि में निराकरण कर आरसीएमएस पोर्टल पर दर्ज करने के निर्देश संभागायुक्त श्री गुप्ता द्वारा राजस्व अधिकारियों को दिए गए।उन्होंने निर्देश दिए कि अविवादित नामान्तरण, बंटवारे के प्रकरणों का निराकरण लोक सेवा गारंटी अधिनियम में नियत समयावधि में करना सुनिश्चित करे, बंटवारे के प्रकरणों मे बटान्कन एवं नक्शा तरमीम आरसीएमएस पोर्टल पर दर्ज कराएं । राजस्व महाअभियान के दौरान शत प्रतिशत प्रकरणों का निराकरण करे। अविवादित नामान्तरण के प्रकरणों मे विज्ञप्ति जारी करने के 15 दिवस की अवधि में कोई आपत्ति नहीं आये तो तत्काल नामान्तरण कर दे, क्रेता-विक्रेता की उपस्थिति राजस्व न्यायालय मे अनिवार्य नहीं है।आरसीएमएस पोर्टल पर अभिलेख दुरुस्ती का काम एसडीएम समयावधि में करे।
संभागायुक्त श्री गुप्ता ने निर्देश दिए कि लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत अधिसूचित सेवाओ मे समयावधि में प्रकरणों का निराकरण किया जाये। राजस्व महाअभियान के तहत किसानों की ईकेवायसी का काम प्राथमिकता से करे, रोजगार सहायक, पटवारी, कोटवार की ड्यूटी लगा कर ईकेवायसी करवाये। किसानों को सूचित कर ईकेवायसी के लिए उपस्थित करवाए।
संभागायुक्त श्री गुप्ता ने सहकारिता विभाग के अधिकारी को पैक्स संस्थाओं के माध्यम से लक्ष्य अनुसार किसानों के ईकेवायसी करवाने के निर्देश दिये। ईकेवासी के लिए किसानों को मोबाइल पर मैसेज करे, गांवों में डोन्डी पीटवाकर किसानों को सूचित किया जाए। इस सप्ताह में जिले मे 25 प्रतिशत से अधिक हो ईकेवायसी करवाना सुनिश्चित करे। नक्शा पर तरमीम भी शत-प्रतिशत करें।योजना बना कर योजनाबद्ध तरीके से काम करे। उन्होंने स्वामित्व योजना की समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दिए। सायबर तहसील की प्रगति की समीक्षा की गई। संभागायुक्त श्री गुप्ता ने निर्देश दिए कि वरिष्ठ कार्यालय से प्राप्त शिकायतों से संबंधित आवेदनों का निराकरण कर जवाब तत्काल भिजवा दे।
कलेक्टर श्री राघवेन्द्र सिंह ने बैठक में तहसीलवार राजस्व विभाग अंतर्गत संचालित योजनाओं की प्रगति की जानकारी दी।
बैठक में डिप्टी कमिश्नर श्री रणजीत सिंह, डिप्टी कमिश्नर लैण्ड रिकार्ड श्रीमती गरिमा रावत, एडीएम श्री आरपी वर्मा, एसडीएम आगर श्रीमती किरण बरबडे, एसडीएम सुसनेर श्री मिलिन्द ढोके सहित तहसीलदार, नायब तहसीलदार उपस्थित थे।
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स्वतंत्रता दिवस पूरी गरिमा के साथ हर्षोउल्लास से मनाया जाएगा
स्वतंत्रता दिवस समारोह की तैयारियां संबंधी बैठक सम्पन्न
नीमच 30 जुलाई 2024, जिले में स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त 2024 को परम्परागत हर्षोउल्लास, राष्ट्रभक्ति एंव पूरी गरिमा के साथ समारोहपूर्वक मनाया जाएगा। इस मौके पर जिले के सभी शासकीय, अर्द्धशासकीय कार्यालयों और शिक्षण संस्थाओं में राष्ट्रगान के साथ ध्वजारोहण किया जाएगा तथा राष्ट्रीय एंव सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जायेंगे। जिला मुख्यालय नीमच पर स्वतंत्रता दिवस के मुख्य समारोह में प्रातः 9 बजे मुख्य अतिथि ध्वजारोहण कर भव्य परेड की सलामी लेगें, तथा मुख्यमंत्री जी के संदेश का वाचन करेगें।मार्चपास्ट परेड में सी.आर.पी.एफ.,एस.ए.एफ.म.प्र.पुलिस,होमगार्ड,वन,एन.सी.सी.जूनियर एंव सीनियर स्काउट एंव रेडक्रास गाईड दल ,शौर्य दल भी भाग लेगा। मुख्य समारोह शा.बा.उ.मा.वि.क्रमांक-2 नीमच पर होगा।
कलेक्ट्रोरेट सभाकक्ष में मंगलवार को कलेक्टर श्री दिनेश जैन की अध्यक्षता में जिला अधिकारियों की बैठक में स्वतंत्रता दिवस समारोह की तैयारियों को अंतिम रूप दिया गया। कलेक्टर ने लोक निर्माण, शिक्षा, न.पा.,विद्युत मण्डल सहित विभिन्न विभागों के जिला अधिकारियों को 15 अगस्त 2024 पर सभी आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित करने तथा आवश्यक व्यवस्थाओं के संबंध में दायित्व सौंपें। बैठक में एसपी श्री अंकित जायसवाल,एडीएम श्रीमती लक्ष्मी गामड, जिला पंचायत सीईओ श्री गुरूप्रसाद, डिप्टी कलेक्टर,एसडीएम सहित अन्य जिला अधिकारी उपस्थित थे।
बैठक में बताया गया,कि नीमच नगरीय क्षेत्र की सभी शैक्षणिक संस्थाओं, कार्यालयों में प्रात:8.15 बजे में ध्वजारोहण किया जाएगा। तदश्चात विद्यार्थी, शिक्षक, अधिकारी-कर्मचारी प्रभात फेरी के रूप मैं प्रातः8.30 बजे तक मुख्य समारोह स्थल पहुंचकर समारोह में भाग लेंगे।बैठक मेंन.पा.को समारोह स्थल पर आवश्यक बैठक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।स्वतंत्रता दिवस समारोह में सांस्कृतिक कार्यक्रमों, पी.टी.प्रदर्शन चयन हेतु समिति गठित की गई,और समारोह की गरिमानुसार सांस्कृतिक कार्यक्रमों के चयन की जिम्मेदारी सौंपी गई। इस हेतु विद्यालय-स्तर पर शिक्षण संस्थाओं द्वारा पूर्व तैयारी करने के निर्देश दिए गए। पी.टी.परेड एंव सांस्कृतिक कार्यक्रमों के पूर्वाभ्यास 5 अगस्त 2024 से प्रारम्भ होगा तथा पूर्वाभ्यास के पश्चात अंतिम पूर्वाभ्यास 13 अगस्त 2024 को प्रात: 9 बजे किया जाएगा।
स्वतंत्रता दिवस समारोह में उत्कृष्ट कार्यों के लिए पुरस्कार के लिए नाम 10 अगस्त 2024 तक आमंत्रित किए गए है। जिला मुख्यालय सहित सभी स्थानों, शासकीय कार्यालयों और सार्वजनिक भवनों पर 15 अगस्त 2024 को रौशनी की जाएगी।सभी जिला अधिकारी-कर्मचारियों को निर्देशित किया है,कि वे अपने कार्यालयों में ध्वजारोहण के बाद मुख्य समारोह में अनिवार्य रूप से भाग लेगें।बैठक में कलेक्टर ने कहा,कि स्वतंत्रता दिवस पर बच्चों को वितरित की जाने वाली मिठाई की गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने मुख्य समारोह स्थल पर पेयजल,साफ-सफाई व्यवस्था,मय एम्बूलेंस के चिकित्सा दल तैनान करने के निर्देश भी संबंधित विभाग अधिकारियों को दिए।
कलेक्टर ने स्वतंत्रता दिवस समारोह में आमजनों की भागीदारी एवं उपस्थिति बढाने के विशेष प्रयास करने के निर्देश भी सभी सम्बंधितों को दिए।
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जिले के पिकनिक स्थलों और दुर्घटना सम्भावित स्थानों पर जन सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम सुनिश्चित करें- श्री जैन
आपदा प्रबंधन एवं बाढ़ राहत संबंधी बैठक में कलेक्टर ने दिए निर्देश
नीमच 30 जुलाई 2024,वर्षाकाल में बाढ़ एवं अतिवृष्टि से उत्पन्न समस्याओं से निपटने और जन सुरक्षा के लिए किए जाने वाले उपायों के संबंध में कलेक्टर श्री दिनेश जैन की अध्यक्षता में मंगलवार को बैठक आयोजित की गई। बैठक में अतिवर्षा एवं बाढ़ की स्थिति से निपटने की तैयारी के संबंध में शासन से प्राप्त निर्देशों पर बिंदुवार विचार विमर्श कर, बाढ़ प्रभावित होने वाले ग्रामों ओर वहां की जाने व्यवस्थाओं की तैयारियो की समीक्षा की गई। बैठक में एस.पी.श्री अंकित जायसवाल, जिला पंचायत सीईओ श्री गुरूप्रसाद व एडीएम श्रीमती लक्ष्मी गामड़, अतिरिक्त पुलिस अधीकक्षक श्री नवलसिह सिसोदिया व सभी एसडीएम, एसडीओपी व जिला अधिकारी उपस्थित थे।
पुल,रपटों की स्थिति एवं मरम्मतः-बैठक में कलेक्टर ने निर्देश दिए कि जिले की पुरानी क्षतिग्रस्त पुलियाओं को चिन्हित कर, क्षतिग्रस्त पुलिया, रेलिंग की मरम्मत कराये। ऐसे पुल पुलिया जो बाढ़ एवं अतिवृष्टि में डूब जाते हैं, उन पर निगाह रखी जावे। सभी पुलो एवं रपटों पर रेलिंग पिलर आदि ठीक हालत में लगे हो, जहां आवश्यक हो मरम्मत भी कराये। पुल, रपटों पर चेतावनी बोर्ड भी लगाएं।
जलमग्न सड़कों पर से वाहन चालक अपनी जोखिम वाहन ले जाने का प्रयास करते हैं। पुलों पर बाढ़ का पानी बढ़ने पर यातायात को नियंत्रित एवं चिन्हित कर चेतावनी बोर्ड लगाया जाए तथा पुल, पुलिया पर बैरिकेट्स लगाए। अतिवृष्टि होने से पुल पुलिया के ऊपर पानी बहने की स्थिति होने पर लोक निर्माण विभाग के कर्मचारी व होमगार्ड की ड्यूटी लगाएं। पुल पुलिया पर चिन्हित खतरे वाली स्थिति में कोई वाहन पार न हो। उल्लघंन करने पर दोषी वाहन चालकों के विरूद्ध कार्यवाही की जावे। मार्ग में यदि कोई वाहन क्षतिग्रस्त हो जाए, तो उसे निकालने हेतु जहां तक संभव हो क्रेन की तत्काल व्यवस्था की जाए।
बाढ़ प्रभावित गांवों में पेयजल व्यवस्थाः-कलेक्टर ने निर्देश दिए कि गांधी सागर बांध एवं अन्य संभावित डूब प्रभावित गांवों में बंद पड़े हैंडपंपों का निरीक्षण कर एक सप्ताह में अनिवार्य रुप से चालू कराये, और जिन क्षेत्रों में पेयजल स्त्रोत बाढ़ के पानी से घिर जाएं। ऐसे क्षेत्र में पेयजल उपलब्ध कराने हेतु वैकल्पिक स्त्रोंतों को चिन्हांकित कर लिया जावे। बाढ़ एवं वर्षा का पानी भर जाने से बीमारियों का प्रकोप होने की संभावना रहती है। ऐसे क्षेत्रों के कुओं आदि में ब्लीचिंग पाउडर क्लोरीन डलवाने की व्यवस्था की जावे। संपर्क विहीन ग्रामों की पंचायतों में आवश्यक, पर्याप्त खाद्य सामग्री प्राथमिकता से उपलब्ध कराई जाना सुनिश्चित करें। वर्षाकाल में स्कूलों, छात्रावासों में स्वच्छ पेयजल उपलब्धता पर विशेष ध्यान दिया जाए।
मोटरबोट एवं नावों की व्यवस्थाः-कलेक्टर ने निर्देश दिए, कि जल संसाधन विभाग व मत्स्य पालन विभाग के पास उपलब्ध मोटरबोट का परीक्षण कर चालू स्थिति में रखा जावे। आवश्यकता होने पर मत्स्य महासंघ रामपुरा के मोटरबोट एवं नावों को उपयोग में लिया जावे। बाढ़ नियंत्रण हेतु उपलब्ध शासकीय अर्द्धशासकीय एवं निजी स्त्रोंतों से उपलब्ध होने वाली समस्त बाढ़ बचाव सामग्री की सूची तैयार की जावें, किसके आधिपत्य में हैं उनसे संपर्क हेतु नाम पता दूरभाष क्रमांक आदि की जानकारी है। आपस में संवाद कर जानकरी सत्यापन कर लें।
बचाव सामग्री की व्यवस्थाः-बैठक में निर्देश दिए गए, कि बाढ़ से बचाव एवं राहत सामग्री तथा लालटेन, खाली ड्रम, रस्सियां, बांस, बल्ली, टांर्च, ट्यूब, केरोसीन एवं अन्य राहत सामग्री की अग्रिम व्यवस्था प्रत्येक नियंत्रण कक्ष पर की जावे। सभी अनुविभागीय अधिकारी इसकी समीक्षा कर पता लगाएं, कि उपलब्ध सामग्री पर्याप्त है या नहीं आवश्यकता होने पर सामग्री की मांग की जावे ।
पहुंच विहीन ग्रामों में खाद्य सामग्री आदि की व्यवस्था:-वर्षाकाल में अतिवृष्टि एवं बाढ़ से जिले के ऐसे ग्राम जिनका वर्षाकाल में मुख्यालय के पहुंच मार्ग से सड़क संपर्क टूट जाता है, उन्हें चिन्हित कर, ऐसे गांवों में आवश्यक खाद्य सामग्री, मिट्टी का तेल, दवाइयां आदि की पर्याप्त व्यवस्था अविलंब वर्षा प्रारंभ होने से पूर्व की जा रहे माह जून एवं जुलाई का कोटा अग्रिम देने की व्यवस्था की जाए।
वर्षाकाल में संक्रामक रोगों से बचाव एवं रोकथामः-वर्षा से संक्रामक बीमारियां जैसे, हैजा,आंखों की बीमारी आदि अन्य बीमारियों से बचाव के लिए टीकाकरण किया जावें। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सिविल डिस्पेंसरी आयुर्वेदिक औषधि पर हेजे के टीके एवं अन्य संभावित संक्रामक बीमारियों से सुरक्षा के लिए आवश्यक जीवन रक्षक औषधियां पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध कराई जाएं। सभी गांव में डिपो, होल्डर एवं जन स्वास्थ्य रक्षक आदि को भी आवश्यक जीवन रक्षक दवाइयां उपलब्ध कराये।
पशुओं की बीमारियों से बचावः-बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के ग्रामों में पशुओं की बीमारी से रोकथाम के लिए सभी पशु चिकित्सकों को पर्याप्त मात्रा में वैक्सीन की डोज व अन्य आवश्यक दवाइयां पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध कराई जाए। पशुओं का टीकाकरण प्रारंभ किया जाए। बाढ प्रभावित क्षैत्रों में प्रशिक्षण शिविर लगाये तथा आवश्यक होने पर उप संचालक पशु चिकित्सा, एसडीएम के सहयोग से आवश्यक कार्रवाई करें।
शहरों मे नालियों की सफाईः-बैठक में कलेक्टर ने निर्देश दिए, कि बाढ़ की स्थिति में शहरों अथवा आबादी से लगे नदी नाले, घरों की सफाई वर्षा पूर्व 15 जून 2022 तक करवाई जाये। यह सुनिश्चित कर लिया जाए, कि नालियों के चोक होने से आवासीय बस्ती में बाढ़ का पानी घुसने की संभावना नहीं है। ऐसी बस्तियां जो नदी नालों के किनारे तथा निचले क्षेत्रों में अनाधिकृत रूप से बस्ती है, वहां जल स्तर बढ़ने पर बाढ़ आने की संभावना ना रहे, ऐसी बस्तियों को आवश्यकता होने पर अन्यत्र वैकल्पिक स्थान पर बसाने संबंधी स्थान को चिन्हित करने संबंधी कार्यवाही पूर्व से की जाना सुनिश्चित करें।
बांधों व जलाशयों की मरम्मतः- कलेक्टर ने निर्देश दिए कि जिले में स्थित सभी पुराने बांधों तालाबों की पालों का निरीक्षण कर, आवश्यकतानुसार मरम्मत तत्काल करें। नव निर्मित बांध,तालाब पर भी निगरानी रखी जावे।
पुल पर पानी हो, तो वाहन नहीं निकाले:- पुलिस अधीक्षक श्री अंकित जायसवाल ने बैठक में कहा, कि यातायात थाना प्रभारी एवं आर.टी.ओ., सभी वाहन चालकों, मालिको, संगठनों की बैठक कर, उन्हें यह समझाईश दे, कि पुल, पुलियाओं, रपटों पर बाढ़ का पानी बह रहा हो, तो उस पर से वाहन नहीं निकाले। स्कूल वाहन संचालकों और स्कूल बस चालकों को भी इस संबंध में सख्त हिदायत दे।
विद्युत तारों से सुरक्षा के प्रबंध:- कलेक्टर श्री जैन ने अधीक्षण यंत्री म.प्र.प.क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी को निर्देश दिए कि वे वर्षाकाल में यह सुनिश्चित करें, कि बिजली के तार नीचे लटक रहे हो, नीचे हो, तो उन्हें ठीक करवाएं। यदि खम्बे बारिश में झुक गये हो और विद्युत तार नीचे हो, तो उन्हें तत्काल ठीक करवाये। विद्युत से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करें।
वर्षाकाल में कोई जन हानि ना हो:-कलेक्टर श्री दिनेश जैन ने निर्देश दिए हैं कि वर्षाकाल में कहीं भी जन हानि न हो। इसके लिए एसडीएम, एसडीओपी, तहसीलदार, थाना प्रभारी अपने क्षेत्रों में आवश्यक प्रबंध करें। संबंधित अमला सजग एवं सतर्क रहे और आम जनता को आगाह भी करें ताकि कोई दुघर्टना ना हो। अतिवर्षा या बाढ़ की चुनौतियों से निपटने के लिए समन्वय में कोई कमी नहीं रहना चाहिए।
कलेक्टर श्री जैन ने निर्देश दिए कि लोक निर्माण विभाग ऐसे पुल-पुलियों की जानकारी संकलित करें, जहां पूर्व में दुर्घटनाएं हुई हैं, ऐसे रपटों और पुलों पर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करे। पुलों पर पानी का भराव हो तो लोगों को न जाने दें। बांधों से पानी छोड़ें तो प्रभावित होने वाले क्षेत्रों को पहले से अलर्ट करें। तैराक दल भी ऐसे स्थानों पर उपलब्ध रहें। स्थानीय स्तर पर तालमेल रहे। जिलों और तहसीलों की परस्पर जानकारी रहे। अतिवर्षा की स्थिति और बाढ़ की चुनौती से निपटना है। कोई जनहानि न हो, इसके लिए सजग रहें। निरंतर मानीटरिंग होती रहे। कंट्रोल रूम की ड्यूटी वाले अधिकारी- कर्मचारी 24 घंटे सजग और सतर्क रहें। जरूरत के अनुसार स्काउट-गाइड और सेवा भावी संस्थाओं की सेवाएं अतिवर्षा की स्थिति में प्राप्त करें।
पिकनिक स्थलों पर आवश्यक प्रबंध करें:- कलेक्टर एवं एसपी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले में विभिन्न पिकनिक स्थलों पर बारिश में भीड़ बढने लगती है। सुखानंद, झरनेश्वर एवं अन्य स्थानों पर आमजनों, पर्यटकों की सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए जाए। ऐसे पिकनिक स्थान पर चेतावनी बोर्ड लगाए, 24 घण्टे के लिए कर्मचारियों की टीम तैनात करें और माईक लाउड स्पीकर आदि के माध्यम से पर्यटकों, लोगो को सुरक्षा के लिए सतर्क करते रहे। ऐसी व्यवस्था की जाए।
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नीमच जिले की नदियों के एटलस का कलेक्टर एवं एस.पी. ने किया विमोचन
नीमच 30 जुलाई 2024, प्रदेश में नीमच जिला ऐसा पहला जिला है, जिसकी नदियों का एटलस तैयार किया गया है। कलेक्टर श्री दिनेश जैन एवं एसपी श्री अंकित जायसवाल ने कलेक्टोरेट नीमच में जल संसाधन विभाग व्दारा प्रकाशित किए गए नीमच जिले की नदियों के एटलस का विमोचन किया। इस मौके पर जिला पंचायत सीईओ श्री गुरूप्रसाद, एडीएम श्रीमती लक्ष्मी गामड, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री नवलसिह सिसोदिया व जिला अधिकारी उपस्थित थे।
जल संसाधन विभाग व्दारा तैयार करवाए गए जिले की नदियों के इस एटलस में नीमच जिले का मानचित्र, नदियों का विवरण एवं नदियों से संबंधित सम्पूर्ण जानकारी नक्शे के माध्यम से प्रकाशित की गई है। एटलस में नीमच जिले का भोगोलिक मानचित्र एवं नदियों का सम्पूर्ण विवरण समाहित है।
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एक पीडि़त परिवार को चार लाख की आर्थिक सहायता
नीमच 30 जुलाई 2024, एसडीएम जावद श्री राजेश शाह द्वारा राजस्व पुस्तक परिपत्र भाग 6(4) के तहत पानी के टेंक में डूबने से मृत्यु हो जाने पर मृतक के परिवार को चार लाख रूपये की आर्थिक सहायता स्वीकृत की गई है।
सिंगोली तहसील के ग्राम पीपलीखेडा के रोहित पिता शंकरलाल बंजारा निवासी पीपलीखेडा की 25 मार्च 2024 को पानी के टेंक में डूबने से मृत्यु होने पर मृतक के वारिस पिता शंकरलाल को चार लाख रूपये की आर्थिक सहायता स्वीकृत की गई है।
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जिला न्यायालय में लेखन सामग्री क्रय करने के लिए निविदाएं आमंत्रित
नीमच 30 जुलाई 2024, जिला एवं सत्र न्यायाधीश नीमच व्दारा वित्तीय वर्ष 2024-25 हेतु लेखन सामग्री क्रय करने के लिए सीलबंद निविदाएं आमंत्रित की गई है। निविदाएं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश नीमच के नाम से प्रस्तुत की जावेगी।
निविदा की शर्ते एवं सामग्री की सम्पूर्ण जानकारी www.mphtenders.gov.in ई-टेण्डरिंग प्रणाली तथा रजिस्टार जनरल उच्च न्यायालय म.प्र.जबलपुर की बेवसाइट www.mphc.gov.in एवं जिला न्यायालय नीमच की वेबसाइट www.districts.court.gov.in/neemuch पर भी उपलब्ध है। जहां से निविदा प्रारूप एवं शर्ते डाउनलोड की जा सकती है। निविदा आमंत्रण प्रकाशन दिनांक से 21 दिवस तक ही मान्य की जावेगी। इच्छुक व्यापारी, विक्रेता, निर्माता अपनी निविदाएं सीलबंद कर पूर्ण जानकारी सहित प्रधान जिला एवं सत्र न्यायालय नीमच में 20 अगस्त 2024 को सायं 5 बजे तक आवक जावक शाखा में जमा कर सकते है। प्राप्त निविदाएं 21 अगस्त 2024 को दोपहर 2 बजे निविदा समिति एवं निविदाकर्ता, प्रतिनिधि के समक्ष खोली जाएगी।
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कृषि विज्ञान केन्द्र, नीमच में आर्या योजनान्तर्गत
बकरी पालन पर सात दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम सम्पन्न
कृषि विज्ञान केन्द्र, नीमच में दिनॉक 24 से 30 जुलाई 2024 तक आर्या योजनान्तर्गत ग्रामीण युवाओं हेतु बकरी पालन को लाभ का धंधा बनाने के उद्देश्य हेतु सात दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें जिले के नीमच, जावद, मनासा विकासखण्ड के 74 किसानों, ग्रामीण युवकों एवं यवतियों ने अपना पंजीयन कराया एवं प्रशिक्षण का लाभ लिया। कार्यक्रम में केन्द्र के प्रधान वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. सी. पी. पचौरी ने कार्यक्रम का उद्देश्य एवं महत्व की जानकारी देते हुए बकरी पालन, बकरियों की प्रजातियों, बकरियों की आवास व्यवस्था, बकरी स्वास्थ्य प्रबंधन आदि की तकनीकियों के बारे में जानकारी दी। तकनीकी सत्र में केन्द्र के वैज्ञानिक डॉ. पी. एस. नरूका, वैज्ञानिक ने समूह गठन एवं बाजार से लिंक व्यवस्था के बारे में, डॉ. शिल्पी वर्मा, वैज्ञानिक एवं आर्या नोडल ऑफिसर ने वेल्यु एडिसन के अंतर्गत बकरी के दूध, मांस एवं ऊन आदि के लिए मार्केटिंग की जानकारी दी। डॉ. श्यामसिंह सारंगदेवोत ने बकरी की विभिन्न प्रजातियों एवं उनके पालन हेतु उचित वातावरण में रखरखाव पर, डॉ. जे. पी. सिंह द्वारा जैविक खेती अपनाना एवं केंचुआ पालन पर जानकारी दी। पशुपालन विभाग के पशुपालन विशेषज्ञ डॉ. के. के. शर्मा, डॉ. ए. आर. धाकड़ एवं डॉ. एस. के. शर्मा़, डॉ. गर्विता रुणवाल, डॉ गोस्वामी एवं डॉ राठौर पशुचिकित्सक ने बकरी पालन में आवास व्यवस्था, भोजन व्यवस्था, बीमारियों का नियंत्रण, रखरखाव आदि पर विस्तार से बताते हुए पशुपालन विभाग की विभिन्न योजनाओं के साथ एन.एल.एम. योजना के बारे में जानकारी दी। इसके साथ ही लीड बैंक ऑफिसर द्वारा बैंक संबंधी सब्सीडी एवं ऋण योजनाओं की जानकारी दी गई। प्रत्येक व्याख्यान के बाद पाठयक्रम पर आधारित प्रश्नोत्तरी कार्यक्रम भी हुआ। कार्यक्रम के अंतिम दिन प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण पत्र एवं बकरी पालन संबंधी किट/साहित्य केन्द्र की ओर से दिए गए एवं केन्द्र पर स्थापित बकरी पालन यूनिट, डेयरी यूनिट, पोल्ट्री यूनिट, फसल संग्रहालय पर हरा चारा, वर्मी यूनिट का भ्रमण कराया गया। तथा भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद्/कृषि विज्ञान केन्द्र द्वारा तैयार उपरोक्त तकनीकियों से संबंधित बकरी पालन, जैविक खेती, केचुआं पालन संबंधी सीडी/विडियों में दिखाए गए। कार्यक्रम के अंत में कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु सभी विभागीय अधिकारियों, प्रशिक्षणार्थियों का आभार व्यक्त किया गया। केन्द्र के कर्मचारी श्री हरिसिंह, श्री मोहनलाल एवं श्रीमति सुमित्रा का भी इस सात दिवसीय कार्यक्रम में सहयोग रहा।
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स्थानीय निकाय, रहवासी क्षेत्रों में जलभराव की समस्या का तत्काल समाधान करें- श्री जैन
कलेक्टर ने की जनसुनवाई -104 आवेदकों की सुनी समस्याएं
नीमच 30 जुलाई 2024, जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में रहवासी बस्तियों में बारिश के जल भराव की समस्या का समाधान तत्काल किया जावे। जल की निकासी की व्यवस्था करें। यह निर्देश कलेक्टर श्री दिनेश जैन ने सीएमओ नीमच एवं सभी जनपद सीईओ को जनसुनवाई में दिए।
कलेक्टर श्री जैन ने कहा, कि बारिश के पानी की निकासी की ग्राम पंचायते व नगरीय निकाय पुख्ता व्यवस्था करें। जिससे कि रहवासियों को कोई असुविधा ना हो। गणपति नगर वार्ड नम्बर 8 नीमच के रहवासियों ने कलेक्टर को जनसुनवाई में जल भराव की समस्या से निजात दिलवाने संबंधी आवेदन प्रस्तुत किया। इस पर कलेक्टर ने सीएमओ नीमच को उक्त निर्देश दिए।
जनसुनवाई में कलेक्टर श्री दिनेश जैन, जिला पंचायत सीईओ श्री गुरूप्रसाद एवं एडीएम श्रीमती लक्ष्मी गामड़ ने ग्रामीणों की समस्याए सुनते हुए उनका निराकरण करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। जनसुनवाई में 104 आवेदकों ने अपने आवेदन प्रस्तुत कर अपनी समस्याएं सुनाई।
मनासा क्षेत्र के गांव टामोटी की अमरी बाई भील ने स्वयं के उपचार के लिए और मकान बनाने के लिए आर्थिक सहायता दिलाने का अनुरोध किया। रिसाला मस्जिद नीमच निवासी रजिया कुरैशी के विधवा पेंशन स्वीकृत करने संबंधी आवेदन पर कलेक्टर ने उप संचालक सामाजिक न्याय को नियमानुसार आवेदन प्राप्त कर पेंशन स्वीकृत करने के निर्देश दिए। बरूखेडा के मदनलाल नायक ने अपनी कृषि भूमि अवैध रूप से कर कूटरचित दस्तावेज तैयार कर धोकाधडी करने वालों के विरूद्ध कार्यवाही करने का आवेदन प्रस्तुत किया। इस पर कलेक्टर ने शिकायत शाखा को जांच कर कार्यवाही के लिए पुलिस को पत्र लिखने के निर्देश दिए। कनावटी के महावीर राठौर ने शासकीय भूमि पर बिना अनुमति अवैध निर्माण करने, तथा पूर्व सरपंच व्दारा पद का दुरूपयोग कर शासकीय जमीन पर अवैध कब्जा करने संबंधी आवेदन पर कलेक्टर ने नीमच जनपद सीईओ को जांच कर कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
जनसुनवाई में भंवरासा के कृष्णपालसिह सोधिया, रतनगढ के सत्यनारायण, नीमच के मोहम्मद शरीफ, झांतला के पन्नालाल, रामपुरा के गोवर्धन लाल जैन, जावद की आशा, बांगरेड के सुभाषचंद्र, देवीलाल, दिनेश, जगदीश, बमोरी के बाबुलाल, सेमार्डा की कमलाबाई, भमेसर की नर्मदाबाई, दुलाखेडा की मंजुबाई, नीमच केंट के बाबुलाल, श्रीमती रानीदेवी, नीमच के हरिशंकर,डीकने के हरिओम, पिपलियाव्यास की सुमित्राबाई, मनासा के भरत अरोरा, खजूरिया के रामचंद्र, किशन, नीमच की हुसेना बी आदि ने भी अपनी समस्याओं से संबंधी आवेदन प्रस्तुत किए।
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एस.ए.एफ के प्लाटून कमान्डेन्ट श्री जिलानी लाला की सेवानिवृति आज
नीमच 30 जुलाई 2024, म.प्र.सशस्त्र पुलिस बल 24 वी वाहिनी जावरा में उप निरीक्षक (प्लाटून कमान्डेन्ट) पद पर सेवारत श्री जिलानी लाला 43 साल की सफलतम सेवा पूरी कर आज 31 जुलाई 2024 को सेवानिवृत हो रहे है। रतनगढ़ जिला नीमच के निवासी श्री जिलानी लाला ने जुलाई 1981 से आरक्षक के पद पर एस.ए.एफ जावरा से अपनी शासकीय सेवा की शुरूआत की थी, श्री लाला 1991 में हेड कास्टेबल पद पर पदोन्नत हुए और 2013 में ए.एस.आई के पद पर पदोन्नत हुए। वे 2021 से प्लाटून कमान्डेन्ट पद पर पदोन्नत होकर सेवाए दे रहे थे।
श्री जिलानी लाला ने पंजाब ,चण्डीगढ़़ आसाम,गोवा और म.प्र. के अनेक जिलों में एस.ए.एफ में अपनी सेवाए दी है। प्लाटून कमाडेन्ट श्री जिलानी लाला की सेवानिवृति पर इष्टमित्रों, परिवारजनों और साथियों ने शुभकामनाएं दी।
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जिला जल स्वच्छता मिशन की बैठक आज
नीमच 30 जुलाई 2024, कलेक्टर श्री दिनेश जैन की अध्यक्षता में जल जीवन मिशन अन्तर्गत जिला जल एवं स्वच्छता मिशन (डी.डब्लू.एस.एम.) की बैठक आज 31 जुलाई 2024 को दोपहर 3.30 बजे कलेक्टोरेट सभागृह नीमच में आयोजित की गई है। बैठक में जल जीवन मिशन के अन्तर्गत अब तक निष्पादित कार्यो, वर्तमान में प्रगतिरत कार्यो एवं भविष्य में किये जाने वाले कार्यो की विस्तृत समीक्षा की जावेगी। लो.स्वा.या.वि.के कार्यपालन यंत्री श्री एस.सी.जलोनिया ने सति के सदस्यों और अधिकारियों से बैठक में उपस्थित होने का आग्रह किया है ।
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भव रोगों को खत्म करने का माध्यम है जिनवाणी – साध्वी सुचिता श्री.जी.
नीमच 30जुलाई( केबीसी न्यूज़) उपदेश कल्पवल्ली जो इंद्रहंस गणिवर्य महाराज द्वारा रचित पुस्तक जिसमें श्रावक के गुण समाहित हैं। जयणा, जागृति व जिनवाणी। प्रवाहित प्रवचन श्रृंखला में श्रावक के गुण जिनवाणी पर प्रवचन फरमाते साध्वी सौम्यरेखा श्री.जी. मा.सा. की शिष्या साध्वी सुचिता श्री.जी. मा.सा. ने बताया कि हमारे भव रोगों को खत्म करने का सबसे सटीक माध्यम है। जिनवाणी आपने बताया कि कैसे जिनवाणी के प्रभाव मात्र से आत्मा से परमात्मा बनने का रास्ता साफ हो जाता है। साध्वी जी ने कहा कि महावीर प्रभु को हम वितरागी कहते वितद्वेषी क्यों नहीं ? जबकि उन्होंने तो राग व द्वेष दोनों को जीता ? इस पर स्पष्ट करते हुए उन्होंने कहा कि राग से ही द्वेष की उत्पत्ति होती है। जहां राग है वहां द्वेष अपने आप ही आ जाता है और जब राग पर विजय प्राप्त की तो द्वेष अपने आप ही खत्म हो जाता है महावीर प्रभु के जीवन में घटित संगम व चण्डकौशिया नाग के वृत्तांत सुनाकर उन्होंने इस बात को समझाया। साध्वी वर्या ने कहा कि अगर प्रभु के प्रति अहोभाव हो तो व्यक्ति 18 देश का अधिपति भी बन सकता है उन्होंने प्रभु भक्ति की महत्ता को कुमारपाल महाराज जो की 18 देश के अधिपति थे के पूर्व भव में 5 कोड़ी फूलों से की गई पूजा के प्रतिफल का वर्णन दिया। उन्होंने श्रावक- श्रावकाओं से कहा कि परमात्मा के प्रति आस्था और प्रगाढ़ विश्वास इस आत्मा के कल्याण का सरल माध्यम है। इस बात को उन्होंने मानसिंह राठौर महाराजा व कर्जन के पालीताणा में घटित वृतांत के माध्यम से समझाया प्रवचन श्रृंखला में महापुरुषों की गाथा भी मा.सा. फरमाते हैं जिसमें आज आदिनाथ प्रभु जो की ईक्षवाकु वंश के राजा नाभिराया के पुत्र थे और यूगलिक थे का राज्याभिषेक हुआ और उन्होंने प्राणी मात्र को असि, मसि, कृषि सहित षट कर्मो की शिक्षा दी। हकार, मकार और धिक्कार से रूबरू करवाया। 84 लाख पूर्व के आयुष में 20 लाख पूर्व तक युवावस्था में रहे 83 लाख पूर्व तक संसारी व 1 लाख वर्ष तक दीक्षा में रहे जिसमें कर्मों की निरजरा कर मोक्ष गए और प्रथम तीर्थंकर कहलाए। अंत में प्रवचन की प्रश्नोत्तरी हुई और सर्व मंगल के साथ प्रवचन को विराम दिया गया। महावीर जिनालय उपाश्रय में विराजित साध्वी वर्याओं का चातुर्मास गतिमान है और 40 के करीब 24 तीर्थंकर तप आराधक प्रतिदिन क्रिया कर रहे हैं। इस वर्ष ताप में सागर सामुदाय वर्तनी सरल स्वभावी दीघ्र संयमी परम पूज्य शील रेखा श्री जी मा.सा. की सुशिष्या परम पूज्य सौम्य रेखा श्री जी मा.सा. प.पू. सूचिता श्री जी मा.सा., प.पू. सत्वरेखा श्री जी मा.सा. आदि ठाणा-3 का सानिध्य मिल रहा है व धर्म आराधना तप तपस्या प्रवाहित है। श्री संघ अध्यक्ष राकेश आंचलिया व सचिव राजेंद्र बंबोरिया ने बताया कि प्रवचन प्रतिदिन 9ः15 से महावीर जिनालय उपाश्रम में प्रवाहित हो रहे हैं। समस्त समाज जन अधिक से अधिक संख्या में पधारकर धर्म लाभ लेवे।