मंदसौरमंदसौर जिला
आध्यात्मिक चेतना अभियान द्वारा आध्यात्मिक संवाद सम्पन्न
Spiritual dialogue conducted through Spiritual Consciousness Campaign

नैतिक मूल्यों का पतन आज की सबसे बड़ी समस्या है
मन्दसौर। आध्यात्मिक चेतना अभियान द्वारा श्री ऋषि आनन्द आश्रम पर आध्यात्मिक संवाद का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर अपने संबोधन में प्रखर वक्ता श्री प्रकाश रातड़िया ने कहा कि नैतिक मूल्यों का पतन आज की सबसे बड़ी समस्या है। निरंतर हो रही आर्थिक धोखाधड़ी, महिला उत्पीड़न और आत्महत्या की घटनाएं केवल कानून व दण्ड से रूकना संभव नहीं है। नैतिक एवं मानवीय मूल्यों के प्रति आस्था उत्पन्न होने पर भी ऐसी घटनाएं रूक सकती है। आर्थिक ईमानदारी, इन्द्रिय संयम और सदाचरण आवश्यक है। आपने कहा कि अध्यात्म, शिक्षा और सद्भाव से सद्गुणों का प्रसार जरूरी है।
साहित्यकार श्री गोपाल बैरागी ने कहा कि अतृप्त इच्छाएं स्वास्थ्य को खतरा उत्पन्न कर रही है। आंतरिक प्रसन्नता से उत्पन्न मुस्कराहट ही शांति व संतोष का बोध करा सकती है।
हिन्दी साहित्य संस्थान के अध्यक्ष श्री कृष्ण कुमार जोशी ने कहा कि धार्मिक पर्वों एवं अन्य उत्सवों के निहितार्थ का समझने की आवश्यकता है। ये केवल मनोरंजन के माध्यम नहीं है। महापुरुषों के जीवन से प्रेरणा की आवश्यकता है।
श्री अभय जैन, श्री कन्हैयालाल पण्ड्या, श्री जगन्नाथ थारेचा ने भजन प्रस्तुत किये। श्री विक्रम विद्यार्थी, श्री भेरूलाल पटेल, श्री प्रीतमसिंह चंदवानी, डॉ. प्रकाश चंदवानी, श्री प्रभुलाल हिन्दल, श्री अमृतराम सुनार्थी ने संवाद में सहभागिता की। श्री ऋषियानन्द ट्रस्ट के अध्यक्ष डॉ. रविन्द्र जोशी ने स्वागत भाषण दिया।
आध्यात्मिक चेतना अभियान के संयोजक श्री विनोद शर्मा ने गतिविधियों की जानकारी दी। संचालन आध्यात्मिक संवाद के संयोजक श्री रमेश ब्रिजवानी ने व आभार प्रदर्शन समन्वयक श्री प्रकाश कल्याणी ने किया।