नीमचमध्यप्रदेश

समाचार मध्यप्रदेश नीमच 31 जुलाई 2023

*************************************

जीव दया बिना आत्मा का कल्याण नहीं हो सकता है -श्री विजयमुनिजी म. सा.,
नीमच-30जुलाई2023(केबीसी न्युज ) धरती पर रहने वाले सभी जीवो को जीवन जीने का अधिकार है। महावीर स्वामी ने जियो और जीने दो का अधिकार सभी को बताया है। सभी जीवो की रक्षा करना हमारा कर्तव्य है। सभी प्राणियों के प्राणों की रक्षा के लिए महावीर स्वामी ने अनेक उपसर्ग और कष्टों को सहन किया इसीलिए वे महावीर कहलाए। जीव दया बिना आत्मा का कल्याण नहीं होता है।यह बात जैन दिवाकरीय श्रमण संघीय, पूज्य प्रवर्तक, आगम मनस्वी साहित्य भूषण कविरत्न श्री विजयमुनिजी म. सा. ने कही। वे श्री वर्धमान जैन स्थानकवासी श्रावक संघ के तत्वावधान में गांधी वाटिका के सामने जैन दिवाकर भवन में आयोजित चातुर्मास धर्म सभा में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि दिवाकर संप्रदाय के महान जैन संत चौथमल जी महाराज साहब ने वर्षों पूर्व बड़ी सादड़ी के समीप भीमगढ़ क्षेत्र में अपनी जिनवाणी के माध्यम से क्षत्रिय भीम सिंह को जीव दया की प्रेरणा दी और हिंसा से शिकार करने को पाप बताया था तब भीम सिंह ने उदयपुर महाराणा फतेह सिंह को भी शिकार करने के लिए मना कर दिया था और जीव दया की प्रेरणा का संदेश दिया था।तब उदयपुर दरबार फतेह सिंह जी ने भीम सिंह को सम्मानित कर जीव दया का संकल्प लिया था। जब बिना इच्छा के जिनवाणी के अमृत वचन सुनने से भी जीवन का कल्याण हो सकता है तो जो लोग इच्छा से जिनवाणी सुन रहे हैं उनका कल्याण होना तय होता है।जिनवाणी सुनने के बाद जीवन में क्रांतिकारी परिवर्तन आना चाहिए नहीं तो जिनवाणी श्रवण करना व्यर्थ हो जाता है।संतों की वाणी श्रवण करने से पाप कर्मों का नाश होता है।इसीलिए संसार में रहते हुए साधु संत और गुरु का संदेश का महत्व आदर्श प्रेरणादाई होता है। धर्म सभा में चंद्रेश मुनि महाराज साहब ने कहा कि परमात्मा का सानिध्य प्राप्त कर मनुष्य व्यसन मुक्त हो जाता है। चोर चोरी की वृत्ति को छोड़ देता है।जैन तीर्थंकर की वाणी श्रवण कर पापी भी अपने पाप से मुक्त होकर जीवन में क्रांतिकारी परिवर्तन कर सकता है। साधारण मनुष्य संस्कारों से अपने जीवन में जीव दया का पालन कर सकता है और अपनी आत्मा का कल्याण कर सकता है। साधु संतों की चरित्र आत्मा मनुष्य की आत्मा को पुण्य परमार्थ का मार्ग दिखाती है जिससे उनके जीवन का कल्याण हो सकता है जीवन जीने के लिए महापुरुषों का सानिध्य अमृत औषधि का कार्य करती है ।यह औषधि मनुष्य की रोगी आत्मा को निरोगी बना देती है। साध्वी डॉ विजय सुमन श्री जी महाराज साहब ने कहा कि गुरु बड़े उपकारी होते हैं उनके मार्गदर्शन से जीवन का कल्याण हो सकता है।
चतुर्विद संघ की उपस्थिति में चतुर्मास काल तपस्या साधना निरंतर प्रवाहित हो रही है। धर्म सभा में उपप्रवर्तक श्री चन्द्रेशमुनिजी म. सा.एवं साध्वी विजय श्री जी म. सा. का सानिध्य मिला।इस अवसर पर श्री अभिजीतमुनिजी म. सा., श्री अरिहंतमुनिजी म. सा., ठाणा 4 व अरिहंत आराधिका तपस्विनी श्री विजया श्रीजी म. सा. आदि ठाणा का सानिध्य मिला। चातुर्मासिक मंगल धर्मसभा में सैकड़ों समाज जनों ने बड़ी संख्या में उत्साह के साथ भाग लिया। इस अवसर पर श्री संघ अध्यक्ष अजीत कुमार बम्म, चातुर्मास समिति संयोजक बलवंत सिंह मेहता, सागरमल सहलोत, मनोहर शम्भु बम्म, सुनील लाला बम्ब, निर्मल पितलिया, सुरेंद्र बम्म, वर्धमान स्थानकवासी नवयुवक मंडल अध्यक्ष संजय डांगी दिवाकर महिला मंडल अध्यक्ष रानी राणा ,साधना बहू मंडल अध्यक्ष चंदनबाला परमार आदि गणमान्य लोग उपस्थित थे। इंदौर रतलाम, जावद जीरन, चित्तौड़गढ़, छोटी सादड़ी निंबाहेड़ा जावरा नारायणगढ़, उदयपुर आदि क्षेत्र से समाज जन सहभागी बने और संत दर्शन कर आशीर्वाद ग्रहण किया। धर्म सभा का संचालन प्रवक्ता भंवरलाल देशलहरा ने किया।
———————————————————————-
सुखो की सेवा के बदले सुख, दुखों के दर्द के बदले दुख मिलता है।-आचार्य प्रसन्नचंद्र सागरजी ,
चातुर्मासिक मंगल धर्म सभा प्रवाहित,
नीमच 30 जुलाई 2023 (केबीसी न्युज) संसार में रहते हुए व्यक्ति अपने स्वार्थ के लिए कभी-कभी दूसरों को दुख देता है। लेकिन उसे यह पता नहीं होता है कि यही दुख वापस उसे दुखों के रूप में मिलेंगे। यदि मनुष्य संसार में रहते हुए दूसरों को परमार्थ और पुण्य के माध्यम से सुख प्रदान करेगा तो उसे भी वापस सुख ही मिलेगा। इसलिए सदैव दूसरों की भलाई करना चाहिए। किसी को कष्ट नहीं देना चाहिए तभी हमारे जीवन का कल्याण हो सकता है।आज तक कभी किसी डॉक्टर ने दिवाला निकाला है नहीं क्योंकि मनुष्य को यह रोग उसके गलत कर्मों का ही परिणाम के रूप में मिलते हैं।यह बातश्री जैन श्वेतांबर भीड़भंजन पार्श्वनाथ मंदिर ट्रस्ट श्री संघ नीमच के तत्वावधान में बंधू बेलडी पूज्य आचार्य श्री जिनचंद्र सागरजी मसा के शिष्य रत्न नूतन आचार्य श्री प्रसन्नचंद्र सागरजी मसा ने कही। वे चातुर्मास के उपलक्ष्य में मिडिल स्कूल मैदान के समीप जैन भवन में आयोजित धर्मसभा में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि मृत्यु जीवन का शाश्वत सत्य है। व्यक्ति चाहे अमीर हो या गरीब राजा हो या महाराजा सभी को 1 दिन इस संसार से मृत्यु के रूप में अंतिम यात्रा पर जाना होता है। इसलिए सदैव पुण्य परमार्थ के अच्छे कर्म करना चाहिए।जीवन में कभी भी अहंकार नहीं करना चाहिए क्योंकि संसार में हमारा कोई मूल्य नहीं है ।राग द्वेष लेने की वृत्ति या किसी का बिगाड़ने की वृत्ति सब छोड़ना होगा। स्वादिष्ट आहार के स्वाद को छोड़ना होगा तभी मन पवित्र होगा। गर्मी लगे तो पंखा नहीं चलाने का संकल्प लेना चाहिए। तभी तपस्या से ही आत्मा पवित्र होगी। बिजली उत्पादन में अनेक जीवो की हत्या होती है इसलिए बिजली का उपयोग कम से कम करना चाहिए तभी हमारी आत्मा के कल्याण का मार्ग प्रशस्त हो सकता है। प्रवचन धर्म सभा में उदयपुर श्री संघ के डॉक्टर शैलेंद्र हिरण ,बही पार्श्वनाथ के प्रकाश गांधी ने चातुर्मास के लिए विनंती की इस अवसर पर उनका श्री संघ पदाधिकारियों द्वारा शाल श्रीफल से सम्मान किया गया।
श्री संघ अध्यक्ष अनिल नागौरी ने बताया कि धर्मसभा में तपस्वी मुनिराज श्री पावनचंद्र सागरजी मसा एवं पूज्य साध्वीजी श्री चंद्रकला श्रीजी मसा की शिष्या श्री भद्रपूर्णा श्रीजी मसा आदि ठाणा 4 का भी चातुर्मासिक सानिध्य मिला।पूज्य आचार्य भगवंत का आचार्य पदवी के बाद प्रथम चातुर्मास नीमच में हो रहा है। उपवास, एकासना, बियासना, आयम्बिल, तेला, आदि तपस्या के ठाठ लग रहे है। धर्मसभा में जावद ,जीरन, मनासा, नयागांव, जमुनिया,जावी, आदि क्षेत्रों से श्रद्धालु भक्त सहभागी बने।धर्मसभा का संचालन सचिव मनीष कोठारी ने किया।
———————————————————————-
जहां नारी का सम्मान होता है वहां देवता का वास होता है- स्वामी सत्यानंद सरस्वती महाराज,
चातुर्मास धर्म सभा प्रवाहित,
नीमच 30जुलाई 2023 (केबीसी न्यूज़) महाभारत का युद्ध नारी के कारण हुआ था। राम रावण युद्ध का कारण भी नारी सीता ही थी।संसार में रहते हुए मनुष्य कभी-कभी नारी का अपमान करता है जो कि अनुचित है जबकि नारी का सम्मान करना चाहिए।जहां नारी का सम्मान होता है । जहां नारी की पूजा होती है वहां देवता का वास होता है। नारी का सम्मान करेंगे तभी हमारे जीवन में सम्मान हो सकता है।यह बात स्वामी सत्यानंद सरस्वती महाराज ने कही। वे ग्वालटोली श्री राधा कृष्ण मंदिर में चंद्रवंशी ग्वाला समाज के मार्गदर्शन में कथा श्रीमद् भागवत सेवा समिति के तत्वावधान में आयोजित चातुर्मास धर्म सभा में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि जीवन में कभी भी किसी को दुखी नहीं करना चाहिए। संत महात्मा और भगवान भाव के भूखे होते हैं उन्हें संसार की किसी संपत्ति यह अन्य किसी वस्तु से कोई मोह नहीं होता है। अतिथि के प्रति श्रद्धा नीमच में देखी है जो गौरव का विषय है ।शास्त्रों में भी कहा गया है कि अतिथि देवता के समान होता है। दृढ़ संकल्प हो तो कोई भी कार्य कठिन नहीं होता है। एकलव्य ने गुरु द्रोणाचार्य के मना करने के बाद भी मिट्टी की मूर्ति बनाकर तीर कमान चलाना सीख लिया और अपना अंगूठा काट कर दक्षिणा के रूप में दे दिया और संसार को एक आदर्श प्रेरणा प्रस्तुत की।पाप का फल सदैव अशांति के रूप में मिलता है इसलिए सदैव पुण्य कर्म करना चाहिए।दिव्य सत्संग चातुर्मास धर्म सभा महाआरती में पूर्व कृषि उपज मंडी अध्यक्ष उमराव सिंह गुर्जर, ग्वाला समाज के धन्नालाल पटेल,श्यामलाल चौधरी,सत्संग समारोह के मुख्य संकल्प कर्ता पप्पू हलवाई,श्री मदभागवत उत्सव समिति के गोपाल हलवाई,अशोक सुराह,सुनील मंगवानी,अभय जैन,विनोद ग्वाला,गुड्डा हलवाई सहित अनेक गणमान्य,धर्म प्रेमी जन उपस्थित थे। सभा का संचालन समिति सदस्य हरगोविंद दीवान ने किया।महा आरती के बाद प्रसाद वितरण किया गया।
पुरुष के नाम के आगे कभी देवता लगाते हैं नहीं और सभी हंस गए….
चातुर्मास राम कथा के मध्य जब स्वामी सत्यानंद सरस्वती महाराज ने कहा कि नारी का चरित्र महान होता है। संसार में नारी के नाम के आगे ही देवी की उपमा लगती है लेकिन क्या कभी पुरुष के नाम के आगे देवता लगा है नहीं। और धर्म सभा में उपस्थित सभी श्रद्धालु भक्त हंस गए…..,
———————————————————————-
स्व सहायता समूह की महिलाओं की आज हड़ताल,
12 सूत्री मांग पत्र रसोई पर चिपका कर किया जाएगा प्रदर्शन,
नीमच 30 जुलाई 2023 (केबीसी न्यूज़) प्रांतीय महिला स्व सहायता समूह महासंघ मध्य प्रदेश मध्यान भोजन सांझा चुल्हा रसोईया संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती संगीता ओमप्रकाश सिंह बघेल के मार्गदर्शन व प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर आज 1 अगस्त 20 23को संपूर्ण नीमच जिले में मध्यान्ह भोजन एवं आंगनवाड़ीयो में सुबह का नाश्ता एवं भोजन प्रदाय करने वाले स्व सहायता समूह एवं रसोईया बहनों की चूल्हा बंद हड़ताल रहेगी। प्रांतीय महिला स्व सहायता समूह महासंघ जिला नीमच की अध्यक्ष श्रीमती माया मनोहर बैरागी , एवं पिंकी संजय शर्मा ने संयुक्त रूप से बताया कि स्व सहायता समूह की महिला अपने अपने रसोई घर के बाहर सुबह 10 बजे 12 सूत्री मांगों का मांग पत्र चिपका कर प्रदर्शन करेगी और उसका फोटो अपने अपने व्हाट्सएप ग्रुप में प्रसारित करेगी।ताकि शासन प्रशासन तक यह सूचना पहुंच सके कि स्व सहायता समूह की मांगों का शीघ्र निराकरण किया जाए।उन्होंने बताया कि समूह संगठन की आवश्यक मांगों के संबंध में कई बार पीएम पोषण शक्ति निर्माण योजना मध्य प्रदेश शासन के आयुक्त भोपाल को तथा प्रदेश शासन के यशस्वी मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान साहब के नाम ज्ञापन देकर समय-समय पर आवश्यक मांगों के संबंध में अवगत करवा दिया गया है किंतु शासन द्वारा अभी तक इनकी मांगों के ऊपर कोई विचार नहीं किया गया और मात्र घ्66 प्रति कार्य दिवस पर रसोईया विद्यालय में भोजन बनाने का कार्य कर रहा है जो कि महिला उनका आर्थिक शोषण है महिला रसोईया की मांग है कि उन्हें कम से कम घ्6000 मासिक मानदेय दिया जाए एवं महंगाई को देखते हुए भोजन पकाने की लागत राशि बढ़ाई जाए। यदि निर्धारित समय पर स्व सहायता समूह मजदूरों की मांगे नहीं मानी गई तो स्वयं सहायता समूह अनिश्चित हड़ताल पर जाने को मजबूर होंगे।
प्रेषक:–माया मनोहर बैरागी, 99817 69.145,–पिंकी संजय शर्मा, 99813 84771-
————————————————————————
विनोद मालवीय का निधन,
नीमच 30 जुलाई 2023 (केबीसी न्यूज़) स्वर्गीय श्री बद्रीलाल जी मालवीय (सेवानिवृत्त नारकोटिक्स विभाग नीमच) के पुत्र गिरधारी लाल के भतीजे, ओम प्रकाश मालवीय के छोटे भाई, विजय मालवीय के बड़े भाई हर्ष सिद्धार्थ के बड़े पिता जी एवं राजनंदनी, विनीता नव्या के पिता जी श्री विनोद मालवीय का 49 वर्ष की आयु में 30 जुलाई 2023 को दोपहर 2ः30 बजे निधन हो गया है द्यउनकी अंतिम यात्रा उनके निवास स्थान महू रोड स्थित 11,सनसिटी से रविवार शाम 6 बजे रोडवेज बस स्टैंड के सामने नीमच सिटी रोड स्थित मुक्तिधाम के लिए निकाली जाएगी।

============================

कलेक्टर श्री दिनेश जैन आज करेंगे ई-जनसुनवाई
ग्रामीणों की समस्याओं से रूबरू होंगे

नीमच 30 जुलाई 2023, कलेक्टर श्री दिनेश जैन आज 30 जुलाई सोमवार को प्रातः 10 बजे
कलेक्टोरेट सभाकक्ष नीमच में ई-जनसुनवाई करेंगे। कलेक्टर श्री जैन ई-जनसुनवाई में नीमच
जनपद क्षेत्र की ग्राम पंचायत लुहारियाजाट, सुठोली, देहपुर, लुहारिया चुण्‍डावत एवं दौलतपुरा से
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए संवाद कर, ग्रामीणों की समस्याएं सुनकर उनका निराकरण करेंगे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
site-below-footer-wrap[data-section="section-below-footer-builder"] { margin-bottom: 40px;}