शामगढ़मंदसौर जिला
भारत स्काउट गाइड दल के हाइक (शैक्षणिक भ्रमण) टूर को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

शामगढ़ । रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के उपलक्ष में शैक्षणिक भ्रमण एवं स्वच्छता अभियान हेतु धर्मराजेश्वर जा रहे स्काउट गाइड ढाबला गुजर एवं खजूरी पंथ के छात्रों की भजन मंडली ने शामगढ़ शिव हनुमान मंदिर के समक्ष भजन गाकर आनंद लिया । भजन के समय नगर पालिका अध्यक्षा श्रीमती कविता यादव एवं नगर परिषद की कर्मचारी उपस्थित रहे और छात्रों के भजन से खुश होकर हाइक (शैक्षणिक भ्रमण) एवं स्वच्छता अभियान बस को हरी झंडी दिखाकर रवाना कर आशीर्वाद एवं शुभ कुशल यात्रा की दी शुभकामनाएं ।
हरी झंडी देने से पूर्व सभी का स्काउट गाइड छात्रों ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मान किया । हाइक का मुख्य आयोजन धर्मराजेश्वर में बने प्राकृतिक गार्डन में, वर्दी का निरीक्षण, उपस्थित फ्लेग सेरेमनी,ईश प्रार्थना व ध्वज गीत से किया जिसमें वरिष्ठ स्काउटर जी.एल.भावसार द्वारा ध्वज शिष्टाचार,बिना कम से कम बर्तन के खाना बनाना,प्राथमिक सहायता, बीपी सिक्स,तथा औषधि पौधों के विषय में जानकारी दी गई । छात्रों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया ।
शैक्षणिक हाइक कार्यक्रम के मुख्य अतिथि धर्मराजेश्वर विकास प्राधिकरण समिति के सदस्य दशरथ तिवारी अध्यापक ने छात्रों को धर्मराजेश्वर पर्यटक स्थल के संबंध में विस्तार से जानकारी दी आपने बताया कि महाभारत काल के दौरान पांडवों ने अपने अज्ञातवास के समय इस मंदिर की नींव रखी तथा इसका निर्माण किया था । शिलाओं को काटकर यह मंदिर बनाया गया भले ही यह मंदिर जमीन के अंदर बना हो,लेकिन इसकी पहली किरण मंदिर के गर्भगृह तक जाती है । मंदिर को इस तरह तराशा गया है कि इसमें एक भी जोड़ नहीं है,पांच छोटे-छोटे मंदिर तथा 256 गुफाएं जिसमें बौद्ध की विभिन्न मुद्राओं की मूर्तियां अंकित है । एक चट्टान से बना हुआ मंदिर स्थल है। यह परिसर जिसमें अच्छी तरह से संरक्षित बौद्ध गुफाएं और एक हिंदू मंदिर शामिल है, कुछ हद तक महाराष्ट्र के एलोरा के रॉक-कट सांस्कृतिक स्मारकों के समान है। आगे आपने भीम गुफा,मीना बाजार तथा यहां के आसपास के क्षेत्र एवं पर्यावरण के संबंध में भी जानकारी दी ।
समीप विद्यालय स्टाफ के प्रेमचंद गुप्ता,गुमानसिंह राठौर विशेष अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए आपने भी छात्रों को प्रकृति,जीवन और जगत से जुड़ी हुई महत्वपूर्ण बातें बताकर प्रेरित व उत्साहित किया । विकासखंड की गाइडर ज्योतिबाला जैन, हेमलता जांगड़े अध्यापक आंगनवाड़ी शिक्षिका संगीता यादव आदि का विशेष योगदान रहा ।
हाइक का संचालन गाइड दल की ओर से एवं सुहानी पिता ओमप्रकाश स्काउट दल की ओर से ट्रूप लीडर धीरज पिता निर्मल रवि नायक द्वारा किया। उक्त जानकारी जिला स्काउट गाइड प्रवक्ता मोहम्मद उमर शेख ने दी।
शैक्षणिक हाइक कार्यक्रम के मुख्य अतिथि धर्मराजेश्वर विकास प्राधिकरण समिति के सदस्य दशरथ तिवारी अध्यापक ने छात्रों को धर्मराजेश्वर पर्यटक स्थल के संबंध में विस्तार से जानकारी दी आपने बताया कि महाभारत काल के दौरान पांडवों ने अपने अज्ञातवास के समय इस मंदिर की नींव रखी तथा इसका निर्माण किया था । शिलाओं को काटकर यह मंदिर बनाया गया भले ही यह मंदिर जमीन के अंदर बना हो,लेकिन इसकी पहली किरण मंदिर के गर्भगृह तक जाती है । मंदिर को इस तरह तराशा गया है कि इसमें एक भी जोड़ नहीं है,पांच छोटे-छोटे मंदिर तथा 256 गुफाएं जिसमें बौद्ध की विभिन्न मुद्राओं की मूर्तियां अंकित है । एक चट्टान से बना हुआ मंदिर स्थल है। यह परिसर जिसमें अच्छी तरह से संरक्षित बौद्ध गुफाएं और एक हिंदू मंदिर शामिल है, कुछ हद तक महाराष्ट्र के एलोरा के रॉक-कट सांस्कृतिक स्मारकों के समान है। आगे आपने भीम गुफा,मीना बाजार तथा यहां के आसपास के क्षेत्र एवं पर्यावरण के संबंध में भी जानकारी दी ।
समीप विद्यालय स्टाफ के प्रेमचंद गुप्ता,गुमानसिंह राठौर विशेष अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए आपने भी छात्रों को प्रकृति,जीवन और जगत से जुड़ी हुई महत्वपूर्ण बातें बताकर प्रेरित व उत्साहित किया । विकासखंड की गाइडर ज्योतिबाला जैन, हेमलता जांगड़े अध्यापक आंगनवाड़ी शिक्षिका संगीता यादव आदि का विशेष योगदान रहा ।
हाइक का संचालन गाइड दल की ओर से एवं सुहानी पिता ओमप्रकाश स्काउट दल की ओर से ट्रूप लीडर धीरज पिता निर्मल रवि नायक द्वारा किया। उक्त जानकारी जिला स्काउट गाइड प्रवक्ता मोहम्मद उमर शेख ने दी।